जयपुर में नगर निगम का बड़ा एक्शन: परकोटे की सड़कों पर चला पीला पंजा, 35 ठिकानों से हटाया गया अतिक्रमण
जयपुर नगर निगम ने शहर को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए परकोटा क्षेत्र में महाभियान चलाया। आयुक्त डॉ. गौरव सैनी के निर्देशन में उपायुक्त पुष्पेंद्र सिंह राठौड़ की टीम ने 35 स्थानों से अवैध कब्जे हटाए और 4 ट्रैक्टर सामान जब्त किया। यातायात और सौंदर्यकरण को बाधित करने वालों पर जुर्माना भी लगाया गया। जानिए गुलाबी नगरी में निगम की इस बड़ी कार्रवाई की पूरी रिपोर्ट।

जयपुर। गुलाबी नगरी की सुंदरता और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए नगर निगम जयपुर ने एक बार फिर कड़ा रुख अख्तियार किया है। सोमवार को शहर के हृदय स्थल परकोटा क्षेत्र में निगम की सतर्कता टीम ने 'सर्जिकल स्ट्राइक' करते हुए सड़कों और बरामदों को अतिक्रमण मुक्त कराया। इस व्यापक कार्रवाई ने न केवल अवैध कब्जाधारियों में हड़कंप मचा दिया, बल्कि शहर की सुस्त पड़ी यातायात व्यवस्था को भी एक नई रफ्तार देने की कोशिश की है।
इस वृहद अभियान की कमान संभाल रहे सतर्कता शाखा के उपायुक्त पुष्पेंद्र सिंह राठौड़ ने बताया कि यह पूरी कार्रवाई नगर निगम आयुक्त डॉ. गौरव सैनी के सीधे निर्देशों पर अंजाम दी गई। निगम की टीम ने अल सुबह ही मोर्चेबंदी शुरू कर दी थी, जिसके तहत जलेबी चौक और आराध्य देव श्री गोविंद देवजी मंदिर के आसपास के क्षेत्रों से लेकर खादी की दुकान, सुभाष चौक और सांगानेरी मार्ग तक सघन तलाशी ली गई। देखते ही देखते निगम का दस्ता सुभाष चौक से जोरावर सिंह गेट, रामगढ़ मोड़, जलमहल और न्यू रामगढ़ मार्ग स्थित बीबी फातिमा कॉलोनी तक जा पहुँचा। कार्रवाई का यह सिलसिला यहीं नहीं रुका, बल्कि करबला, अजमेरिया मार्ग, पुरानी चुंगी किल्ला रोड, पानी की टंकी ईदगाह, ट्रांसपोर्ट नगर और आईजीएम टावर ट्रांसपोर्ट नगर होते हुए गलता गेट, सूरजपोल गेट, रामगंज बाजार, बड़ी चौपड़ और जोहरी बाजार तक फैला। कुल 35 चिन्हित स्थानों पर निगम ने अपना डंडा चलाया।
कार्रवाई के दौरान मौके पर मंजर काफी गहमागहमी भरा रहा। निगम की टीम ने सड़कों और सार्वजनिक बरामदों में अवैध रूप से रखे सामान को जब्त करना शुरू किया, जिससे दुकानदारों में अफरा-तफरी मच गई। इस पूरे अभियान के दौरान निगम ने कुल 4 ट्रैक्टर सामान जब्त किया। केवल सामान जब्ती तक ही कार्रवाई सीमित नहीं रही, बल्कि कानून का उल्लंघन करने वालों पर आर्थिक दंड भी लगाया गया। टीम ने मौके पर ही 12,500 रुपये का जुर्माना और परिवहन शुल्क वसूल कर रसीदें थमा दीं।
नगर निगम जयपुर के आयुक्त ने इस कार्रवाई के माध्यम से एक कड़ा संदेश दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शहर के सौंदर्यकरण, आमजन की सुविधा और सुगम यातायात के आड़े आने वाले किसी भी अवरोध को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। निगम प्रशासन ने व्यापारियों और आम नागरिकों से पुरजोर अपील की है कि वे स्वेच्छा से सड़कों और बरामदों से अपना अतिक्रमण हटा लें। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि यदि नियमों की अनदेखी जारी रही, तो आने वाले दिनों में और भी कठोर कदम उठाए जाएंगे। यह अभियान शहर को स्वच्छ और व्यवस्थित बनाने की दिशा में एक निरंतर चलने वाली प्रक्रिया का हिस्सा है।

