जयपुर में 1500 बैंक शाखाओं पर प्रदर्शन, पांच दिन का बैंक सप्ताह लागू करने की मांग तेज
जयपुर में धारा 163 के चलते केंद्रीय बैंक प्रदर्शन स्थगित होने के बाद 1500 बैंक शाखाओं पर कर्मचारियों ने विरोध जताया। पांच दिन का बैंक सप्ताह, भर्ती और पीएलआई असमानता खत्म करने समेत कई मांगें उठाईं।

तस्वीर में जयपुर में एक बैंक शाखा के बाहर हाथों में मुट्ठियां बांधकर प्रदर्शन और नारेबाजी करते हुए बैंक कर्मचारी और अधिकारी नजर आ रहे हैं।
जयपुर, 27 अगस्त 2026। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) के आह्वान पर बैंक कर्मचारियों की विभिन्न न्यायोचित मांगों को लेकर गुरुवार को प्रस्तावित एकीकृत केंद्रीय प्रदर्शन जयपुर जिला प्रशासन द्वारा नगर निकाय चुनाव-2026 के मद्देनज़र भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 के तहत लागू निषेधाज्ञा के कारण स्थगित कर दिया गया। इसके बाद प्रदर्शन का स्वरूप बदलते हुए प्रदेशभर में बैंक शाखा स्तर पर विरोध प्रदर्शन किए गए।
UFBU राजस्थान के आह्वान पर आंदोलन को प्रभावी रूप से जारी रखते हुए प्रदेशभर में बैंक कर्मचारी अपनी-अपनी शाखाओं एवं कार्यालयों के समक्ष शाम 5 बजे के बाद एकत्रित हुए। कर्मचारियों ने पांच दिन का बैंक सप्ताह लागू करने सहित विभिन्न मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन और नारेबाजी कर विरोध दर्ज कराया।
जयपुर में विभिन्न बैंक शाखाओं पर हुए प्रदर्शनों को UFBU के रामावतार जाखड़, सूरज भान सिंह आमेरा, महेश शर्मा, राजेश जैन, बसंत जम्मड, आर जी शर्मा और राहुल पांडे सहित अन्य नेताओं ने संबोधित किया।
UFBU राजस्थान के संयोजक महेश मिश्रा ने बताया कि जयपुर में कमर्शियल, सहकारी और ग्रामीण बैंकों की 1500 बैंक शाखाओं पर बैंक कर्मचारियों और अधिकारियों ने प्रदर्शन किया। इस दौरान कर्मचारियों ने पांच दिन का कार्य सप्ताह लागू करने, पीएलआई में भेदभाव एवं असमानता समाप्त करने, पर्याप्त संख्या में भर्ती करने, अस्थायी/कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों का नियमितीकरण करने तथा बैंक कर्मचारियों की अन्य लंबित एवं न्यायोचित मांगों के समर्थन में प्रमुखता से नारेबाजी की।
UFBU राजस्थान के संयोजक महेश मिश्रा ने सभी बैंक कर्मचारियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आंदोलन के आगामी कार्यक्रमों की घोषणा शीघ्र की जाएगी और मांगों के समाधान तक संघर्ष को और अधिक व्यापक एवं प्रभावी बनाया जाएगा।
इस तरह धारा 163 के कारण केंद्रीय प्रदर्शन का स्वरूप बदले जाने के बावजूद बैंक कर्मचारियों का विरोध प्रदेशभर में शाखा एवं कार्यालय स्तर पर जारी रहा और पांच दिन के बैंक सप्ताह समेत लंबित मांगों को लेकर कर्मचारियों ने अपना विरोध दर्ज कराया।

