BTS के RM बने नेशनल म्यूजियम ऑफ कोरिया के पहले ग्लोबल गुडविल एंबेसडर; कला संरक्षण में रचा नया इतिहास
दक्षिण कोरियाई म्यूजियम ने बीटीएस लीडर किम नाम-जून को वैश्विक सद्भावना दूत नियुक्त किया है, जो विश्व स्तर पर कोरियाई सांस्कृतिक विरासत का प्रचार करेंगे।

नेशनल म्यूजियम ऑफ कोरिया के दीक्षांत समारोह में निदेशक यू होंग-जुन (बाएं) से हाथ मिलाकर प्रमाण पत्र स्वीकार करते और आधिकारिक दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करते हुए बीटीएस के आरएम (दाएं)।
BTS RM National Museum of Korea Global Goodwill Ambassador : वैश्विक संगीत पटल पर अपनी अमिट छाप छोड़ने वाले दक्षिण कोरियाई पॉप बैंड बीटीएस (BTS) के लीडर आरएम (RM) ने कला और सांस्कृतिक संरक्षण के क्षेत्र में एक अभूतपूर्व ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम कर ली है। अपने वास्तविक नाम किम नाम-जून (Kim Nam-joon) से कला जगत में गहरी पहचान रखने वाले इस वैश्विक आइकन को 'नेशनल म्यूजियम ऑफ कोरिया' (National Museum of Korea) का पहला 'ग्लोबल गुडविल एंबेसडर' (वैश्विक सद्भावना दूत) नियुक्त किया गया है। इतिहास में पहली बार प्रतिष्ठित राष्ट्रीय संग्रहालय द्वारा सृजित किए गए इस गरिमामयी पद पर आरएम की नियुक्ति न केवल संगीत और कला के अनूठे संगम को दर्शाती है, बल्कि यह इस बात का भी पुख्ता प्रमाण है कि किस तरह समकालीन युवा हस्तियां अपनी सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक स्तर पर सहेजने और प्रसारित करने का सबसे बड़ा माध्यम बन सकती हैं।
इस ऐतिहासिक और रणनीतिक साझेदारी को आधिकारिक रूप देने के लिए एक विशेष और भव्य दीक्षांत समारोह का आयोजन किया गया। इस गौरवपूर्ण विधिक और प्रशासनिक कार्यक्रम के दौरान आरएम को औपचारिक रूप से वैश्विक सद्भावना दूत की कमान सौंपी गई। अपनी नियुक्ति के तुरंत बाद आरएम ने संग्रहालय के सबसे प्रतिष्ठित और ऐतिहासिक रूप से महत्वपूर्ण 'दानवोन किम होंग-डो: पेंटिंग द एरा' (Danwon Kim Hong-do: Painting the Era) नामक विशेष प्रदर्शनी का विस्तृत दौरा किया। इस दौरे के दौरान उन्होंने कोरियाई इतिहास की बारीक सांस्कृतिक विरासत को समझा। सम्मान और कृतज्ञता के प्रतीक के रूप में इस खास अवसर पर आरएम को बेहद दुर्लभ और अनमोल 'जोसियन-काल का ऐतिहासिक मानचित्र' (Joseon-era map) भी भेंट किया गया। इस ऐतिहासिक धरोहर को स्वीकार करते हुए बीटीएस लीडर ने पूरी प्रतिबद्धता के साथ संकल्प लिया कि वे कोरिया के इन अमूल्य सांस्कृतिक खजानों और ऐतिहासिक विरासतों की पहचान को दुनिया के कोने-कोने तक पहुंचाने के लिए एक वैश्विक सेतु की तरह काम करेंगे।
इस रणनीतिक सांस्कृतिक गठबंधन के महत्व को रेखांकित करते हुए नेशनल म्यूजियम ऑफ कोरिया के निदेशक यू होंग-जुन (Director Yoo Hong-jun) ने इस साझेदारी की भूरि-भूरि प्रशंसा की। उन्होंने आधिकारिक बयान जारी करते हुए कहा कि आरएम के साथ यह जुड़ाव कला जगत के लिए बेहद सार्थक और दूरगामी साबित होगा। निदेशक ने आरएम के उस सराहनीय इतिहास की भी विशेष रूप से सराहना की, जिसके तहत उन्होंने विदेशों में बिखरी पड़ी या संकट में घिरी कोरियाई कलाकृतियों और ऐतिहासिक कला विधाओं के संरक्षण, पुनर्स्थापन और खोज के लिए पूर्व में दो बार 100 मिलियन वोन (कोरियाई मुद्रा) की भारी-भरकम धनराशि दान की थी। उनका यह निस्वार्थ वित्तीय और नैतिक योगदान इस नए आधिकारिक पद की साख को और अधिक मजबूत बनाता है।
#RM Appointed Global Ambassador for the National Museum of Korea! 🇰🇷👏
— BTS Charts News (@btschartsxdaily) June 20, 2026
RM expressed his delight at being appointed as an ambassador and stated that he would work together to ensure the beauty and value of our cultural heritage are conveyed to more people.
Yoo Hong-jun said that… pic.twitter.com/4EHLZ2kJd3
आरएम का यह सांस्कृतिक अभियान केवल घरेलू सीमाओं तक ही सीमित रहने वाला नहीं है, बल्कि आगामी महीनों में इसका बड़ा अंतरराष्ट्रीय विस्तार होने जा रहा है। आधिकारिक कार्यक्रम के अनुसार, आगामी अक्टूबर के महीने में संयुक्त राज्य अमेरिका के सैन फ्रांसिस्को में एक बेहद अनूठी कला प्रदर्शनी 'आरएम एक्स एसएफमोमा' (RM x SFMOMA) का आयोजन होने जा रहा है। सैन फ्रांसिस्को म्यूजियम ऑफ मॉडर्न आर्ट (SFMOMA) के साथ होने वाली आरएम की यह अंतरराष्ट्रीय कला प्रदर्शनी वैश्विक स्तर पर आधुनिक और पारंपरिक कला के बीच की दूरियों को पाटने का काम करेगी। इस खबर के सार्वजनिक होते ही दुनिया भर में फैले उनके करोड़ों प्रशंसकों (ARMY) के बीच भारी उत्साह देखा जा रहा है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर 'सो प्राउड ऑफ यू नामजून' (SO PROUD OF YOU NAMJOON) जैसे भावुक और प्रेरक संदेशों के साथ प्रशंसक इस पल का जश्न मना रहे हैं, जो यह साबित करता है कि आरएम ने के-पॉप की चकाचौंध से आगे बढ़कर खुद को एक गंभीर और जवाबदेह सांस्कृतिक पैरोकार के रूप में स्थापित कर लिया है।
सांस्कृतिक कूटनीति के नजरिए से आरएम की यह नियुक्ति वैश्विक कला इतिहास में एक नए युग की शुरुआत का संकेत देती है। यह ऐतिहासिक मील का पत्थर यह स्पष्ट करता है कि पारंपरिक इतिहास और आधुनिक लोकप्रिय संस्कृति (Pop Culture) जब एक धुरी पर आकर मिलते हैं, तो राष्ट्रों की सॉफ्ट पावर (Soft Power) कितनी अधिक अभेद्य और प्रभावशाली हो जाती है। नेशनल म्यूजियम ऑफ कोरिया के पहले ग्लोबल गुडविल एंबेसडर के रूप में किम नाम-जून का यह भावी सफर आने वाली पीढ़ियों को अपनी मिट्टी की ऐतिहासिक धरोहरों से जोड़ने और कला संरक्षण के वैश्विक विजन को एक नया और गतिशील आयाम देने में बेहद निर्णायक सिद्ध होने वाला है।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
