करौली जिले के सपोटरा क्षेत्र के लिए मंगलवार का दिन स्वास्थ्य सेवाओं के लिहाज से ऐतिहासिक साबित हुआ। उप जिला अस्पताल सपोटरा में सिजेरियन प्रसव सुविधा की विधिवत शुरुआत हो गई है, जिससे अब क्षेत्र की गर्भवती महिलाओं को सुरक्षित प्रसव के लिए जिला अस्पताल या निजी अस्पतालों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। इस नई सुविधा के तहत मंगलवार को पहली बार एक महिला का सफल सिजेरियन प्रसव कराया गया, जिसमें जच्चा और बच्चा दोनों पूर्णतः स्वस्थ हैं।

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जयंती लाल मीणा ने जानकारी देते हुए बताया कि प्रसूति एवं स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. सुभाष चंद मीणा के नेतृत्व में गठित चिकित्सा टीम ने यह सिजेरियन प्रसव सफलतापूर्वक सम्पन्न कराया। यह उपलब्धि उप जिला अस्पताल को फर्स्ट रेफरल यूनिट के रूप में सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

अब तक सपोटरा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों की गर्भवती महिलाओं को जटिल प्रसव या सिजेरियन ऑपरेशन के लिए करौली जिला अस्पताल या महंगे निजी अस्पतालों में रेफर किया जाता था। लंबी दूरी, आर्थिक बोझ और समय की कमी के कारण कई बार महिलाओं को गंभीर जोखिम का सामना करना पड़ता था। लेकिन अब उप जिला अस्पताल में ही यह सुविधा उपलब्ध होने से न केवल समय और धन की बचत होगी, बल्कि मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं में भी उल्लेखनीय सुधार आएगा।

बीसीएमओ डॉ. मनोज कुमार ने बताया कि सिजेरियन प्रसव सुविधा के साथ-साथ उप जिला अस्पताल सपोटरा में प्रतिदिन महिला नसबंदी सेवाएं भी शुरू कर दी गई हैं। पहले यह सेवाएं सीमित दिनों में या बाहरी टीमों के माध्यम से संचालित होती थीं, लेकिन अब अस्पताल की नियमित टीम द्वारा ही महिला नसबंदी सेवाएं प्रदान की जाएंगी। इससे परिवार नियोजन कार्यक्रम को भी मजबूती मिलेगी और महिलाओं को बार-बार अन्यत्र जाने की आवश्यकता नहीं रहेगी।

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार, उप जिला अस्पताल सपोटरा में आवश्यक चिकित्सकीय संसाधन, ऑपरेशन थिएटर और प्रशिक्षित स्टाफ की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है, ताकि आपातकालीन परिस्थितियों में भी प्रसव सेवाएं निर्बाध रूप से दी जा सकें। यह पहल ग्रामीण स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने और सुरक्षित मातृत्व के लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में अहम मानी जा रही है।

सपोटरा क्षेत्र के लिए यह सुविधा केवल एक चिकित्सा उपलब्धि नहीं, बल्कि महिलाओं के स्वास्थ्य और सम्मान से जुड़ा एक बड़ा सामाजिक बदलाव भी है। स्थानीय स्तर पर सिजेरियन प्रसव और नसबंदी जैसी सेवाओं की उपलब्धता से मातृ मृत्यु दर में कमी आने और स्वास्थ्य सेवाओं पर लोगों का भरोसा बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है।

Rajendra Kumbhakar, Karauli

Rajendra Kumbhakar, Karauli

नाम: राजेन्द्र प्रसाद कुम्भाकर

वर्तमान पद: करौली जिला रिपोर्टर (प्रातःकाल)

कार्यक्षेत्र: करौली जिला मुख्यालय, हिण्डौन सिटी, सपोटरा, टोडाभीम, और मंडरायल (राजस्थान)

बीट (मुख्य विषय): प्रशासनिक खबरें, राजनीति, क्राइम, स्वास्थ्य, और शिक्षा

परिचय 

राजेन्द्र प्रसाद कुंभकार राजस्थान के करौली जिले के जिला रिपोर्टर हैं। वह पिछले 6 महीने से 'प्रातःकाल' समाचार पत्र और डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़े हुए हैं। वह मुख्य रूप से करौली जिला मुख्यालय की प्रशासनिक खबरों के साथ-साथ पूरे जिले के अंतर्गत आने वाले हिण्डौन सिटी, सपोटरा, टोडाभीम और मंडरायल क्षेत्रों की राजनीतिक, आपराधिक, स्वास्थ्य और शैक्षणिक गतिविधियों को कवर करते हैं।

पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)

मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में 5 वर्ष का अनुभव । 'प्रातःकाल' से जुड़ने से पहले वह निम्नलिखित मीडिया संस्थानों, डिजिटल ऐप्स और समाचार पत्रों में अपनी सेवाएं दे चुके हैं:

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शैक्षणिक योग्यता (Education)

उन्होंने अपनी शिक्षा में स्नातक (Graduation) की डिग्री हासिल की है।

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