गंगापुर सिटी में डांडिया महोत्सव, गृहणियों का हुआ सम्मान
महिला जागृति संस्थान द्वारा आयोजित समारोह में 700 से अधिक महिलाओं और बालिकाओं ने लिया भाग, नवनिर्वाचित पार्षदों का भी हुआ अभिनंदन।

गंगापुर सिटी में आयोजित समारोह के दौरान महिलाओं को सम्मानित करते अतिथिगण.
गंगापुर सिटी। महिला जागृति संस्थान (सर्व समाज) की ओर से 16 अक्टूबर को भगवती पैलेस में आयोजित डांडिया महोत्सव एवं गृहणी मां अन्नपूर्णा सम्मान समारोह में 700 से अधिक महिलाओं और बालिकाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। पारंपरिक डांडिया और गरबा नृत्य के बीच गृहणियों को उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में नगर परिषद सभापति कृष्ण कुमार गोयल सहित नवनिर्वाचित पार्षदों का भी अभिनंदन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि नगर परिषद सभापति कृष्ण कुमार गोयल और विशिष्ट अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर पूर्व अध्यक्ष अग्रवाल शिक्षण संस्थान ओमप्रकाश धर्म कांटा, भावना गोयल, पूर्व सभापति संगीता वोहरा, पूर्व चेयरमैन गीता देवी नरूका, जीपीएस स्कूल की डायरेक्टर पूजा अग्रवाल, समाजसेवी नीरज दीक्षित और पार्षद रत्ना गुप्ता सहित अन्य अतिथि उपस्थित रहे।
संस्थान की जिलाध्यक्ष डॉ. कुसुम गुप्ता ने कहा कि परिवार और समाज को संभालने में गृहणियों का योगदान अतुलनीय है। महिलाएं दिन-रात मेहनत करके परिवार की जिम्मेदारियां निभाती हैं। उनकी पाक कला, सेवाभाव, त्याग और समर्पण को पहचान देने के उद्देश्य से गृहणी मां अन्नपूर्णा सम्मान प्रदान किया गया। सम्मानित महिलाओं को दुपट्टा, प्रमाण पत्र और आकर्षक उपहार भेंट किए गए।
समारोह के दौरान नवनिर्वाचित सभापति कृष्ण कुमार गोयल और पार्षदों का माला, दुपट्टा, साफा तथा स्मृति चिह्न भेंट कर भव्य अभिनंदन किया गया। अतिथियों ने कहा कि भारतीय संस्कृति में नारी को शक्ति और मां अन्नपूर्णा का स्वरूप माना गया है। नारी परिवार की प्रमुख प्रबंधिका होने के साथ भावी पीढ़ी की निर्माता भी है। महिलाओं के त्याग और मेहनत को पहचानकर उन्हें सम्मान देना सशक्त एवं समृद्ध समाज के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
डांडिया महोत्सव के दौरान माता रानी के भजनों और पारंपरिक गरबा गीतों की धुन पर महिलाओं एवं बालिकाओं ने उत्साह के साथ नृत्य किया। रंग-बिरंगे पारंपरिक परिधानों में सजी महिलाओं की सामूहिक प्रस्तुतियों से भगवती पैलेस का वातावरण भक्तिमय और उल्लासपूर्ण हो गया। वैष्णवी गुप्ता की देवी की सजीव झांकी ने उपस्थित लोगों का मन मोह लिया। वहीं, एडवोकेट मनीष माना ने कविता पाठ कर समां बांध दिया।
संयोजक मंडल की ओर से आयोजित सरप्राइज गिफ्ट, लकी ड्रॉ और प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता के विजेताओं को आकर्षक उपहार प्रदान किए गए। भामाशाहों को पक्षी सेवा सहयोगी और सीमेंट बेंच सहयोगकर्ता सहित विभिन्न सम्मानों से सम्मानित किया गया। इस दौरान संस्थान के नए सदस्यों का भी अभिनंदन किया गया।
कार्यक्रम का संचालन महेश गुप्ता सर्वेयर और वंदना सिंघल ने किया। संस्थान की जिला महामंत्री अर्चना गोयल एवं जिला कोषाध्यक्ष सुनीता गुप्ता ने आयोजन की जानकारी दी।
समारोह में आकांक्षा अग्रवाल, प्रज्ञा, पुष्पा, मंजूलता मौर्य, मुक्ता, कोमल लखवानी, अलका शर्मा, महादेवी वर्मा, अनीता प्रजापत, नीलम जैन, सोनिया माखीजा, चांदनी माखीजा, सुषमा जैन, ममता सैनी, रजनी, शीला प्रजापति, मोहिनी हेमनानी, चंचल गुप्ता, योगिता शर्मा, पिंकी सैनी, आकांक्षा खंडेलवाल, वीना पटेल, रेणुका शर्मा और लक्ष्मी जोशी, मालती जोशी सहित सैकड़ों महिलाएं एवं बालिकाएं उपस्थित रहीं। आयोजन में गृहणियों के योगदान को सम्मान देने के साथ पारंपरिक सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और सामाजिक सहभागिता को प्रमुखता मिली।

Madan Mohan Garg(Gangapur City)
नाम: मदन मोहन गर्ग
वर्तमान पद: ब्यूरो चीफ (दैनिक प्रातःकाल, गंगापुर सिटी)
कार्यक्षेत्र: गंगापुर सिटी विधानसभा क्षेत्र सहित सवाई माधोपुर और करौली जिला
बीट: प्रशासनिक समाचार, सामाजिक कार्यक्रम, जनसमस्याएं एवं सभी क्षेत्र
परिचय
मदन मोहन गर्ग राजस्थान के गंगापुर सिटी क्षेत्र के वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'दैनिक प्रातःकाल' में गंगापुर सिटी के ब्यूरो चीफ के रूप में कार्यरत हैं। उनका मुख्य कार्यक्षेत्र गंगापुर सिटी विधानसभा सहित सवाई माधोपुर और करौली जिला है। वह स्थानीय जनसमस्याओं, प्रशासनिक गतिविधियों, सरकारी योजनाओं और सामाजिक कार्यक्रमों सहित सभी क्षेत्रों की खबरों को नियमित रूप से कवर करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव
मदन मोहन गर्ग को क्षेत्रीय पत्रकारिता का लंबा अनुभव है। वह साल 2015 से लगातार 'दैनिक प्रातःकाल' समाचार पत्र से जुड़े हुए हैं और क्षेत्र में समाचार संकलन व ब्यूरो संचालन का कार्य संभाल रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
वह उच्च शिक्षित हैं और उनकी शैक्षणिक योग्यता इस प्रकार है:
- बी.ए. (B.A.) और बी.एड. (B.Ed.)
- एम.ए. (M.A.) और एम.एड. (M.Ed. - मास्टर ऑफ एजुकेशन)
