दक्षिण भारतीय सिनेमा के दिग्गज अभिनेता और तमिलनाडु के नवनियुक्त मुख्यमंत्री थलपति विजय के निजी जीवन को लेकर छिड़ा विवाद अब एक नए मोड़ पर पहुंच गया है। मशहूर सिंगर सुचित्रा ने अभिनेत्री तृषा कृष्णन और विजय के बीच बढ़ती नजदीकियों को लेकर एक बार फिर तीखा हमला बोला है। यह विवाद उस समय और गहरा गया जब विजय के शपथ ग्रहण समारोह में तृषा कृष्णन की मौजूदगी तो दिखी, लेकिन उनकी पत्नी संगीता सोरनलिंगम और बच्चे कहीं नजर नहीं आए। सुचित्रा ने सोशल मीडिया के माध्यम से विजय की पत्नी के प्रति सहानुभूति व्यक्त करते हुए तृषा पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिससे तमिल फिल्म जगत और राजनीति में हलचल मच गई है।

ताजा विवाद की शुरुआत सिंगर सुचित्रा की इंस्टाग्राम स्टोरीज से हुई, जहां उन्होंने तृषा कृष्णन को 'पैरासाइट' (परजीवी) करार दिया। सुचित्रा का आरोप है कि कुछ लोग सफल व्यक्तियों के जीवन में तब प्रवेश करते हैं जब वे भावनात्मक रूप से अकेले होते हैं। उन्होंने विजय पर निशाना साधते हुए कहा कि बिना कानूनी तलाक लिए किसी अन्य अभिनेत्री के साथ सार्वजनिक रूप से घूमना समाज और उनके प्रशंसकों के लिए एक बुरा उदाहरण पेश कर रहा है। सुचित्रा ने इस बात पर जोर दिया कि विजय की महिला प्रशंसक भी इस 'अवैध' रिश्ते को मूक समर्थन दे रही हैं, जो कि बेहद चिंताजनक है। उनके अनुसार, इस पूरे घटनाक्रम ने विजय की पत्नी संगीता और उनके बच्चों को गहरे मानसिक तनाव में डाल दिया है।

इस विवाद की जड़ें अप्रैल 2026 में हुए उस कानूनी घटनाक्रम में छिपी हैं, जब संगीता सोरनलिंगम ने चेंगलपट्टू जिला अदालत में विजय के खिलाफ तलाक की याचिका दायर की थी। विशेष विवाह अधिनियम, 1954 के तहत दायर इस याचिका में संगीता ने विजय पर न केवल मानसिक प्रताड़ना, बल्कि 'अडल्ट्री' (व्यभिचार) के भी गंभीर आरोप लगाए थे। याचिका में उल्लेख किया गया था कि विजय का एक नामी अभिनेत्री के साथ अफेयर चल रहा है और वे सार्वजनिक कार्यक्रमों के साथ-साथ विदेशी दौरों पर भी साथ जाते हैं, जिससे संगीता को समाज में शर्मिंदगी उठानी पड़ी है। 1999 में विवाह बंधन में बंधे इस जोड़े के बीच बढ़ती दूरियों ने प्रशंसकों को हैरान कर दिया है, विशेषकर ऐसे समय में जब विजय अपनी राजनीतिक पार्टी TVK की ऐतिहासिक जीत के साथ मुख्यमंत्री के पद पर आसीन हुए हैं।

सुचित्रा का रुख इस मामले में बदलता रहा है। कुछ समय पूर्व उन्होंने विजय और तृषा का बचाव करते हुए कहा था कि एक साथ मंदिर जाना या शादी में शामिल होना अफेयर का सबूत नहीं है। हालांकि, अब उन्होंने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा है कि विजय ने खुद को अपने माता-पिता और परिवार से अलग कर लिया है। चुनाव परिणामों वाले दिन तृषा का विजय के घर जाना और फिर शपथ ग्रहण समारोह में उनकी परिवार जैसी सक्रियता ने इन दावों को और हवा दी है। राजनीतिक गलियारों में भी इस बात की चर्चा है कि मुख्यमंत्री की छवि पर इस तरह के पारिवारिक विवादों का क्या असर पड़ेगा।

थलपति विजय के लिए यह समय दोहरी चुनौती भरा है। एक ओर जहां उन पर राज्य की बागडोर संभालने की बड़ी जिम्मेदारी है, वहीं दूसरी ओर उनके निजी जीवन के विवाद कानूनी और सामाजिक मोर्चे पर उन्हें घेरे हुए हैं। संगीता सोरनलिंगम द्वारा लगाए गए आरोपों और सिंगर सुचित्रा के बयानों ने यह स्पष्ट कर दिया है कि यह मामला केवल फिल्मी गॉसिप तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें कानूनी जटिलताएं और एक परिवार का भविष्य जुड़ा हुआ है। आने वाले समय में अदालत का फैसला और विजय की इस मुद्दे पर चुप्पी टूटना ही इस विवाद की दिशा तय करेगा।

Lalita Rajput

Lalita Rajput

इन्हें लेखन क्षेत्र में लगभग 5 वर्षों का अनुभव है। इस दौरान इन्होंने फाइनेंस, कैलेंडर और बिज़नेस न्यूज़ को गहराई से कवर किया है। इनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि वित्त से जुड़ी है—इन्होंने एमबीए (फाइनेंस) किया है और वर्तमान में फाइनेंस में पीएचडी कर रही हैं। जनवरी 2026 से ये दै. प्रातःकाल में कार्यरत हैं, जहाँ बिज़नेस, फाइनेंस, मौसम और भारतीय सीमाओं से जुड़े समाचार सरल, सटीक और व्यवस्थित ढंग से प्रस्तुत करती हैं।

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