जयपुर। राजस्थान की राजधानी जयपुर के आसमान में इन दिनों राष्ट्रभक्ति की गूँज सुनाई दे रही है। अरावली की गोद में बसी यह ऐतिहासिक नगरी आगामी 8 जनवरी से 15 जनवरी 2026 तक आयोजित होने वाली 'सेना दिवस परेड-2026' की साक्षी बनने जा रही है। यह आयोजन न केवल भारतीय सेना के अदम्य साहस का प्रतीक है, बल्कि राजस्थान के गौरवमयी इतिहास में एक नया स्वर्णिम अध्याय भी जोड़ने जा रहा है। आयोजन की गरिमा और भव्यता को सुनिश्चित करने के लिए प्रदेश का प्रशासनिक अमला और सैन्य अधिकारी दिन-रात तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटे हुए हैं।

इसी सिलसिले में रविवार को प्रदेश के मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास ने जगतपुरा के महल रोड स्थित आयोजन स्थल का सघन दौरा किया। उन्होंने आयोजन स्थल पर बिछी तैयारियों की बिसात का मैप्स और चार्ट के जरिए सूक्ष्मता से विश्लेषण किया। मुख्य सचिव ने स्पष्ट किया कि सेना दिवस परेड का आयोजन पूरे प्रदेश के लिए हर्ष और गर्व का विषय है, जिसे राष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठा और सैन्य परंपराओं के अनुरूप अत्यंत भव्य बनाया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि तैयारियों में किसी भी स्तर पर कोई कमी नहीं रहनी चाहिए और सभी कार्य एक सुनियोजित समयसीमा के भीतर पूर्ण किए जाएं।

मुख्य सचिव ने समीक्षा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था, सुगम यातायात प्रबंधन, दर्शक दीर्घा की क्षमता, मंच की सुसज्जित व्यवस्था, स्वच्छता, विद्युत आपूर्ति और पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं पर विशेष ध्यान केंद्रित किया। इसके साथ ही आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए चिकित्सा सेवाओं और पार्किंग प्रबंधन को लेकर भी पुख्ता ब्लूप्रिंट तैयार करने के निर्देश दिए गए। श्री श्रीनिवास ने इस बात पर जोर दिया कि इस भव्य समारोह के दौरान आम नागरिकों को आवागमन में किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े, इसके लिए प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। राजस्थान सरकार इस राष्ट्रीय उत्सव की सफलता हेतु सेना के साथ कंधे से कंधा मिलाकर पूर्ण सहयोग प्रदान कर रही है।

निरीक्षण के दौरान मुख्य सचिव ने सेना और प्रशासन के अधिकारियों से जमीनी स्तर की चुनौतियों पर चर्चा की और मौके पर ही आवश्यक सुधारात्मक सुझाव दिए। इस महत्वपूर्ण अवसर पर प्रशासनिक और सैन्य नेतृत्व की एक प्रभावशाली उपस्थिति देखी गई, जिसमें प्रमुख शासन सचिव श्री नवीन जैन, जयपुर जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी और नगर निगम आयुक्त डॉ. गौरव सैनी ने तैयारियों का ब्यौरा प्रस्तुत किया। सैन्य पक्ष से मेजर जनरल अमर रामदासानी, मेजर जनरल रोहित मेहरोत्रा, ब्रिगेडियर सुरेन्द्र सिंह शेखावत, ब्रिगेडियर संजय शर्मा और कर्नल सुभाष बसेरा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे, जो इस आयोजन को तकनीकी और सामरिक रूप से अभेद्य बनाने में जुटे हैं।

यह परेड मात्र एक सैन्य अभ्यास नहीं, बल्कि भारतीय सेना और आम जनमानस के बीच के अटूट विश्वास का उत्सव है। जयपुर की धरती पर होने जा रहा यह ऐतिहासिक आयोजन युवाओं में राष्ट्र सेवा का जज्बा पैदा करेगा और पूरी दुनिया को भारत की बढ़ती सैन्य शक्ति और राजस्थान की मेहमाननवाजी का अनुपम परिचय देगा।

Pratahkal Newsroom

Pratahkal Newsroom

प्रातःकाल न्यूज़-रूम, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, समयबद्ध और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा न्यूज़-रूम राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story