सोमवती अमावस्या पर आस्था की राह में काल बनकर दौड़ी बाइक, पैदल यात्री ने तोड़ा दम
सोमवती अमावस्या पर मदनमोहनजी के दर्शनों को पैदल निकले 30 वर्षीय युवक की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत। जयपुर में उपचार के दौरान तोड़ा दम, परिवार में छाया मातम। आखिर कैसे आस्था की राह पर चलते-चलते काल का ग्रास बना एक हंसता-खेलता परिवार?

दिख रहा युवक करौली में सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हुआ था, जिसकी बाद में जयपुर में मौत हो गई।
सोमवती अमावस्या के पावन पर्व पर आराध्य के दर्शनों की अभिलाषा लिए निकले एक युवा श्रद्धालु के लिए नियति ने कुछ और ही लिख रखा था। कैलादेवी से करौली मदनमोहनजी मंदिर की ओर पैदल यात्रा पर निकले 30 वर्षीय लज्जाराम शर्मा की सड़क दुर्घटना में हुई असामयिक मृत्यु ने न केवल एक परिवार को झकझोर कर रख दिया, बल्कि पूरे क्षेत्र में शोक की गहरी लहर फैला दी है। आस्था का यह सफर उस समय मातम में बदल गया जब एक तेज रफ्तार मोटरसाइकिल ने युवक को अपनी चपेट में ले लिया।
घटनाक्रम के अनुसार, कैलादेवी निवासी लज्जाराम शर्मा रविवार दोपहर बाद पैदल ही मदनमोहनजी के दर्शनों के लिए निकले थे। सफर के दौरान कैलादेवी-करौली मार्ग पर गंगापुर मोड़ के समीप पीछे से आ रही एक मोटरसाइकिल ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि लज्जाराम गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना मिलने पर स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस को अवगत कराया और घायल को करौली जिला अस्पताल में भर्ती करवाया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें प्राथमिक उपचार के बाद जयपुर रेफर कर दिया, जहां ट्रोमा वार्ड में जिंदगी और मौत से जूझते हुए सोमवार की शाम उन्होंने अंतिम सांस ली।
इस दुखद घटना से मृतक का परिवार पूरी तरह टूट चुका है। लज्जाराम के भाई सोनू शर्मा ने बताया कि मृतक का विवाह चार वर्ष पूर्व हुआ था, लेकिन उनके कोई संतान नहीं थी। इस हादसे ने परिवार के भविष्य के सपनों को छीन लिया है। मंगलवार सुबह गमगीन माहौल में जब उनका अंतिम संस्कार किया गया, तो गांव में शोक के चलते चूल्हे तक नहीं जले।
घटना के संबंध में कोतवाली थाना पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर ली है। पुलिस अब दुर्घटना के कारणों और आरोपी वाहन चालक की पहचान के लिए जांच प्रक्रिया में जुटी है। इस हादसे ने जहां एक ओर परिवार की खुशियों को ताउम्र के लिए मातम में बदल दिया है, वहीं सड़क सुरक्षा और पैदल यात्रियों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर चिंताएं गहरा गई हैं। एक आस्थावान युवक की मौत ने पूरे समाज को स्तब्ध कर दिया है।

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