ब्यावर: विश्व क्षय रोग दिवस पर 'हां, हम टीबी को खत्म कर सकते हैं' वार्ता आयोजित
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संजय गहलोत की अध्यक्षता में आयोजित इस वार्ता में निक्षय मित्र योजना और जिले की 110 टीबी मुक्त ग्राम पंचायतों पर चर्चा की गई।

ब्यावर के गीता रेस्त्रां में आयोजित विश्व क्षय रोग दिवस कार्यक्रम के दौरान डॉ. संजय गहलोत, डॉ. अखिलेश वर्मा, डॉ. लोकेश कुमावत और वाजिद अख्तर टीबी उन्मूलन पर जानकारी देते हुए।
ब्यावर (प्रातःकाल संवाददाता)। विश्व क्षय रोग दिवस के उपलक्ष्य में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय, जिला टीबी कार्यक्रम समिति व जिला स्वास्थ्य समिति द्वारा देलवाङा रोङ स्थित गीता रेस्त्रां में 'हां, हम टीबी को खत्म कर सकते हैं' थीम से वार्ता का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम के माध्यम से जिले में टीबी उन्मूलन की दिशा में किए जा रहे प्रयासों और आगामी लक्ष्यों पर विस्तार से चर्चा की गई।
तपेदिक के लक्षण और सरकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी
जिला क्षय रोग निवारण केंद्र के डॉ. अखिलेश वर्मा ने दृश्य प्रयोजक पर तपेदिक रोग के लक्षण, रोकथाम के उपाय, उपलब्ध उपचार, टीके, जांच व उपचार विधि की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने केन्द्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के राष्ट्रीय क्षय रोग उन्मूलन अभियान, प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान, निक्षय पोषण कीट व निक्षय मित्र योजना की जानकारी साझा की। उन्होंने विशेष रूप से बताया कि "तपेदिक रोग से संक्रमित रोगी को उपचार जारी रहने तक एक हजार रूपये प्रतिमाह भुगतान भी किया जाता है।" उल्लेखनीय है कि विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा वर्ष 1993 में 24 मार्च को विश्व क्षय रोग दिवस घोषित किया गया था।
जिले में उपचार की स्थिति और आधुनिक जांच सुविधाएं
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संजय गहलोत ने कहा कि "टीबी आदि काल से चली आ रही घातक वायु जनित उपचार योग्य बीमारी है। जन भागीदारी, जागरूकता व पौष्टिक आहार से टीबी रोग पर काबू पा सकते हैं।" जिले में वर्तमान में 1485 डीएस टीबी व 71 डीआर टीबी के रोगी उपचाराधीन हैं। जिले के अस्पतालों में टीबी रोग की जांच हेतु 12 अत्याधुनिक मशीनें उपलब्ध हैं, जिनसे प्रति माह 1822 मरीजों की जांच की जा रही है।
ग्राम पंचायतों की उपलब्धि और निक्षय मित्रों का सहयोग
अभियान की सफलता को रेखांकित करते हुए बताया गया कि गत वर्ष जिले की 110 ग्राम पंचायतों को टीबी रोग मुक्त किया जा चुका है। वर्तमान में जिले में 1016 निक्षय मित्र नियुक्त हैं जो इस लड़ाई में अपना योगदान दे रहे हैं। इस महत्वपूर्ण वार्ता के दौरान अतिरिक्त मुख्य चिकित्सा व स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. लोकेश कुमावत व जिला कार्यक्रम अधिकारी वाजिद अख्तर भी मौजूद रहे।

Pratahkal Bureau
प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।
