विश्व पर्यावरण दिवस की पूर्व संध्या पर राजधानी के हवामहल जोन से एक बेहद प्रेरणादायक और दिल को छू लेने वाली खबर सामने आई है। यहाँ वार्ड क्रमांक 142 स्थित राजस्थान नेत्रहीन कल्याण संघ के परिसर में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम के दौरान दृष्टिबाधित बच्चों ने अपनी आंतरिक प्रतिभा और रचनात्मकता का ऐसा शंखनाद किया, जिसने हर देखने वाले को अचंभित कर दिया। नगर निगम जयपुर, बिसलेरी सीएसआर (CSR) “बॉटल्स फॉर चेंज” (Bottles For Change) तथा ग्राम भारती एनजीओ (NGO) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस गरिमापूर्ण कार्यक्रम में इन बच्चों ने बेकार फेंकी जा चुकीं उपयोग की गई प्लास्टिक बोतलों को अपने जादुई स्पर्श और कलात्मकता से सजाकर अत्यंत आकर्षक प्लांटर में तब्दील कर दिया। इन अनूठे प्लांटर्स के माध्यम से बच्चों ने समाज को पर्यावरण संरक्षण और कचरा प्रबंधन का एक अत्यंत सशक्त और गहरा संदेश दिया।

इस विशेष उत्सव का दायरा केवल कलाकृति निर्माण तक ही सीमित नहीं रहा, बल्कि इसके अंतर्गत बच्चों के समग्र विकास को गति देने के लिए विभिन्न खेलकूद एवं सांस्कृतिक गतिविधियों का भी व्यापक आयोजन किया गया। इन सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के दौरान मंच पर बच्चों का एक अलग ही हुनर देखने को मिला, जहाँ उन्होंने तबला, हारमोनियम और सुरीले गीतों की ऐसी मनमोहक प्रस्तुतियां दीं कि पूरा परिसर तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। कार्यक्रम के समापन पर इन असाधारण और उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों की हौसलाअफजाई की गई। उन्हें पर्यावरण अनुकूल संदेश को आगे बढ़ाते हुए पुनर्चक्रित (रीसायकल) प्लास्टिक से विशेष रूप से निर्मित टी-शर्ट एवं अन्य आकर्षक उपहार प्रदान कर सम्मानित किया गया। यह आयोजन इस बात का जीवंत प्रमाण बन गया कि यदि सही अवसर और सहयोग मिले, तो शारीरिक चुनौतियाँ कभी भी रचनात्मकता और सामाजिक बदलाव की राह में बाधा नहीं बन सकती हैं।

Pratahkal Hub

Pratahkal Hub

प्रातःकाल हब, दै.प्रातःकाल की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा प्रातःकाल हब राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।"

Next Story