Republic Day 2026 : 26 जनवरी को दिखेगा 'सिंदूर' फॉर्मेशन; सात फाइटर जेट्स दिखाएंगे जलवा
गणतंत्र दिवस 2026 पर कर्तव्य पथ के ऊपर पहली बार दिखेगा 'सिंदूर' फॉर्मेशन। 'ऑपरेशन सिंदूर' की जीत को समर्पित इस फ्लाई पास्ट में राफेल, सुखोई और मिग-29 सहित 29 विमान अपनी ताकत दिखाएंगे। जानें 77वें गणतंत्र दिवस पर वायुसेना के विशेष फॉर्मेशन्स, युवा नेतृत्व और 'वंदे मातरम' के 150 वर्ष के उपलक्ष्य में होने वाले ऐतिहासिक कार्यक्रमों की पूरी जानकारी।

Republic Day : भारत का 77वां गणतंत्र दिवस इस बार न केवल संवैधानिक गौरव का उत्सव होगा, बल्कि यह भारतीय वायुसेना के उस अदम्य साहस का जीवंत गवाह भी बनेगा, जिसने सीमा पार आतंकी ढांचे की कमर तोड़ दी थी। कर्तव्य पथ के आसमान में इस वर्ष होने वाला फ्लाई पास्ट ऐतिहासिक होने जा रहा है, क्योंकि यहाँ पहली बार 'सिंदूर' फॉर्मेशन के माध्यम से उस रणनीतिक विजय को सलाम किया जाएगा, जिसने 'ऑपरेशन सिंदूर' के तहत दुश्मन के नौ आतंकी ठिकानों को जमींदोज कर दिया था।
आसमान में शौर्य की इबारत: 'सिंदूर' फॉर्मेशन
परेड का सबसे रोमांचक क्षण वह होगा जब वायुसेना के सात घातक लड़ाकू विमान एक साथ 'सिंदूर' फॉर्मेशन में उड़ान भरेंगे। यह फॉर्मेशन विशेष रूप से उन जांबाज विमानों को समर्पित है जिन्होंने पिछले वर्ष पाकिस्तान और पीओके में सर्जिकल स्ट्राइक जैसी सटीकता के साथ मिशन को अंजाम दिया था।
इस विशेष दस्ते में शामिल आधुनिक बेड़ा:
- राफेल (2 विमान): अपनी मारक क्षमता और 'स्कैल्प' मिसाइलों के लिए प्रसिद्ध।
- सुखोई-30 MKI (2 विमान): भारतीय आसमान का सबसे भरोसेमंद योद्धा।
- मिग-29 (2 विमान): त्वरित प्रहार के लिए विख्यात।
- जगुआर (1 विमान): 'डीप पेनिट्रेशन' स्ट्राइक में माहिर।
फ्लाई पास्ट 2026: स्वदेशी शक्ति और आधुनिकता का संगम
भारतीय वायुसेना के अनुसार, इस वर्ष कुल 29 विमान फ्लाई पास्ट का हिस्सा बनेंगे। इस बेड़े में 16 फाइटर जेट, 4 ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट और 9 हेलीकॉप्टर शामिल हैं। कार्यक्रम की शुरुआत एमआई-17 (Mi-17) हेलीकॉप्टरों द्वारा 'ध्वज फॉर्मेशन' के साथ होगी, जो तिरंगे के साथ-साथ तीनों सेनाओं के ध्वज फहराते हुए दर्शकों में राष्ट्रभक्ति का ज्वार भरेंगे।
इसके अतिरिक्त, वायुसेना की मारक क्षमता को 'प्रहार', 'गरुड़', 'वरुणा', 'वजरंग' और 'विजय' जैसे विभिन्न जटिल फॉर्मेशन्स के जरिए प्रदर्शित किया जाएगा। स्वदेशी एलसीएच (LCH) और एएलएच (ALH) के साथ आधुनिक अपाचे हेलीकॉप्टर भी अपनी ताकत दिखाएंगे।
युवा नेतृत्व और 'वंदे मातरम' के 150 वर्ष :
इस वर्ष का समारोह विशेष रूप से राष्ट्रगीत 'वंदे मातरम' के गौरवशाली 150 वर्षों को समर्पित है। समारोह के हर पहलू में इसकी स्पष्ट छाप दिखेगी। सैन्य अनुशासन की कमान युवा कंधों पर होगी:
- स्क्वाड्रन लीडर हेमंत सिंह कन्यार राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर गार्ड ऑफ ऑनर के कमांडर होंगे।
- फ्लाइट लेफ्टिनेंट अक्षिता ढांकर कर्तव्य पथ पर ध्वजारोहण की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभालेंगी।
- स्क्वाड्रन लीडर जगदेश कुमार के नेतृत्व में वायुसेना का मार्चिंग दल अपनी सटीक कदमताल से दुनिया को भारतीय सेना के अनुशासन का परिचय देगा।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
