जयपुर: राष्ट्रीय युवा दिवस पर राज्यपाल हरिभाऊ बागडे का युवाओं को विकसित भारत के निर्माण का आह्वान
जयपुर में राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर राजस्थान के राज्यपाल श्री हरिभाऊ बागडे ने स्वामी विवेकानन्द की जयन्ती पर प्रदेश के युवाओं को बधाई दी। उन्होंने युवाओं से स्वामी जी के उदात्त जीवन मूल्यों को अपनाने और "विकसित भारत 2047" के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए राष्ट्र निर्माण में सक्रिय योगदान देने का आह्वान किया। राज्यपाल ने स्वामी विवेकानन्द के विचारों को देश की प्रगति का आधार बताया।

जयपुर। भारतीय अध्यात्म और ज्ञान की शक्ति से विश्व को आलोकित करने वाले युगद्रष्टा स्वामी विवेकानन्द की जयन्ती, जिसे सम्पूर्ण देश 'राष्ट्रीय युवा दिवस' के रूप में मनाता है, के पावन अवसर पर राजस्थान के राज्यपाल श्री हरिभाऊ बागडे ने प्रदेशवासियों और विशेषकर युवा शक्ति को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित की हैं। राज्यपाल ने अपने सन्देश में स्वामी विवेकानन्द के कालजयी विचारों को रेखांकित करते हुए युवाओं को राष्ट्र के नव-निर्माण की धुरी बताया और उनसे देश की प्रगति में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की।
राज्यपाल श्री हरिभाऊ बागडे ने स्वामी विवेकानन्द के आदर्शों को वर्तमान वैश्विक परिदृश्य में अत्यंत प्रासंगिक बताते हुए कहा कि स्वामी जी का सम्पूर्ण जीवन भारतीय उदात्त जीवन मूल्यों का एक जीवन्त संवाहक है। उन्होंने युवाओं को प्रेरित करते हुए इस बात पर विशेष बल दिया कि यदि देश का युवा स्वामी विवेकानन्द के विचारों और उनके बताए मार्ग को आत्मसात कर ले, तो "विकसित भारत 2047" की संकल्पना को साकार होने से कोई नहीं रोक सकता। राज्यपाल ने जोर देकर कहा कि आज के युवाओं के पास वह ऊर्जा और सामर्थ्य है, जो भारत को पुनः विश्व गुरु के सिंहासन पर प्रतिष्ठित कर सकती है।
लोकभवन से जारी अपने आधिकारिक संदेश में श्री बागडे ने स्पष्ट किया कि स्वामी विवेकानन्द का जीवन केवल एक इतिहास नहीं, बल्कि वह प्रेरणापुंज है जो हर पीढ़ी को राष्ट्रभक्ति और जनसेवा के लिए उद्वेलित करता रहता है। उन्होंने आह्वान किया कि युवा पीढ़ी को स्वामी जी के जीवन मूल्यों से प्रेरणा लेकर देश के नव-निर्माण में न केवल सहभागी बनना चाहिए, बल्कि नेतृत्वकारी भूमिका भी निभानी चाहिए।
समारोह के इस औपचारिक प्रसंग का महत्व केवल शुभकामनाओं तक सीमित नहीं है, बल्कि यह राज्य के सर्वोच्च संवैधानिक पद से युवाओं को उनकी जिम्मेदारियों का बोध कराने का एक सशक्त प्रयास भी है। राज्यपाल का यह संदेश युवाओं में नई चेतना का संचार करने वाला है, जो उन्हें व्यक्तिगत उन्नति के साथ-साथ राष्ट्रीय उत्थान के प्रति संकल्पबद्ध होने के लिए प्रेरित करता है। स्वामी विवेकानन्द के "उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य प्राप्त न हो जाए" के मंत्र को दोहराते हुए यह संबोधन विकसित भारत की दिशा में एक वैचारिक शंखनाद के रूप में देखा जा रहा है।

Pratahkal Bureau
प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।
