जयपुर: कांग्रेस की 'मति' भ्रमित, विकास की राह में रोड़ा अटकाना बंद करे विपक्ष: मुकेश दाधीच
जयपुर में भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश दाधीच ने कांग्रेस के धरने पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि विपक्ष की 'मति' भ्रमित हो गई है। उन्होंने 'वीबी जी रामजी योजना' को मनरेगा से बेहतर बताते हुए गृहमंत्री अमित शाह और शिवराज सिंह चौहान के दावों का समर्थन किया और भजनलाल सरकार द्वारा युवाओं को दिए जा रहे पारदर्शी रोजगार एवं कांस्टेबल भर्ती की सफलता को उजागर किया।

जयपुर, 11 जनवरी 2026। राजस्थान की राजनीति में एक बार फिर वार-पलटवार का दौर तेज हो गया है। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश दाधीच ने कांग्रेस द्वारा किए जा रहे हालिया धरना-प्रदर्शनों पर तीखा प्रहार करते हुए इसे दिशाहीन राजनीति करार दिया है। दाधीच ने जयपुर में जारी एक कड़े बयान में कहा कि जिस कांग्रेस ने कभी सत्ता पाने के लालच में जनता के 'मत' को भ्रमित करने का कुप्रयास किया था, आज विडंबना यह है कि ईश्वर ने स्वयं उन नेताओं की 'मति' भ्रमित कर दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस के पास अब रचनात्मक विपक्ष की भूमिका निभाने के लिए कुछ नहीं बचा है, इसलिए वह केवल सड़कों पर उतरकर जनता को गुमराह करने का विफल प्रयास कर रही है।
प्रदेश उपाध्यक्ष ने केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजनाओं का बचाव करते हुए एक बड़ा दावा किया। उन्होंने कहा कि देश के गृहमंत्री अमित शाह और कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने यह पूर्व में ही स्पष्ट कर दिया है कि 'वीबी जी रामजी योजना' मनरेगा का एक उन्नत और सुधरा हुआ स्वरूप है। मोदी सरकार ने इस नई योजना के माध्यम से रोजगार के अवसरों को न केवल बढ़ाया है, बल्कि उसे अधिक प्रभावी भी बनाया है। दाधीच ने कांग्रेस से सीधा सवाल पूछते हुए चुनौती दी कि वे स्पष्ट करें कि आखिर उन्हें इस जनकल्याणकारी योजना के किन बिंदुओं पर आपत्ति है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश करने की अपनी पुरानी नीति पर चल रही है, जिसका उद्देश्य विकास कार्यों को लटकाना और भटकाना मात्र है।
मुकेश दाधीच ने राज्य की वर्तमान भजनलाल शर्मा सरकार की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए पूर्ववर्ती अशोक गहलोत सरकार पर भी जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में प्रदेश पारदर्शिता और सुशासन की नई परिभाषा लिख रहा है। युवाओं के भविष्य का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि भाजपा सरकार ने सितंबर 2025 में 10 हजार पदों पर कांस्टेबल भर्ती की विज्ञप्ति जारी की थी और महज चार महीनों के भीतर परीक्षा का सफल आयोजन कर रिकॉर्ड कायम किया है। यह वही राजस्थान है जहाँ पूर्ववर्ती गहलोत सरकार के कार्यकाल में लगभग हर भर्ती परीक्षा पेपर लीक की भेंट चढ़ जाती थी, जिससे लाखों युवाओं के सपने चकनाचूर हुए।
अंत में, मुकेश दाधीच ने कांग्रेस नेताओं को नसीहत देते हुए कहा कि जनता ने उन्हें अगले पांच वर्षों के लिए 'मौन' रहने का जनादेश दिया है। उन्हें नकारात्मक राजनीति छोड़कर शांति से बैठकर भाजपा सरकार द्वारा किए जा रहे विकास कार्यों और जनकल्याणकारी निर्णयों को देखना चाहिए। दाधीच का यह वक्तव्य न केवल भाजपा की भविष्योन्मुखी नीतियों को रेखांकित करता है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि प्रदेश की राजनीति में अब जवाबदेही और पारदर्शिता ही प्राथमिकता है।

