नोहर स्थित राजकीय उप जिला चिकित्सालय में ओपीडी समय के दौरान चिकित्सकों के नदारद रहने की निरंतर मिल रही शिकायतों के बीच सोमवार को प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. नवनीत शर्मा ने स्वयं चिकित्सालय पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया, जहां मरीजों और उनके परिजनों ने अव्यवस्थाओं को लेकर आक्रोश व्यक्त किया। ग्रामीणों ने डॉ. शर्मा के समक्ष चिकित्सकों के ओपीडी से गायब रहने, समय पर उपचार न मिलने और निजी लैब से महंगी जांचें करवाने के लिए दबाव बनाने जैसी गंभीर समस्याएं रखीं।

प्रशासनिक जांच के दौरान विशेष रूप से हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. रोहित शेखु और नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. राजकुमार छिम्पा की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हुए। इन दोनों चिकित्सकों के विरुद्ध लंबे समय से ड्यूटी के दौरान अनुपस्थित रहने की शिकायतें प्राप्त हो रही थीं, जिस पर संज्ञान लेते हुए सीएमएचओ ने पिछले तीन महीनों के ओपीडी रिकॉर्ड, उपचार दस्तावेजों और मरीजों की संख्या की गहन जांच के निर्देश जारी किए हैं। डॉ. शर्मा ने स्पष्ट किया कि दस्तावेजों के मिलान के उपरांत ही संबंधितों की जिम्मेदारी तय कर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

इस प्रकरण में शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. प्रेम कस्वां भी जांच के दायरे में शामिल हैं। उन पर आरोप है कि उन्होंने मरीजों को लगभग 2000 रुपए तक की जांचें किसी विशेष निजी लैब से कराने के लिए विवश किया। प्रशासन ने इस पर कड़ा रुख अपनाते हुए आदेश दिए हैं कि कोई भी चिकित्सक किसी विशेष लैब के लिए मरीज को बाध्य नहीं कर सकता। इसके अतिरिक्त, संबंधित निजी लैब की रेट लिस्ट, शुल्क और कार्यप्रणाली की भी विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है। डॉ. शर्मा ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि यदि मरीजों से अधिक वसूली या किसी भी प्रकार की अनियमितता पाई गई, तो लैब का लाइसेंस तक रद्द कर दिया जाएगा।

अस्पताल के भीतर अनुशासन सुनिश्चित करने हेतु ओपीडी समय में लापरवाही बरतने वाले स्टाफ और डॉक्टरों के विरुद्ध निगरानी व्यवस्था को सुदृढ़ कर दिया गया है। भविष्य में अनुपस्थिति पाए जाने पर कड़ी विभागीय कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। इसी बीच, अस्पताल में चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार हेतु हड्डी एवं नेत्र रोग से संबंधित आधुनिक मशीनें स्थापित करने का प्रस्ताव उच्च स्तर पर भेजने का निर्णय लिया गया है, ताकि मरीजों को स्थानीय स्तर पर गुणवत्तापूर्ण इलाज मिल सके। प्रशासन की इस सख्त कार्यप्रणाली से संकेत मिलता है कि आने वाले दिनों में जांच रिपोर्ट के आधार पर बड़ी कार्रवाई होना निश्चित है, जिससे क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं में व्यापक सुधार की अपेक्षा है।


Pratahkal Hub

Pratahkal Hub

प्रातःकाल हब, दै.प्रातःकाल की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा प्रातःकाल हब राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।"

Next Story