झालावाड़ जिले के ऐतिहासिक शहर झालरापाटन की फिजाओं में आज देशभक्ति का अनूठा रंग देखने को मिला, जहाँ 26 जनवरी 2026, सोमवार को गणतंत्र दिवस का पर्व असीम उत्साह और गौरव के साथ मनाया गया। शहर स्थित मदरसा ख़दीजतुल कुबरा लील बनात में आयोजित इस भव्य समारोह ने सांप्रदायिक सौहार्द और राष्ट्रीय एकता की एक मिसाल पेश की, जिसमें नन्हे छात्रों से लेकर समाज के गणमान्य नागरिकों ने एक सुर में देश के संविधान और लोकतंत्र के प्रति अपनी आस्था प्रकट की। मदरसे के प्रांगण में जैसे ही तिरंगा शान से आकाश की ओर अग्रसर हुआ, पूरा माहौल 'जय हिंद' के नारों और राष्ट्रगान की धुन से गुंजायमान हो उठा।

समारोह का आगाज मुख्य अतिथि और रंगरेज समाज के सदर मोहम्मद सिद्दीक गौरी द्वारा ध्वजारोहण के साथ हुआ। तिरंगे को सलामी देते हुए उपस्थित जनसमूह ने राष्ट्र के प्रति अपने समर्पण को दोहराया। इस अवसर पर मदरसे के प्रिंसिपल मौलवी मोहम्मद जुबेर ने बताया कि कार्यक्रम में नेता प्रतिपक्ष मोहम्मद खालिद और पार्षद मोहम्मद कासिम भट्टी ने भी विशेष अतिथि के रूप में शिरकत की। ध्वजारोहण के पश्चात मुख्य अतिथि मोहम्मद सिद्दीक गौरी ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि गणतंत्र दिवस महज एक छुट्टी का दिन नहीं, बल्कि यह हर नागरिक को उसके अधिकारों और कर्तव्यों का बोध कराने वाला पवित्र अवसर है। उन्होंने बच्चों के कोमल मन में देश के प्रति सम्मान और प्रेम की भावना को सदैव जीवित रखने का आह्वान किया, जो भविष्य में एक सशक्त राष्ट्र के निर्माण की नींव साबित होगी।

समारोह में अपने विचार रखते हुए नेता प्रतिपक्ष मोहम्मद खालिद ने संविधान की मूल भावना पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि हमारा गणतंत्र हमें समानता का वह अधिकार देता है, जो समाज में व्याप्त ऊंच-नीच और भेदभाव की दीवारों को गिराकर एक समरस जीवन जीने की शक्ति प्रदान करता है। वहीं, पार्षद मोहम्मद कासिम भट्टी ने कानून के शासन की महत्ता को रेखांकित करते हुए कहा कि देश के संविधान और कानूनों का पालन करना हम सबका परम कर्तव्य है। उन्होंने जोर देकर कहा कि संविधान ही हमें शिक्षा प्राप्त करने और समाज में सम्मान के साथ सिर उठाकर जीने का अधिकार देता है, इसलिए नई पीढ़ी को शिक्षा के माध्यम से देश की प्रगति में योगदान देना चाहिए।

इस गरिमामयी आयोजन में मदरसे की छात्राओं और छात्रों ने देशभक्ति से ओत-प्रोत गीतों की शानदार प्रस्तुतियां दीं, जिसने उपस्थित अतिथियों का मन मोह लिया। इन नन्हे देशभक्तों की हौसला अफजाई के लिए उन्हें अतिथियों द्वारा उपहार देकर पुरस्कृत भी किया गया। कार्यक्रम की शोभा बढ़ाने के लिए हाजी अखलाक गौरी, हाजी यूनुस गौरी, हाजी अमीन गौरी, हाजी जाफर हुसैन, मुफ़्ती तौसीफ, मुफ़्ती जुनैद, हाफिज तौफीक और हाफिज जहूर सहित मदरसे के शिक्षकगण और शहर के कई प्रतिष्ठित नागरिक मौजूद रहे।

झालरापाटन के मदरसे में आयोजित इस कार्यक्रम ने यह सिद्ध कर दिया कि देशभक्ति की भावना किसी धर्म या समुदाय की सीमाओं में नहीं बंधी है। मदरसे के मंच से दिए गए एकता के संदेश और छात्रों के चेहरों पर दिख रहे राष्ट्रप्रेम ने यह स्पष्ट कर दिया कि राष्ट्र के प्रति समर्पण और प्रेम की भावना हर भारतीय के दिल में एक समान धड़कती है, चाहे वह किसी भी मजहब का क्यों न हो।

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Ruturaj Ravan

Ruturaj Ravan

यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।

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