डोटासरा पर मदन राठौड़ का हमला, बोले- पेपर लीक पर नहीं दिया इस्तीफा, अब नैतिकता की कर रहे हैं बात
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने जयपुर में कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा पर पेपर लीक, नैतिकता, संसद में विपक्ष की भूमिका और केंद्र सरकार की कार्रवाई को लेकर तीखा हमला बोला। जानिए उन्होंने किन मुद्दों पर कांग्रेस और विपक्ष को घेरा।

जयपुर, 27 जुलाई 2026। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि आज उनकी स्थिति सबसे अधिक शर्मनाक है। उन्होंने कहा कि जब डोटासरा राजस्थान के शिक्षा मंत्री थे और अशोक गहलोत मुख्यमंत्री थे, तब प्रदेश में 17 बार विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रश्नपत्र लीक हुए। इतना ही नहीं, दो बार विश्वविद्यालय के प्रश्नपत्र भी लीक हुए, लेकिन उस समय उन्होंने नैतिकता के आधार पर इस्तीफा नहीं दिया। राठौड़ ने कहा कि अब डोटासरा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफे की मांग कर रहे हैं, जो उनके दोहरे चरित्र को दर्शाता है।
मदन राठौड़ ने कहा कि जो स्वयं आकंठ भ्रष्टाचार में डूबे हुए हैं, वे दूसरों से नैतिकता की अपेक्षा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि उस समय डोटासरा ने स्वयं यह कहकर जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लिया था कि परीक्षाओं का आयोजन माध्यमिक शिक्षा बोर्ड कराता है। राठौड़ ने कहा कि आज भी राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं का संचालन नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) करती है। ऐसे में केंद्रीय शिक्षा मंत्री से इस्तीफे की मांग करना पूरी तरह राजनीतिक और अवसरवादी रवैया है। उन्होंने कहा कि जनता सब देख रही है और कांग्रेस का यह दोहरा मापदंड अब छिपा नहीं है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस और विपक्ष के पास आज कोई ठोस मुद्दा नहीं बचा है। उनका कहना था कि संसद में सरकार हर विषय पर चर्चा के लिए तैयार है, लेकिन विपक्ष चर्चा से बचने का प्रयास कर रहा है और केवल हंगामा करना चाहता है। उन्होंने कहा कि यदि विपक्ष के पास तथ्य हैं तो उन्हें सदन में चर्चा करनी चाहिए, जिससे दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा।
राठौड़ ने हाल ही में दिल्ली में हुए प्रदर्शन का उल्लेख करते हुए कहा कि कांग्रेस ने ऐसे लोगों का समर्थन किया, जिन्होंने भारत विरोधी, राष्ट्र विरोधी और प्रधानमंत्री के खिलाफ आपत्तिजनक नारे लगाए। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के तत्वों का समर्थन करना कांग्रेस की मानसिकता को उजागर करता है और यह अत्यंत निंदनीय है। उन्होंने यह भी कहा कि सार्वजनिक जीवन में शालीन भाषा और लोकतांत्रिक मर्यादाओं का पालन किया जाना चाहिए।
मदन राठौड़ ने कहा कि आज विपक्ष नेतृत्वविहीन हो चुका है। उनके अनुसार विपक्ष के पास न कोई स्पष्ट नीति है और न ही कोई सकारात्मक एजेंडा। उन्होंने कहा कि कभी प्रधानमंत्री आवास के बाहर धरना दिया जाता है, कभी चर्चा की मांग की जाती है और कभी इस्तीफे की राजनीति की जाती है। राठौड़ ने इसे केवल राजनीतिक नौटंकी बताया।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस जानती है कि यदि संसद में गंभीर चर्चा हुई तो उसके शासनकाल के पेपर लीक, भ्रष्टाचार और प्रशासनिक विफलताओं की सच्चाई सामने आ जाएगी। राठौड़ ने आरोप लगाया कि कांग्रेस देश में भ्रम और अशांति फैलाने की राजनीति कर रही थी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने समय रहते फास्ट ट्रैक कोर्ट की व्यवस्था कर कठोर दंड और जुर्माने का प्रावधान लागू किया है। साथ ही उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार भविष्य में भी ऐसे मामलों में और अधिक सख्ती बरतेगी तथा युवाओं के हितों से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।

Pratahkal Newsroom
प्रातःकाल न्यूज़-रूम, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, समयबद्ध और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा न्यूज़-रूम राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।
