भारतीय यात्री बिना वीज़ा कर सकेंगे जर्मनी ट्रांजिट? जानें कब से लागू होगा जर्मनी का ये नया नियम
जर्मनी ने भारतीय यात्रियों के लिए एयरपोर्ट ट्रांजिट वीज़ा की अनिवार्यता समाप्त कर दी है, जो 3 जून 2026 से लागू होगा। अब भारतीय यात्री केवल ट्रांजिट ज़ोन में रहते हुए बिना वीज़ा जर्मन एयरपोर्ट्स से यात्रा कर सकेंगे, जिससे अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिंग फ्लाइट्स और आसान हो जाएंगी।

जर्मनी एयरपोर्ट
यूरोप यात्रा करने वाले भारतीय यात्रियों के लिए एक महत्वपूर्ण और राहत भरी खबर सामने आई है। जर्मनी सरकार ने एयरपोर्ट ट्रांजिट वीज़ा (ATV) की अनिवार्यता को समाप्त करने का निर्णय लिया है, जिसके तहत अब भारतीय पासपोर्ट धारकों को जर्मन एयरपोर्ट्स से केवल ट्रांजिट के दौरान वीज़ा की आवश्यकता नहीं होगी। यह नया नियम 2 जून 2026 को जर्मनी के संघीय कानून राजपत्र (Bundesgesetzblatt) में प्रकाशित किया गया और 3 जून 2026 से प्रभावी हो जाएगा।
इस निर्णय के लागू होने के बाद भारतीय यात्री फ्रैंकफर्ट, म्यूनिख और बर्लिन जैसे प्रमुख जर्मन एयरपोर्ट्स से बिना एयरपोर्ट ट्रांजिट वीज़ा के केवल ट्रांजिट ज़ोन के भीतर रहते हुए आगे की अंतरराष्ट्रीय यात्रा कर सकेंगे। हालांकि यह छूट केवल उन यात्रियों पर लागू होगी जो किसी तीसरे देश की यात्रा कर रहे हों और एयरपोर्ट के अंतरराष्ट्रीय ट्रांजिट क्षेत्र से बाहर न निकलें।
Breaking: Indian nationals will no longer require a transit visa when traveling to another country with a layover at a German airport, annouces Germany pic.twitter.com/FJi8Z2zMuK
— Sidhant Sibal (@sidhant) June 2, 2026
जर्मन दूतावास द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, यह कदम जनवरी में भारत यात्रा के दौरान जर्मनी के संघीय चांसलर फ्रेडरिक मर्ज़ की यात्रा के दौरान बनी सहमति का परिणाम है। दूतावास ने अपने बयान में कहा कि यह निर्णय भारत-जर्मनी संबंधों को मजबूत करने, लोगों की आवाजाही को आसान बनाने और आर्थिक सहयोग को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
इस नए नियम के लागू होने के बाद भारतीय यात्रियों को अब जर्मनी के माध्यम से ट्रांजिट करते समय अतिरिक्त वीज़ा प्रक्रिया और खर्च से राहत मिलेगी, जिससे अमेरिका, कनाडा, ब्रिटेन और लैटिन अमेरिका जैसे देशों की कनेक्टिंग फ्लाइट्स अधिक सरल और सुविधाजनक हो जाएंगी।
हालांकि अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि कोई यात्री जर्मनी में प्रवेश करना चाहता है, एयरपोर्ट के ट्रांजिट क्षेत्र से बाहर निकलता है या टर्मिनल बदलने के लिए इमिग्रेशन प्रक्रिया से गुजरता है, तो उसके लिए शेंगेन वीज़ा की आवश्यकता पहले की तरह बनी रहेगी। एयरलाइंस के चेक-इन नियम और TIMATIC दिशानिर्देश भी लागू रहेंगे, और संक्रमण काल के दौरान मामलों की जांच एयरलाइन स्तर पर की जा सकती है।
यह फैसला भारत और जर्मनी के बीच बढ़ते रणनीतिक और आर्थिक संबंधों का प्रतीक माना जा रहा है, जो अंतरराष्ट्रीय यात्रा व्यवस्था को और अधिक सुगम बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण परिवर्तन साबित हो सकता है।

Manyaa Chaudhary
यह 'प्रातःकाल' में एसोसिएट एडिटर के पद पर हैं। और पिछले दो वर्षों से इन्हें रिपोर्टिंग और इवेंट मैनेजमेंट का अनुभव है। इससे पहले इन्होंने 'स्वदेश न्यूज़ चैनल' में बतौर ट्रेनी रिपोर्टर काम किया है। ये विशेष रूप में मनोरंजन, स्पोर्ट्स, और क्राइम रिपोर्टिंग क्षेत्र में समर्थ हैं। अभी यह जर्नलिज्म की पढाई कर रही हैं।
