संघर्षग्रस्त डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (डीआर कांगो) में संयुक्त राष्ट्र शांति मिशन के तहत सेवा दे रहे 651 भारतीय सैनिकों को शुक्रवार को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए संयुक्त राष्ट्र पदकों से सम्मानित किया गया। भारतीय सैनिक दो दशकों से अधिक समय से अफ्रीका के सबसे चुनौतीपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में से एक में अपनी सेवाएं दे रहे हैं।

यह पदक परेड नॉर्थ किवू प्रांत के साके स्थित परमानेंट ऑपरेटिंग बेस में संयुक्त राष्ट्र संगठन स्थिरीकरण मिशन इन द डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ द कांगो (MONUSCO) के तहत आयोजित की गई। समारोह में संयुक्त राष्ट्र के वरिष्ठ अधिकारी, फोर्स मुख्यालय के प्रतिनिधि और सैन्य कमांडर मौजूद रहे।

भारतीय सेना ने शनिवार को कहा कि ये पदक MONUSCO के तहत सेवा के दौरान बटालियन की असाधारण पेशेवर क्षमता, परिचालन उत्कृष्टता और अटूट समर्पण की मान्यता हैं। सेना के अनुसार, पूर्वी कांगो में लगातार जारी सशस्त्र हिंसा और बिगड़ते मानवीय संकट के बावजूद भारतीय दल ने नागरिकों की सुरक्षा, मानवीय सहायता उपलब्ध कराने और संयुक्त राष्ट्र के जनादेश के क्रियान्वयन में लगातार योगदान दिया है।

भारत वर्ष 2005 से MONUSCO में सैनिक तैनात कर रहा है और आज भी इस मिशन में सबसे बड़े तथा सबसे अनुभवी योगदानकर्ताओं में शामिल है। भारतीय टुकड़ियां नियमित रूप से नागरिकों की सुरक्षा, क्षेत्रीय प्रभुत्व गश्त, काफिलों की सुरक्षा, चिकित्सा सहायता और मानवीय पहुंच से जुड़े अभियान संचालित करती रही हैं। नॉर्थ किवू में हाल के महीनों में सशस्त्र समूहों की हिंसा कई बार बढ़ी है, जिसके कारण संयुक्त राष्ट्र मिशन की प्रस्तावित चरणबद्ध वापसी की प्रक्रिया भी प्रभावित हुई है।

इससे पहले मई में MONUSCO में तैनात लांस हवलदार हरभजन सिंह और संयुक्त राष्ट्र मिशन इन साउथ सूडान (UNMISS) में तैनात नायब सूबेदार सुजीत कुमार प्रधान को उनकी सेवा के लिए मरणोपरांत डैग हैमरशोल्ड मेडल से सम्मानित किया गया था। यह संयुक्त राष्ट्र का सर्वोच्च सम्मान है, जो ड्यूटी के दौरान शहीद होने वाले शांति सैनिकों को प्रदान किया जाता है।

संयुक्त राष्ट्र के ध्वज तले सेवा देते हुए अब तक लगभग 180 भारतीय शांति सैनिकों ने अपने प्राण न्योछावर किए हैं, जो सैनिक योगदान देने वाले देशों में सबसे अधिक संख्या है।

भारत ने 1950 के दशक से अब तक लगभग 50 संयुक्त राष्ट्र शांति अभियानों में 2,00,000 से अधिक सैन्य कर्मियों का योगदान दिया है, जिससे शांति स्थापना भारत की सैन्य कूटनीति के प्रमुख स्तंभों में शामिल हो गई है।

वर्तमान में भारत डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो, दक्षिण सूडान, लेबनान, अबिये, मध्य अफ्रीकी गणराज्य, साइप्रस, सोमालिया, पश्चिमी सहारा और मध्य पूर्व में संचालित संयुक्त राष्ट्र के नौ मिशनों में 4,200 से अधिक सैन्य और पुलिस कर्मियों की तैनाती किए हुए है।

भारतीय सेना ने कहा कि यह पदक समारोह संयुक्त राष्ट्र के ब्लू फ्लैग के तहत सर्वोच्च स्तर की पेशेवर प्रतिबद्धता, सत्यनिष्ठा और निस्वार्थ सेवा के मानकों को बनाए रखने के लिए भारतीय दल की प्रतिबद्धता की पुनर्पुष्टि करता है।

Pratahkal Newsroom

Pratahkal Newsroom

प्रातःकाल न्यूज़-रूम, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, समयबद्ध और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा न्यूज़-रूम राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story