भारतीय रेल की महत्वाकांक्षी अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत गोधरा रेलवे स्टेशन का 7 करोड़ रुपये की लागत से व्यापक पुनर्विकास पूरा कर लिया गया है। इस परियोजना के तहत स्टेशन को आधुनिक, सुगम, सुरक्षित और यात्री-केंद्रित स्वरूप प्रदान किया गया है, जिससे यात्रियों को बेहतर सुविधाएं और उत्कृष्ट यात्रा अनुभव उपलब्ध होगा। भारतीय रेल देशभर के रेलवे स्टेशनों को आधुनिक स्वरूप देने तथा सुरक्षित, आरामदायक और बेहतर यात्रा अनुभव सुनिश्चित करने की दिशा में लगातार कार्य कर रही है और गोधरा रेलवे स्टेशन का कायाकल्प उसी अभियान का हिस्सा है।

वडोदरा मंडल के मंडल रेल प्रबंधक श्री राजू भडके ने बताया कि अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत गोधरा रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास भारतीय रेल की यात्री-केंद्रित और आधुनिक अधोसंरचना विकसित करने की प्रतिबद्धता का सशक्त उदाहरण है। उन्होंने कहा कि इस परियोजना के माध्यम से स्टेशन को आधुनिक सुविधाओं, बेहतर सुगमता, उन्नत सुरक्षा व्यवस्था और विश्वस्तरीय यात्री सुविधाओं से सुसज्जित किया गया है। उनके अनुसार विकसित स्टेशन यात्रियों को अधिक सुरक्षित, सुविधाजनक और सुखद यात्रा अनुभव प्रदान करेगा तथा क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास को भी नई गति देगा।

पुनर्विकास कार्य के तहत मुख्य स्टेशन भवन का अत्याधुनिक रूप में आधुनिकीकरण किया गया है। स्टेशन पर लगभग 1000 वर्गमीटर क्षेत्रफल का आकर्षक फसाड (Façade), 120 वर्गमीटर का पोर्च और 700 वर्गमीटर का विशाल कॉन्कोर्स हॉल विकसित किया गया है। यात्रियों, विशेषकर महिलाओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए 60 वर्गमीटर का आधुनिक महिला प्रतीक्षालय भी बनाया गया है।

यात्रियों की बढ़ती आवश्यकताओं को देखते हुए स्टेशन के द्वितीय प्रवेश द्वार (Second Entry) का भी विकास किया गया है। इसके अंतर्गत 650 वर्गमीटर क्षेत्रफल का नया स्टेशन भवन और 1500 वर्गमीटर का सर्कुलेटिंग एरिया तैयार किया गया है, जिससे यात्रियों की आवाजाही अधिक सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित हुई है।

गोधरा रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या 1, 2/3 और 4/5 का व्यापक आधुनिकीकरण किया गया है। लगभग 6000 वर्गमीटर क्षेत्र में उच्च गुणवत्ता वाली प्लेटफॉर्म सरफेसिंग, स्वच्छ पेयजल के लिए आधुनिक वाटर टैप्स, उन्नत एवं स्वच्छ शौचालय, दृष्टिबाधित यात्रियों की सुगम आवाजाही के लिए टैक्टाइल टाइल्स तथा आधुनिक साइनेज और यात्री सूचना प्रणाली विकसित की गई है। इन आधुनिक और यात्री-केंद्रित विकास कार्यों के परिणामस्वरूप यात्रियों की सुरक्षा, सुविधा, स्वच्छता, सुगमता और समग्र यात्रा अनुभव में उल्लेखनीय सुधार हुआ है, जिससे गोधरा रेलवे स्टेशन अधिक सुलभ, सुरक्षित और आधुनिक परिवहन केंद्र के रूप में स्थापित हुआ है।

स्टेशन परिसर में यातायात संचालन को अधिक सुव्यवस्थित और यात्रियों की सुविधा को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से व्यापक आधारभूत विकास कार्य भी किए गए हैं। वर्तमान 4000 वर्गमीटर सर्कुलेटिंग एरिया के साथ 1500 वर्गमीटर के नए प्रवेश क्षेत्र का विकास किया गया है। इसके अलावा 2000 वर्गमीटर क्षेत्र में सुव्यवस्थित स्कूटर पार्किंग तथा 2000 वर्गमीटर क्षेत्र में आधुनिक एप्रोच रोड का निर्माण भी पूरा किया गया है। इन विकास कार्यों से स्टेशन परिसर में वाहनों की आवाजाही अधिक सुचारु और सुरक्षित हुई है, यातायात प्रबंधन को नई गति मिली है तथा यात्रियों को निर्बाध, सुविधाजनक और बेहतर यात्रा अनुभव उपलब्ध हो रहा है। यह आधुनिक अवसंरचना स्टेशन को अधिक व्यवस्थित, सुगम और यात्री-केंद्रित परिवहन केंद्र के रूप में सुदृढ़ बनाती है।

यात्रियों को धूप, वर्षा और प्रतिकूल मौसम से सुरक्षा प्रदान करने के लिए प्लेटफॉर्म संख्या 1, 2/3 और 4/5 पर कुल 3000 वर्गमीटर क्षेत्रफल में कवर ओवर प्लेटफॉर्म (COP) का निर्माण किया गया है।

गोधरा रेलवे स्टेशन को सभी यात्रियों के लिए अधिक सुगम, समावेशी और यात्री-अनुकूल बनाने के उद्देश्य से विभिन्न आधुनिक सुविधाओं का विकास किया गया है। दिव्यांगजन, वरिष्ठ नागरिकों और अन्य यात्रियों की सहज आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए लिफ्ट सुविधाएं स्थापित की गई हैं। साथ ही स्टेशन फसाड एवं एलिवेशन का आकर्षक सौंदर्यीकरण, प्रतीक्षालयों और आंतरिक क्षेत्रों का आधुनिकीकरण, शौचालयों का उन्नयन तथा अतिरिक्त शौचालयों का निर्माण भी सफलतापूर्वक पूरा किया गया है। इसके अतिरिक्त यात्री सुविधाओं के विस्तार और आवागमन व्यवस्था में व्यापक सुधार कर स्टेशन को अधिक सुरक्षित, सुविधाजनक, स्वच्छ और आधुनिक स्वरूप प्रदान किया गया है। ये विकास कार्य भारतीय रेल की यात्री-केंद्रित, समावेशी और विश्वस्तरीय अधोसंरचना विकसित करने की प्रतिबद्धता को सशक्त रूप से प्रतिबिंबित करते हैं।

गोधरा रेलवे स्टेशन का यह पुनर्विकास भारतीय रेल की "आधुनिक, सुगम एवं यात्री-केंद्रित स्टेशन" विकसित करने की प्रतिबद्धता को साकार करता है। यह परियोजना न केवल यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराएगी, बल्कि क्षेत्रीय रेल अवसंरचना को भी सुदृढ़ बनाएगी तथा भविष्य की यात्री आवश्यकताओं को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

Naresh Ameta (Mumbai)

Naresh Ameta (Mumbai)

नरेश अमेटा (मुंबई), प्रात:काल समाचार वेबसाइट के अनुभवी संवाददाता हैं। मुंबई से कार्यरत नरेश जी समाचार की सटीकता और निष्पक्षता के लिए जाने जाते हैं। वे प्रमुख राष्ट्रीय और स्थानीय खबरों की रिपोर्टिंग करते हैं और अपने विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण से पाठकों को घटनाओं की गहरी समझ प्रदान करते हैं। नरेश जी की लेखनी में तथ्यपरक जानकारी के साथ-साथ घटनाओं की ताज़ा और भरोसेमंद प्रस्तुति देखने को मिलती है, जो प्रात:काल के पाठकों के लिए समाचार अनुभव को और समृद्ध बनाती है।

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