कला, साहित्य और सुरों में पगी एक बसंती विदाई - गुलज़ार की रचनात्मक दुनिया से रू-बरू कराती संध्या ने छुआ मन


आयोजन और सहभागिता

जयपुर, 1 फरवरी। जवाहर कला केंद्र में डेल्फ़िक काउंसिल ऑफ़ राजस्थान द्वारा वेस्ट ज़ोन कल्चरल सेंटर, नॉर्थ ज़ोन कल्चरल सेंटर एवं उस्ताद इमामुद्दीन ख़ान डागर म्यूज़िक एंड कल्चरल सोसायटी के सहयोग से आयोजित दो दिवसीय सांस्कृतिक महोत्सव ‘आयो बसंत’ का समापन कला, साहित्य और सृजनात्मक संवेदनाओं से सजी एक यादगार सांझ के साथ हुआ। दूसरे दिन महोत्सव ने विचार, भाव और अभिव्यक्ति के अनेक रंगों को एक मंच पर समेटते हुए दर्शकों को सृजन के गहरे अनुभव से जोड़ा।


रचनात्मक कार्यशाला: पेपर फ्लावर मेकिंग

  • महोत्सव के दिन का आरंभ कृष्णायन, जवाहर कला केंद्र में आयोजित पेपर फ्लावर मेकिंग वर्कशॉप से हुआ।
  • सुश्री अनुपमा के कुशल संचालन में प्रतिभागियों ने काग़ज़ के माध्यम से सौंदर्य और कल्पना को आकार देना सीखा।
  • युवाओं, विद्यार्थियों और कला प्रेमियों की उत्साहपूर्ण सहभागिता ने कार्यशाला को जीवंत संवाद और रचनात्मक ऊर्जा से भर दिया।

गरिमामय समापन सत्र और अतिथि संबोधन

शाम का समापन सत्र रंगायन सभागार में गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ, जिसमें पुलिस महानिदेशक श्री राजीव कुमार शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम के प्रारम्भ में आईएएस सुश्री श्रेया गुहा ने अतिथियों, कलाकारों एवं दर्शकों का स्वागत किया।

"‘आयो बसंत’ जैसे आयोजन कला और साहित्य को केवल मंच नहीं देते, बल्कि समाज को संवेदनशील और रचनात्मक सोच से जोड़ने का कार्य करते हैं।"

विशेष प्रस्तुति: ‘बात पश्मीने की’

समापन संध्या की विशेष प्रस्तुति ‘बात पश्मीने की’ ने दर्शकों को मशहूर शायर-फिल्मकार गुलज़ार की रचनात्मक दुनिया में ले जाने का कार्य किया। मल्टीमीडिया माध्यम से प्रस्तुत इस कार्यक्रम में गुलज़ार के जीवन प्रसंग, स्मृतियाँ और उनकी साहित्यिक यात्रा के आत्मीय क़िस्से सामने आए। उनके द्वारा रचित कालजयी गीतों की संगीतमय प्रस्तुतियों ने सभागार को भावनाओं से भर दिया और श्रोताओं को देर तक अपनी गिरफ्त में बनाए रखा।


महोत्सव की सराहना

महोत्सव में उपस्थित दर्शकों और अतिथियों ने ‘आयो बसंत’ को साहित्य, संगीत और सांस्कृतिक सौहार्द का सशक्त उत्सव बताते हुए आयोजन की मुक्तकंठ से सराहना की। उन्होंने इसे समकालीन समय में रचनात्मक संवाद, कलात्मक चेतना और सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूती देने वाला एक प्रेरक मंच बताया।

Pratahkal Newsroom

Pratahkal Newsroom

प्रातःकाल न्यूज़-रूम, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, समयबद्ध और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा न्यूज़-रूम राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story