जयपुर स्थित उत्तर पश्चिम रेलवे मुख्यालय में शुक्रवार, 26 दिसंबर 2025 को संरक्षित और सुचारु रेल संचालन को लेकर एक महत्वपूर्ण संरक्षा एवं कार्य समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता महाप्रबंधक श्री अमिताभ ने की, जिसमें रेल संरक्षा, कार्य निष्पादन और यात्री सुविधाओं से जुड़े विविध पहलुओं पर गहन चर्चा हुई। इस अवसर पर सभी विभागाध्यक्ष, चारों मंडलों के मंडल रेल प्रबंधक वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक में उत्तर पश्चिम रेलवे के समग्र प्रदर्शन की समीक्षा करते हुए संरक्षा, निर्माण कार्यों की प्रगति, पूंजीगत आय, रेलवे ट्रैक की फेसिंग, समपार फाटकों को बंद करने की स्थिति, यात्री सुविधाओं के विस्तार और आय बढ़ाने जैसे अहम विषयों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। महाप्रबंधक श्री अमिताभ ने अपने संबोधन में कहा कि चालू वित्त वर्ष में अब तक उत्तर पश्चिम रेलवे का कार्य निष्पादन सराहनीय रहा है और सभी विभागों को आपसी सामंजस्य व समन्वय के साथ निर्धारित लक्ष्यों को समय पर पूरा करने पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने निर्माण परियोजनाओं और यात्री सुविधाओं से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण करने के निर्देश दिए।

संरक्षा को सर्वोपरि बताते हुए श्री अमिताभ ने विशेष रूप से सर्दियों और कोहरे के मौसम में रेल संचालन के प्रति अतिरिक्त सतर्कता बरतने पर जोर दिया। उन्होंने सभी विभागाध्यक्षों को निर्देश दिए कि वे नियमित निरीक्षण सुनिश्चित करें और अधीनस्थ कर्मचारियों की समय-समय पर काउंसलिंग कर संरक्षा अभियानों को सक्रिय रूप से चलाएं, ताकि किसी भी संभावित जोखिम को समय रहते रोका जा सके।

बैठक के दौरान रेल संरक्षा के क्षेत्र में सजगतापूर्ण और उत्कृष्ट कार्य करने वाले कर्मचारियों को सम्मानित भी किया गया। जयपुर मंडल के श्री राजेन्द्र प्रसाद मीणा, ट्रैक मेंटेनर–बावल, श्री हनुमान लाल जाट, ट्रैक मेंटेनर–हिरनोदा तथा श्री लाखन बैरवा, कांटेवाला–बनियाना को महाप्रबंधक श्री अमिताभ द्वारा पुरस्कार प्रदान किए गए, जिससे कर्मचारियों का मनोबल और अधिक सुदृढ़ हुआ।

इसके अतिरिक्त महाप्रबंधक ने स्टेशन पुनर्विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए कार्य योजना के अनुरूप प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में सभी मंडलों के मंडल रेल प्रबंधकों ने अपने-अपने मंडलों की प्रगति की जानकारी साझा की। नई रेल लाइनों के निर्माण, दोहरीकरण, विद्युतीकरण, स्टेशनों के पुनर्विकास, यात्री सुविधाओं के विस्तार तथा संरक्षा से जुड़े प्रमुख कार्यों जैसे रोड ओवर ब्रिज, रोड अंडर ब्रिज और सिगनलिंग कार्यों पर विशेष जोर दिया गया।

संरक्षा को और मजबूत करने के लिए सेफ्टी फेंसिंग की प्रगति, समपार फाटकों को बंद करने तथा अप्रोच सड़कों के सुधार पर भी चर्चा हुई। साथ ही यातायात सुविधाओं के विस्तार हेतु नए मेगा टर्मिनल, कोचिंग टर्मिनल, पिट लाइन और प्लेटफॉर्म से जुड़े कार्यों के लिए डीपीआर और मास्टर प्लान पर भी विचार किया गया।

बैठक के समापन पर महाप्रबंधक श्री अमिताभ ने सभी अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप कार्य निष्पादन सुनिश्चित करने के स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए और भरोसा दिलाया कि मुख्यालय स्तर से अनुमोदित कार्यों के क्रियान्वयन में पूर्ण सहयोग प्रदान किया जाएगा। यह बैठक उत्तर पश्चिम रेलवे में संरक्षित, आधुनिक और यात्री-केंद्रित रेल संचालन की दिशा में एक अहम कदम के रूप में देखी जा रही है।

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