अंतरराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन: कोटा में संगठन मजबूती और सामाजिक सुधारों पर बनी सहमति
कोटा में आयोजित बैठक में वैश्य समाज ने शादियों में फिजूलखर्ची रोकने, राजनीतिक भागीदारी बढ़ाने और युवाओं को प्रशासनिक सेवाओं के लिए प्रेरित करने का निर्णय लिया।

कोटा, 19 मार्च 2026। अंतरराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन के तत्वाधान में राजस्थान प्रदेश वैश्य महासम्मेलन की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें कोटा जिले के पदाधिकारियों सहित राजस्थान के 40 जिलों के प्रतिनिधियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस सम्मेलन का मुख्य ध्येय वैश्य समाज की एकता को सुदृढ़ करना, संगठन को विस्तार देना और देश के सामाजिक व आर्थिक विकास में समाज की भागीदारी को और अधिक प्रभावी बनाना रहा।
कोटा जिला अध्यक्ष अशोक माहेश्वरी और मंत्री संदीप चांदीवाला ने कार्यक्रम की जानकारी साझा करते हुए बताया कि इस उच्च स्तरीय बैठक में संभागीय अध्यक्ष गोवर्धन खंडेलवाल, कार्यवाहक अध्यक्ष श्याम लाल गुप्ता, किशन मूंदड़ा, संभागीय महिला विंग की अध्यक्ष कुंती मूंदड़ा, गिरधर बडेरा, अजय गुप्ता, डॉ. तजेश गोयल और अमित गुप्ता जैसे प्रमुख दिग्गजों ने शिरकत की। इनके साथ ही कोटा जिला महिला अध्यक्ष ममता गुप्ता, राजेंद्र कुमार जैन, युवा अध्यक्ष मनोज जैन टोंग्या और सुनील गर्ग ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
सम्मेलन के दौरान वक्ताओं ने रेखांकित किया कि वैश्य समाज सदैव देश की आर्थिक सुदृढ़ता और सामाजिक सेवा के कार्यों में अग्रणी रहा है। समाज की भावी दिशा निर्धारित करने हेतु सम्मेलन में कई क्रांतिकारी और सर्वसम्मत निर्णय लिए गए। वैश्य एकता को जमीनी स्तर पर मजबूत करने के लिए समाज के विभिन्न घटकों के बीच अधिक से अधिक वैवाहिक संबंध स्थापित करने पर बल दिया गया। साथ ही, सामाजिक कुरीतियों और फिजूलखर्ची पर अंकुश लगाने के लिए निर्णय लिया गया कि शादी समारोहों में व्यंजनों की संख्या 25 से अधिक न रखी जाए और कन्यादान के अतिरिक्त किसी भी प्रकार के लिफाफे के लेन-देन को पूर्णतः बंद किया जाए। समाज ने कन्या भ्रूण हत्या जैसी बुराई को जड़ से मिटाने का भी संकल्प लिया।
राजनीतिक परिदृश्य पर चर्चा करते हुए जिला अध्यक्ष अशोक माहेश्वरी ने स्पष्ट किया कि देश की सेवा में 'भामाशाह' की भूमिका निभाने वाले वैश्य समाज को अब राजनीति में भी उचित प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए। उन्होंने मांग की कि राजनीतिक दल वैश्य समाज की शक्ति को पहचानें और उन्हें नीति निर्धारण के स्तर पर भागीदारी दें। माहेश्वरी ने युवाओं के भविष्य को संवारने हेतु आईएएस, आईपीएस और आरएएस जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए संगठन के माध्यम से सहयोग और प्रोत्साहन देने की बात कही। उन्होंने आगामी कार्ययोजना साझा करते हुए बताया कि हाड़ौती संभाग में 10,000 नए सदस्य बनाने का अभियान छेड़ा जाएगा और संगठन की अगली बड़ी बैठक हाड़ौती में आयोजित करने के प्रयास किए जाएंगे ताकि स्थानीय स्तर पर संगठन को हिमालयी मजबूती प्रदान की जा सके।

Bhagvati Medatwal, Kota
नाम: भगवती मेड़तवाल
वर्तमान पद: रिपोर्टर / प्रातःकाल प्रतिनिधि (कोटा)
कार्यक्षेत्र: कोटा (राजस्थान) एवं आमेट तहसील क्षेत्र
बीट (मुख्य विषय): स्थानीय समाचार, राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिज़नेस एवं सभी विषय
परिचय
भगवती मेड़तवाल 'प्रातःकाल' समाचार पत्र में कोटा प्रतिनिधि और रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह कोटा जिले के साथ-साथ आमेट तहसील क्षेत्र से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को कवर करती हैं। स्थानीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और राजनीतिक घटनाक्रमों के अलावा आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।
