जयपुर मेगा रोजगार शिविर में 1321 युवाओं का चयन, 18 को मौके पर मिला ऑफर लेटर
जयपुर के विशाल रोजगार सहायता शिविर में 50 निजी नियोजकों ने 1321 युवाओं का चयन किया, जबकि 18 को मौके पर ऑफर लेटर मिले। जानिए मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने क्या कहा।

तस्वीर में मंच पर बाईं से दाईं ओर खड़े अतिथि और अधिकारी दिख रहे हैं, जहाँ कैबिनेट मंत्री श्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ (दाहिनी ओर से तीसरे स्थान पर, ग्रे शर्ट में) एक महिला अभ्यर्थी को नियुक्ति पत्र सौंप रहे हैं। उनके पास विभाग के अन्य अधिकारी और मंच पर उपस्थित अतिथि खड़े होकर तालियां बजा रहे हैं।
जयपुर में कौशल, रोजगार एवं उद्यमिता विभाग की ओर से शुक्रवार, 17 जुलाई को प्रताप स्टेडियम, चित्रकूट परिसर में विशाल रोजगार सहायता शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें माननीय कैबिनेट मंत्री उद्योग एवं वाणिज्य, युवा मामले एवं खेल विभाग तथा कौशल, नियोजन एवं उद्यमिता विभाग के मंत्री श्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ मुख्य अतिथि रहे। शिविर में 50 निजी नियोजकों ने विभिन्न क्षेत्रों के लिए साक्षात्कार लेकर 1321 युवाओं का प्राथमिक चयन किया, जबकि 18 चयनित अभ्यर्थियों को मौके पर ही ऑफर लेटर सौंपे गए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कौशल, नियोजन एवं उद्यमिता मंत्री श्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कहा कि राजस्थान में शिक्षा, पर्यटन, खनिज तथा सौर ऊर्जा के क्षेत्र में रोजगार की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने कहा कि यदि युवा पूरी सच्चाई, ईमानदारी, मेहनत, लगन और कौशल के साथ आगे बढ़ेंगे तो सफलता उनके कदम चूमेगी। उन्होंने कहा कि जो युवा आज कौशल के आधार पर रोजगार प्राप्त कर रहे हैं, वही भविष्य में अन्य युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने वाले बनेंगे। उन्होंने युवाओं से किसी प्रकार की चिंता नहीं करने की अपील करते हुए कहा कि राज्य सरकार उन्हें कुशल बनाने के साथ-साथ सरकारी और निजी स्तर पर रोजगार उपलब्ध कराकर खुशहाल बनाने के लिए पूरी ईमानदारी से निरंतर कार्य कर रही है।
श्री राठौड़ ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार ने अपने कार्यकाल के प्रथम वर्ष से ही राइजिंग राजस्थान के माध्यम से निवेशकों को प्रदेश में उद्योग स्थापित करने के लिए आकर्षित करने का अनूठा प्रयास किया है, ताकि युवाओं को अधिक से अधिक रोजगार के अवसर मिल सकें। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार अब तक प्रदेश में 24 से अधिक रोजगार शिविरों के माध्यम से हजारों युवाओं को रोजगार उपलब्ध करा चुकी है। सरकार का प्रयास है कि कंपनियों और रोजगार के इच्छुक युवाओं के बीच बेहतर समन्वय स्थापित हो तथा युवाओं को उनके जिले या उसके आसपास ही रोजगार मिले, जिससे उन्हें अनावश्यक आर्थिक और मानसिक परेशानियों का सामना न करना पड़े।
विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव संदीप वर्मा ने बताया कि मेगा रोजगार मेले में निजी नियोजकों के साथ विभिन्न सरकारी विभागों ने भी भाग लेकर अपनी विभागीय योजनाओं की जानकारी दी और रोजगार के इच्छुक अभ्यर्थियों को उनसे लाभान्वित किया। वहीं, आयुक्त कौशल, नियोजन एवं उद्यमिता विभाग ऋषभ मंडल ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी प्रतिभागियों और नियोजकों का आभार व्यक्त किया।
संयुक्त निदेशक, संभागीय रोजगार कार्यालय, जयपुर नवरेखा ने बताया कि विशाल रोजगार मेले में निर्माण, लॉजिस्टिक, होटल, बैंकिंग, मेडिकल, सूचना प्रौद्योगिकी, फार्मा, सिक्योरिटी, ई-कॉमर्स और कॉल सेंटर सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े 50 निजी नियोजकों ने भाग लिया। मेले के लिए पोर्टल पर 4160 अभ्यर्थियों ने ऑनलाइन पंजीकरण कराया था, जिनमें से 2770 अभ्यर्थी उपस्थित हुए। विभिन्न नियोजकों ने साक्षात्कार के बाद 1321 अभ्यर्थियों का प्राथमिक चयन किया, जबकि 527 अभ्यर्थियों ने विभिन्न प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों में रुचि दिखाई। कार्यक्रम के दौरान माननीय मंत्री ने 18 अभ्यर्थियों को मौके पर ही ऑफर लेटर प्रदान किए। मेले में चयनित अभ्यर्थियों को 2 लाख रुपये से 5 लाख रुपये तक के पैकेज का प्रस्ताव दिया गया। यह आयोजन युवाओं को कौशल, प्रशिक्षण और निजी क्षेत्र में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में राज्य सरकार के प्रयासों का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा।

