नए साल की पहली सुबह; पुरी में भक्तों ने किया महाप्रभु जगन्नाथ का अभिषेक दर्शन
नए साल 2026 की पहली सुबह पुरी स्थित श्री जगन्नाथ मंदिर में देशभर के श्रद्धालु महाप्रभु के दर्शन के लिए पहुंचे। कोहरे और ठंड के बावजूद भक्तों की लंबी कतारें और विशेष अनुष्ठानों ने मंदिर परिसर को भक्तिभाव से सराबोर कर दिया। अमृतसर में भी संगत ने नए साल की शुरुआत धार्मिक उत्सव के साथ की।

Puri temple New Year 2026 : साल 2026 की पहली सुबह भारत के विभिन्न हिस्सों से आए श्रद्धालुओं के लिए विशेष रही, जब वे घने कोहरे के बावजूद पुरी स्थित श्री जगन्नाथ मंदिर में महाप्रभु के दर्शन के लिए पहुंचे। ब्रह्म मुहूर्त से ही मंदिर परिसर जय जगन्नाथ के जयकारों से गूंज उठा और भक्तों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। कोहरे और ठंड के बावजूद भक्तों का उत्साह बरकरार रहा, जिससे मंदिर प्रशासन को भी विस्तृत सुरक्षा और व्यवस्थाओं की तैयारी करनी पड़ी।
मंदिर प्रशासन ने बताया कि निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सभी अनुष्ठान सुचारू रूप से चल रहे हैं। पुलिस, जिला प्रशासन और मंदिर प्रबंधन ने मिलकर श्रद्धालुओं के सुरक्षित दर्शन सुनिश्चित करने के लिए पर्याप्त इंतजाम किए हैं। मंदिर में फूलों और रंग-बिरंगी रोशनी से भव्य सजावट की गई है और विशेष अनुष्ठानों के आयोजन के लिए भक्तों ने पहले से बुकिंग कराई थी। महाभोग और पूजन-प्रक्रिया भी उत्सव के अनुसार आयोजित की गई।
पुरी के साथ-साथ अन्य धार्मिक स्थलों पर भी नए साल का उत्सव श्रद्धा और भक्ति के रंग में डूबा रहा। अमृतसर के श्री हरमंदिर साहिब में घने कोहरे के बीच संगत की भीड़ जुटी और पीली-सफेद झिलमिलाती लाइटों से सजा गुरुद्वारा भक्तों को नया साल आध्यात्मिक उमंग में मनाने का अवसर प्रदान कर रहा था।
साल की पहली सुबह धार्मिक स्थलों पर उमड़ी भारी भीड़ यह दर्शाती है कि नए साल की शुरुआत भारत में आध्यात्मिक और सांस्कृतिक महत्व के साथ होती है। श्रद्धालुओं की उपस्थिति और व्यवस्थाओं की पूर्ण तैयारी दोनों ही उत्सव के सुचारू संचालन में महत्वपूर्ण साबित हुए हैं।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
