फिल्ममेकर प्रियदर्शन ने अमिताभ बच्चन के उस दौर को याद किया है, जब पर्दे पर किसी अभिनेता की मौजूदगी महज मनोरंजन नहीं, बल्कि दर्शकों के लिए एक अलग ही अनुभव हुआ करती थी। उन्होंने बदलते स्टारडम पर बात करते हुए कहा कि उस समय अभिनेताओं के इर्द-गिर्द एक ऐसी आभा होती थी, जिसे दर्शक करीब से महसूस करना चाहते थे।

IANS के साथ खास बातचीत में प्रियदर्शन ने बताया कि एक युवा फिल्म प्रेमी के तौर पर वह अमिताभ बच्चन की एक झलक पाने के लिए भी काफी कोशिश करते थे। उन्होंने ‘कसौटी’ के पहले दिन का शो देखने के लिए टिकट हासिल करने की अपनी कोशिश का किस्सा साझा किया और कहा कि वह याद आज भी उनके जेहन में दर्ज है।

प्रियदर्शन ने कहा, “कसौटी के पहले दिन का टिकट लेने की कोशिश में मेरे पास आज भी एक बड़ा निशान है। और मेरे लिए अमिताभ बच्चन भगवान थे, आज भी हैं।” उन्होंने कहा कि महानायक के लिए उनका सम्मान और प्रशंसा आज भी पहले जैसी ही है।

फिल्ममेकर ने हालांकि यह भी बताया कि अब दर्शकों के लिए उस तरह का रहस्य और आकर्षण महसूस करना मुश्किल हो गया है, जैसा पहले के दौर के सितारों के साथ जुड़ा हुआ था। उन्होंने कहा, “अब हर स्टार हर कोने पर मौजूद है। आप किसी अभिनेता को सामान्य तरीके से घूमते हुए देख सकते हैं, लेकिन उन अभिनेताओं के इर्द-गिर्द एक आभा थी, जिन्हें आप उस समय देखना चाहते थे और जिनके बारे में आपको कुछ पता नहीं होता था।”

प्रियदर्शन ने कहा कि पहले जब दर्शक फिल्म देखने जाते थे, तो उनका मकसद सिर्फ फिल्म देखना नहीं होता था, बल्कि वे अभिनेता को देखने जाते थे। उन्होंने कहा, “उस समय जब आप कोई फिल्म देखना चाहते थे, तो आप फिल्म देखने नहीं जा रहे थे, आप अभिनेता को देखने जा रहे थे। और क्योंकि आप उस अभिनेता या अभिनेत्री से प्रभावित होते थे और उनके बारे में जिज्ञासा होती थी, इसलिए आप उनकी आभा से आकर्षित हो जाते थे।”

फिल्ममेकर के मुताबिक, समय के साथ जिंदगी की रफ्तार भी काफी तेज हुई है और इसका असर दर्शकों की अपेक्षाओं पर पड़ा है। प्रियदर्शन ने कहा, “जैसे-जैसे समय बीत रहा है, जिंदगी की रफ्तार बहुत तेजी से बढ़ रही है। इसलिए लोगों में अब उतना धैर्य नहीं है, जितना उन दिनों हुआ करता था। वे कहते हैं कि फिल्म अब दो घंटे की होनी चाहिए, उससे ज्यादा नहीं।”

हालांकि, प्रियदर्शन ने ‘धुरंधर’ की ब्लॉकबस्टर सफलता का उदाहरण देते हुए इस धारणा पर सवाल उठाया कि दर्शकों ने लंबी फिल्मों के लिए पूरी तरह अपना धैर्य खो दिया है। उन्होंने कहा, “जब आप ‘धुरंधर’ जैसी फिल्म को ब्लॉकबस्टर बनते देखते हैं, तो ये सिद्धांत काम नहीं करते।”

उन्होंने आगे कहा कि लोगों के पास फिल्में देखने के लिए पर्याप्त समय नहीं है, इसलिए उन्होंने YouTube Shorts देखना शुरू कर दिया है। प्रियदर्शन ने कहा, “लोगों के पास देखने के लिए पर्याप्त समय नहीं है, इसलिए उन्होंने YouTube पर Shorts देखना शुरू कर दिया। लेकिन ऐसा इसलिए है क्योंकि वे बोरियत को खत्म कर रहे हैं।”

प्रियदर्शन ने सिनेमा के थिएटर अनुभव को अलग बताते हुए कहा, “जब वे थिएटर में आते हैं, तो हम उन्हें एक ऐसी दुनिया में ले जाते हैं, जहां वे भूल जाते हैं कि उनका अस्तित्व है। यही सिनेमा का जादू है। वे बस अपने हर काम को भूल जाते हैं।”

इस बीच, प्रियदर्शन अपनी आगामी थ्रिलर ‘हैवान’ की रिलीज की तैयारी कर रहे हैं। फिल्म में अक्षय कुमार, सैफ अली खान, बोमन ईरानी, श्रिया पिलगांवकर और सैयामी खेर नजर आएंगे। यह फिल्म 11 सितंबर को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है।

‘हैवान’ के जरिए अक्षय कुमार और सैफ अली खान 18 साल बाद बड़े पर्दे पर फिर साथ नजर आएंगे। दोनों इससे पहले ‘मैं खिलाड़ी तू अनाड़ी’, ‘ये दिल्लगी’, ‘तू चोर मैं सिपाही’ और ‘कीमत’ समेत कई फिल्मों में साथ काम कर चुके हैं। इसके बाद दोनों की आखिरी साथ फिल्म ‘टशन’ थी। ‘हैवान’ सैफ अली खान की प्रियदर्शन के साथ पहली फिल्म भी है।

Pratahkal Newsroom

Pratahkal Newsroom

प्रातःकाल न्यूज़-रूम, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, समयबद्ध और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा न्यूज़-रूम राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story