इस दुर्गाष्टमी कैसे पाएं माँ दुर्गा का आशीर्वाद ; जानें पूजा और व्रत की सही विधि
मासिक दुर्गाष्टमी 2025 रविवार, 28 दिसंबर को पड़ रही है। अश्टमी तिथि 27 दिसंबर दोपहर से प्रारंभ होकर 28 दिसंबर प्रातः समाप्त होगी। इस दिन भक्त मां दुर्गा के व्रत, पूजा और प्रसाद के माध्यम से शक्ति, सुरक्षा और समृद्धि प्राप्त करते हैं। वर्ष के अंतिम सप्ताह में यह अवसर विशेष धार्मिक महत्व रखता है।

मासिक दुर्गाष्टमी
हर महीने की तरह इस दिसंबर में भी भक्तजन मासिक दुर्गाष्टमी के अवसर पर मां दुर्गा की आराधना करेंगे। यह साल का विशेष धार्मिक पर्व रविवार, 28 दिसंबर, 2025 को पड़ रहा है। तिथि अनुसार, अश्टमी का शुभ समय 27 दिसंबर को दोपहर 1:09 बजे से प्रारंभ होकर 28 दिसंबर को प्रातः 11:59 बजे तक रहेगा। मुख्य पूजा और व्रत का पालन 28 दिसंबर को सुबह से किया जाएगा, जब उदय तिथि का समय प्रारंभ होता है।
मासिक दुर्गाष्टमी का महत्व शक्ति, सुरक्षा और समृद्धि की प्राप्ति से जुड़ा हुआ है। इस दिन श्रद्धालु मां दुर्गा के विभिन्न रूपों की पूजा कर उनके आशीर्वाद की कामना करते हैं। पारंपरिक रूप से, दिन की शुरुआत जल्दी उठकर स्नान और साफ वस्त्र पहनकर की जाती है, जिसमें लाल रंग के वस्त्र पहनना विशेष शुभ माना जाता है। इसके पश्चात व्रत का संकल्प लिया जाता है और माँ दुर्गा को फूल, मिठाई और अन्य प्रसाद अर्पित किए जाते हैं।
भक्त दिनभर मां दुर्गा के मंत्रों का जाप करते हुए, आरती और हवन आदि धार्मिक अनुष्ठानों में भाग लेते हैं। इस दौरान पूजा में प्रयोग होने वाले प्रसाद में लड्डू, नारियल, फल, गुड़ और खीर प्रमुख होते हैं। शाम के समय उपवास का समापन आरती और प्रार्थना के बाद ही किया जाता है।
धार्मिक विद्वानों और पौराणिक ग्रंथों के अनुसार, मासिक दुर्गाष्टमी का पालन न केवल आध्यात्मिक लाभ प्रदान करता है बल्कि मानसिक शांति और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार भी करता है। यह दिन साल के अंतिम सप्ताह में पड़ने के कारण भक्तों को आत्मावलोकन और नए संकल्प लेने का अवसर भी प्रदान करता है। मंदिरों और धार्मिक संस्थानों में इस दिन विशेष कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है, जिसमें भजन, कीर्तन और कथा का आयोजन प्रमुख रूप से शामिल होता है।
मासिक दुर्गाष्टमी का महत्व केवल पूजा और व्रत तक सीमित नहीं है। इसे सामाजिक और सांस्कृतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना जाता है। श्रद्धालु इस दिन अपने परिवार और समाज में सौहार्द, शांति और समृद्धि की कामना करते हुए पूरे उत्साह और भक्ति के साथ मां दुर्गा की आराधना करते हैं। इस प्रकार, मासिक दुर्गाष्टमी न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है, बल्कि यह जीवन में आध्यात्मिक और मानसिक सशक्तिकरण का भी माध्यम है।
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Manyaa Chaudhary
यह 'प्रातःकाल' में एसोसिएट एडिटर के पद पर हैं। और पिछले दो वर्षों से इन्हें रिपोर्टिंग और इवेंट मैनेजमेंट का अनुभव है। इससे पहले इन्होंने 'स्वदेश न्यूज़ चैनल' में बतौर ट्रेनी रिपोर्टर काम किया है। ये विशेष रूप में मनोरंजन, स्पोर्ट्स, और क्राइम रिपोर्टिंग क्षेत्र में समर्थ हैं। अभी यह जर्नलिज्म की पढाई कर रही हैं।
