जयपुर। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शुक्रवार को जयपुर स्थित बिड़ला ऑडिटोरियम में आयोजित एक भव्य समारोह में प्रदेश के युवाओं के स्वर्णिम भविष्य की नई इबारत लिखी। मुख्यमंत्री ने 'विदेशी भाषा संचार कौशल कार्यक्रम' के अंतर्गत इंग्लिश एंड फॉरेन लैंग्वेजेज यूनिवर्सिटी (EFLU), हैदराबाद और नेशनल स्किल डवलपमेंट कॉर्पोरेशन (NSDC) सहित विभिन्न प्रतिष्ठित संस्थाओं के साथ महत्वपूर्ण समझौतों (MoU) का आदान-प्रदान किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने पिछली सरकार के कार्यकाल में पेपरलीक की घटनाओं को युवाओं के साथ हुआ बड़ा अन्याय बताते हुए कहा कि वर्तमान सरकार ने प्रदेश को इस दंश से मुक्ति दिलाई है और अब तक 351 परीक्षाएं पूरी पारदर्शिता के साथ आयोजित कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है।

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने स्वामी विवेकानंद के आदर्शों को रेखांकित करते हुए युवाओं से विदेशी भाषाओं को सीखकर वैश्विक पटल पर छा जाने का आह्वान किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि फ्रेंच, जर्मन, स्पेनिश, जापानी और कोरियन जैसी भाषाओं का ज्ञान केवल संवाद का माध्यम भर नहीं है, बल्कि यह बहुराष्ट्रीय कंपनियों, अंतरराष्ट्रीय संगठनों और पर्यटन क्षेत्र में रोजगार के द्वार खोलने की कुंजी है। राजस्थान जैसे पर्यटन प्रधान राज्य के लिए भाषा कौशल को एक सेतु बताते हुए उन्होंने कहा कि इससे होटल मैनेजर, गाइड और व्यापारियों को विदेशी पर्यटकों से जुड़ने में अभूतपूर्व सहायता मिलेगी। मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए बताया कि शिक्षा को रोजगार से जोड़ने के लिए 71 नए राजकीय महाविद्यालय खोले गए हैं और सवा लाख नियुक्तियों के साथ-साथ भारी संख्या में नई भर्ती प्रक्रियाएं गतिमान हैं।

समारोह को संबोधित करते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि राजस्थान के युवाओं में नवाचार और उद्यमिता के साथ सांस्कृतिक सामंजस्य की नैसर्गिक प्रतिभा है। उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 का उल्लेख करते हुए बताया कि शिक्षा को बहुभाषी और अंतरराष्ट्रीय बनाना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विजन है। प्रधान ने साझा किया कि यूरोपीय यूनियन के साथ हुए फ्री ट्रेड एग्रीमेंट से भाषाई कौशल रखने वाले युवाओं को बड़े अवसर मिलेंगे और आने वाले समय में राजस्थान की वीर गाथाएं, जैसे पृथ्वीराज चौहान का इतिहास, विदेशी भाषाओं में अनुवादित होकर विश्व तक पहुंचेगी। वहीं, केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) जयंत चौधरी ने कहा कि स्थानीय भाषाएं जहां हमारी जड़ों को मजबूत करती हैं, वहीं विदेशी भाषा कौशल हमारे हुनरमंद युवाओं को वैश्विक मंच प्रदान करेगा। उन्होंने राजस्थान में 'पीएम सेतु' के अंतर्गत हुए उत्कृष्ट कार्यों की भी प्रशंसा की।

इस कार्यक्रम के दौरान स्किल इंडिया इंटरनेशनल सेंटर, जयपुर की स्थापना और नेशनल एंटरप्रेन्योर एम्पावरमेंट ड्राइव के तहत भी विभिन्न समझौतों को अंतिम रूप दिया गया। उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा और कौशल एवं उद्यमिता राज्यमंत्री के.के. विश्नोई ने इन समझौतों को युवाओं की प्रगति का सशक्त माध्यम बताया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने युवाओं के साथ सीधा संवाद किया और ईएफएल यूनिवर्सिटी के जर्नल का विमोचन भी किया। मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास और उच्च शिक्षा सचिव डॉ. विनीत जोशी की उपस्थिति में आयोजित इस कार्यक्रम से 'माय भारत' पोर्टल के माध्यम से प्रदेशभर के युवा जुड़े, जो राजस्थान के कौशल विकास के इतिहास में एक मील का पत्थर साबित होगा।

Updated On
Pratahkal Newsroom

Pratahkal Newsroom

प्रातःकाल न्यूज़-रूम, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, समयबद्ध और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा न्यूज़-रूम राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story