मुकदाहान प्रांत में तीर्थयात्रा पर निकले 35 बौद्ध भिक्षुओं के समूह को एक 11 साल के बच्चे ने ट्रक से कुचला, 13 लोग अस्पताल में भर्ती।

थाईलैंड के उत्तर-पूर्वी क्षेत्र में गुरुवार को एक अत्यंत दुखद सड़क दुर्घटना घटित हुई, जिसमें 11 साल के एक नाबालिग लड़के द्वारा चलाए जा रहे पिकअप ट्रक ने तीर्थयात्रा पर निकले बौद्ध भिक्षुओं के समूह को अपनी चपेट में ले लिया। इस भीषण हादसे में नौ भिक्षुओं की घटनास्थल पर ही मौत हो गई और कई अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, मुकदाहान प्रांत के कुल 35 बौद्ध भिक्षु उबोन रत्चाथानी प्रांत तक की 260 किलोमीटर लंबी पैदल तीर्थयात्रा पर निकले थे। यह घटना अपनी यात्रा शुरू करने के मात्र 30 मिनट बाद ही घटित हुई।

प्रत्यक्षदर्शी भिक्षुओं और स्थानीय प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार, तीर्थयात्री भिक्षुओं का समूह सड़क के किनारे एक व्यवस्थित कतार में चल रहा था। तभी अचानक अनियंत्रित हुआ पिकअप ट्रक सड़क से फिसलकर सीधे उनके समूह से जा टकराया। भिक्षुओं ने बताया कि उन्होंने दुर्घटना से कुछ क्षण पहले ही वाहन को सड़क पर लड़खड़ाते और संतुलन खोते हुए देखा था। मुकदाहान के गवर्नर वोरयान बूननारत ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि पांच भिक्षुओं की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि चार अन्य ने अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। इस हादसे में घायल हुए 13 अन्य लोगों को तुरंत निकटतम अस्पताल में भर्ती कराया गया, जिनमें से तीन भिक्षुओं की स्थिति अत्यंत चिंताजनक बनी हुई है।

स्थानीय बचाव समूह 'रुआम जाई मुकदाहान रेस्क्यू एसोसिएशन' द्वारा साझा किए गए फुटेज में घटना के बाद की स्थिति को देखा जा सकता है, जो इस हादसे की गंभीरता को दर्शाता है। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी नाबालिग लड़के को अपनी हिरासत में ले लिया है। चूंकि आरोपी एक अवयस्क है, इसलिए कानून के प्रावधानों के अनुसार, बाल सुरक्षा अधिकारियों (चाइल्ड प्रोटेक्शन ऑफिसर्स) की उपस्थिति में ही उससे पूछताछ की जाएगी। फिलहाल, स्थानीय पुलिस और संबंधित एजेंसियां इस मामले की विस्तृत जांच में जुटी हुई हैं ताकि घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।

इस दुर्घटना ने पूरे क्षेत्र में शोक की लहर पैदा कर दी है। तीर्थयात्रा पर निकले इन भिक्षुओं के लिए यह एक शांतिपूर्ण यात्रा का आरंभ था, जो अचानक एक बड़े मानवीय संकट में बदल गया। सुरक्षा एजेंसियों और स्थानीय प्रशासन के सामने अब इस तरह की घटनाओं को रोकने और सड़क सुरक्षा मानकों को सुनिश्चित करने की बड़ी चुनौती है। जांच का मुख्य केंद्र इस बात पर टिका है कि 11 वर्ष का बालक वाहन तक कैसे पहुंचा और दुर्घटना के पीछे तकनीकी खराबी थी या मानवीय चूक। जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी, कानूनी प्रक्रिया के तहत आरोपी के परिजनों और घटनाक्रम से जुड़े अन्य पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। यह हादसा सड़क सुरक्षा के प्रति बढ़ती लापरवाही और नियमों के पालन की आवश्यकता को पुनः रेखांकित करता है।


Lalita Rajput

Lalita Rajput

इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।

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