कोटा के बांके बिहारी मंदिर में निर्जला एकादशी पर ठंडाई वितरण
निर्जला एकादशी पर कोटा-बूंदी दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ के अध्यक्ष चैन सिंह राठौड़ ने श्रद्धालुओं को ठंडाई वितरित की और उत्तम वर्षा की कामना की।

कोटा के बांके बिहारी मंदिर परिसर में निर्जला एकादशी के अवसर पर चैन सिंह राठौड़ श्रद्धालुओं को ठंडाई वितरित कर रहे हैं।
कोटा में निर्जला एकादशी का पावन पर्व श्रद्धा और भक्ति के अनूठे संगम के रूप में मनाया गया, जहाँ रंगबाड़ी स्थित बांके बिहारी मंदिर में भक्तों का तांता लगा रहा। इस आध्यात्मिक अवसर पर कोटा-बूंदी दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ के अध्यक्ष चैन सिंह राठौड़ ने मंदिर पहुंचकर भगवान श्रीकृष्ण की विशेष पूजा-अर्चना की और प्रदेश की सुख-समृद्धि के लिए मंगल कामना की।
मंदिर परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान धार्मिक अनुष्ठानों का क्रम निरंतर चलता रहा। चैन सिंह राठौड़ ने अपने दर्शन के उपरांत प्रदेशवासियों के कल्याण, शांति और खुशहाली के लिए प्रार्थना की। उन्होंने विशेष रूप से आगामी वर्षा ऋतु को लेकर शुभ कामना व्यक्त करते हुए कहा कि समय पर होने वाली पर्याप्त वर्षा न केवल किसानों और पशुपालकों के लिए वरदान सिद्ध होगी, बल्कि इससे राज्य की आर्थिक स्थिति को भी संबल प्राप्त होगा। उन्होंने क्षेत्र के चहुंमुखी विकास और जन-जीवन की खुशहाली को प्राथमिकता देते हुए ईश्वर से प्रार्थना की।
इस अवसर पर मंदिर समिति की ओर से श्रद्धालुओं के लिए विशेष प्रबंध किए गए थे। कड़ी धूप और निर्जला एकादशी के व्रत के कठिन तप के बीच श्रद्धालुओं को राहत प्रदान करने के लिए मंदिर परिसर में ठंडाई वितरण का आयोजन किया गया। बड़ी संख्या में उपस्थित श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण कर धर्म लाभ उठाया। इस पावन अवसर पर मंदिर समिति के राजेंद्र खंडेलवाल, गिरधार बडेरा सहित शहर के अनेक गणमान्य नागरिक और भक्तजन पूरी श्रद्धा के साथ उपस्थित रहे।
निर्जला एकादशी का यह आयोजन न केवल धार्मिक परंपराओं के निर्वहन का प्रतीक बना, बल्कि सामाजिक समरसता और लोक कल्याण की भावना का भी सशक्त उदाहरण प्रस्तुत कर गया।

Pratahkal Hub
प्रातःकाल हब, दै.प्रातःकाल की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा प्रातःकाल हब राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।"
