कागल में नवरात्रि पर सजेगा ‘शक्ति’ गरबा-दांडिया उत्सव, विजेताओं को मिलेंगे 25 हजार रुपये तक के पुरस्कार
राजे विक्रमसिंह घाटगे फाउंडेशन द्वारा श्रीराम मंदिर में धार्मिक पूजा-पाठ और महिलाओं के लिए विशेष गरबा प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है।

कागल स्थित श्रीराम मंदिर में शारदीय नवरात्रि के पांचवें दिन मां अंबाबाई की गरुड़ासन रूप में विशेष पूजा एवं अलौकिक श्रृंगार किया गया।
महाराष्ट्र के कोल्हापुर जिले के कागल में नवरात्रि उत्सव 2026 के अवसर पर धार्मिक अनुष्ठानों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। राजे विक्रमसिंह घाटगे फाउंडेशन के अंतर्गत राजमाता जिजाऊ महिला समिति, श्रीराम मंदिर जीर्णोद्धार समिति और विश्वमांगल्य ग्रुप की संयुक्त पहल पर आयोजित इन कार्यक्रमों में कुंकुमार्चन, कुमारिका पूजन, श्रीसूक्त स्तोत्र पाठ और ‘शक्ति’ गरबा-दांडिया उत्सव प्रमुख आकर्षण होंगे। गरबा-दांडिया प्रतियोगिता के विजेताओं को 25 हजार रुपये तक के पुरस्कार दिए जाएंगे।
शुक्रवार (16 अक्टूबर) को श्रीराम मंदिर में दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक कुंकुमार्चन का आयोजन होगा। इसके बाद शाम 5 बजे से 7 बजे तक कुमारिका पूजन किया जाएगा। इस दौरान विश्वमांगल्य ग्रुप की ओर से श्रीसूक्त स्तोत्र का पाठ भी किया जाएगा। आयोजकों ने महिलाओं से कुंकुमार्चन में शामिल होने और कुमारिका पूजन के लिए कुमारिकाओं के नाम श्रीराम मंदिर में दर्ज कराने की अपील की है।
नवरात्रि के धार्मिक आयोजनों के बाद शनिवार (17 अक्टूबर) को सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम रहेगी। शाम 6:30 बजे श्रीराम मंदिर परिसर स्थित हिंदुराव घाटगे विद्यामंदिर के मैदान में, खर्डेकर चौक पर ‘शक्ति’ गरबा-दांडिया उत्सव आयोजित किया जाएगा। ‘कला से आनंद, कला से सशक्तीकरण’ की संकल्पना के तहत होने वाले इस कार्यक्रम में गरबा-दांडिया प्रतियोगिता के साथ टीम एम प्रितेश का लाइव म्यूजिक कार्यक्रम भी आयोजित किया जाएगा।
प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को 25 हजार रुपये तक के पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे। आयोजन में महिलाओं के लिए प्रवेश निःशुल्क रखा गया है, जबकि पुरुषों को प्रवेश के लिए 100 रुपये शुल्क देना होगा। आयोजकों ने नागरिकों से धार्मिक परंपराओं के उत्सव और सांस्कृतिक कलाओं का आनंद लेने के लिए कार्यक्रम में शामिल होने का आह्वान किया है।
इस बीच, कागल के श्रीराम मंदिर में शारदीय नवरात्रि के पांचवें दिन मां अंबाबाई की गरुड़ासन रूप में आकर्षक पूजा भी की गई। नवरात्रि के दौरान मंदिर में धार्मिक अनुष्ठानों और सांस्कृतिक गतिविधियों के माध्यम से उत्सव का आयोजन किया जा रहा है।

Vijay Morbale, Kolhapur
पद: क्षेत्रीय संवाददाता (कोल्हापुर)
शिक्षा: बी.एससी (केमिस्ट्री), ग्रामीण पत्रकारिता एवं जनसंचार में पीजी डिप्लोमा
परिचय:
विजय गुंडू मोरबाळे महाराष्ट्र के कोल्हापुर क्षेत्र के एक समर्पित और अनुभवी जमीनी पत्रकार हैं। शिवाजी विश्वविद्यालय से बी.एससी (केमिस्ट्री) की डिग्री हासिल करने के बाद, उन्होंने पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को करियर में बदला। उन्होंने शिवाजी विश्वविद्यालय के 'ग्रामीण पत्रकारिता और जनसंचार' कोर्स में सदाशिवराव मंडलिक महाविद्यालय (मुरगुड) में प्रथम स्थान प्राप्त किया है, जो ग्रामीण और स्थानीय मुद्दों पर उनकी गहरी समझ को दर्शाता है।
कार्यक्षेत्र और विशेषज्ञता:
विजय मुख्य रूप से कोल्हापुर जिले के कागल, मुरगुड, अदमापुर और भुदरगड जैसे क्षेत्रों में सक्रिय हैं। 'निकाल न्यूज' जैसे प्रतिष्ठित डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से स्थानीय पत्रकारिता में अपनी पहचान बनाने के बाद, अब वे 'प्रातःकाल' (pratahkal.in) के डिजिटल नेटवर्क से जुड़े हैं। वे स्थानीय राजनीति, सामाजिक सरोकार, अपराध (क्राइम) और क्षेत्र के ऐतिहासिक व धार्मिक मंदिरों से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता से जनता तक पहुँचाते हैं।
पत्रकारिता का दृष्टिकोण:
सकारात्मक और समाजोपयोगी पत्रकारिता में गहरा विश्वास रखने वाले विजय हमेशा उन खबरों को प्राथमिकता देते हैं जो समाज में बदलाव ला सकें। हाल ही में जून 2026 में, एक सेवानिवृत्ति समारोह में हार-फूलों की जगह अनाज इकट्ठा कर जरूरतमंदों को बांटने की एक अनूठी सामाजिक पहल को उन्होंने प्रमुखता से कवर किया था, जिसे काफी सराहना मिली।
ग्रामीण भारत की आवाज और स्थानीय विकास की खबरों को डिजिटल माध्यमों पर मजबूती से रखने के लिए विजय मोरबाळे लगातार प्रयासरत हैं।
