करौली। जिले में पर्यावरण संरक्षण और प्रदूषण नियंत्रण को प्रभावी बनाने के उद्देश्य से जिला कलक्ट्रेट स्थित सभागार में जिला पर्यावरण समिति की बैठक सम्पन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता अतिरिक्त जिला कलक्टर हेमराज परिड़वाल ने की। उन्होंने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन और प्रदूषण नियंत्रण हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए।

अतिरिक्त जिला कलक्टर हेमराज परिड़वाल ने स्पष्ट किया कि जिले के प्राकृतिक जलाशयों, नदियों और तालाबों की स्वच्छता को किसी भी हाल में खतरे में नहीं डाला जाएगा। जलाशयों में गीला कचरा, ठोस अपशिष्ट या अन्य किसी भी प्रकार की गंदगी डालना पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।

बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि जिले में सिंगल यूज प्लास्टिक के उपयोग को रोकने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। प्लास्टिक कचरे का निस्तारण निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार ही सुनिश्चित किया जाएगा। अस्पतालों से निकलने वाले बायो-मेडिकल अपशिष्ट और सीवर वेस्ट के प्रबंधन हेतु सख्त मानक तय किए गए हैं। अस्पतालों के लिए यह अनिवार्य किया गया कि वे अपने कचरे का वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण करें और सीवर वेस्ट को बिना उपचार के खुले स्थानों या जल निकायों में न फैलाएँ।

आमजन और व्यावसायिक संस्थानों से अपील की गई है कि वे कचरे को गीले और सूखे श्रेणियों में अलग-अलग करें ताकि उसका सही ढंग से निस्तारण हो सके। नियमों का उल्लंघन करने वाले संस्थानों और व्यक्तियों के विरुद्ध पर्यावरण संरक्षण अधिनियम के तहत सख्त कार्यवाही की जाएगी। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य जिले को प्रदूषण मुक्त बनाना और आने वाली पीढ़ियों के लिए जल स्रोतों को सुरक्षित रखना है।

बैठक में पशुपालन विभाग के संयुक्त निदेशक डॉ. गंगासहाय मीणा, कृषि विभाग के संयुक्त निदेशक धर्मसिंह मीना, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षण अभियंता पी.सी. मीणा, एनालिस्ट-कम-प्रोग्रामर लेखराज, सानिवि के अधीक्षण अभियन्ता देवेन्द्र कुमार गुप्ता सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।

जिला प्रशासन की यह पहल जिले के पारिस्थितिक तंत्र और प्राकृतिक जल स्रोतों की सुरक्षा के लिए निर्णायक कदम मानी जा रही है, जो दीर्घकालीन रूप से पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में सहायक होगी।

Ruturaj Ravan

Ruturaj Ravan

यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।

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