खानपुर। श्री आदिनाथ दिगम्बर जैन अतिशय क्षेत्र चांदखेड़ी खानपुर के अध्यक्ष हुकम जैन काका ने कहा कि क्षमावाणी पर्व आत्मशुद्धि और आपसी प्रेम का पर्व है। वर्षभर में जाने-अनजाने किसी के प्रति मन, वचन अथवा कर्म से हुई भूल के लिए क्षमा मांगना और दूसरों को हृदय से क्षमा करना जैन धर्म की महान परंपरा है।

हुकम जैन काका ने कहा कि क्षमा केवल शब्दों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि इसे अपने व्यवहार और जीवन में उतारना चाहिए। जब मनुष्य अपने अहंकार को छोड़कर विनम्रता के साथ क्षमा मांगता है और दूसरों की गलतियों को माफ करता है, तभी समाज में प्रेम, सद्भाव और भाईचारा मजबूत होता है।

उन्होंने कहा कि क्षमावाणी आत्मावलोकन का अवसर भी देती है। यह पर्व व्यक्ति को अपनी कमियों को पहचानने और उन्हें दूर करने की प्रेरणा देता है। मन, वचन और कर्म से हुई भूलों के लिए क्षमा मांगने तथा दूसरों को हृदय से क्षमा करने की भावना से मन निर्मल होता है और आपसी संबंधों में प्रेम व सद्भाव मजबूत होता है।

Bhagvati Medatwal, Kota

Bhagvati Medatwal, Kota

नाम: भगवती मेड़तवाल

वर्तमान पद: रिपोर्टर / प्रातःकाल प्रतिनिधि (कोटा)

कार्यक्षेत्र: कोटा (राजस्थान) एवं आमेट तहसील क्षेत्र

बीट (मुख्य विषय): स्थानीय समाचार, राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिज़नेस एवं सभी विषय

परिचय 

भगवती मेड़तवाल 'प्रातःकाल' समाचार पत्र में कोटा प्रतिनिधि और रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह कोटा जिले के साथ-साथ आमेट तहसील क्षेत्र से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को कवर करती हैं। स्थानीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और राजनीतिक घटनाक्रमों के अलावा आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।

शैक्षणिक योग्यता (Education)

उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।

Next Story