जम्मू (गांधी नगर):
देशभर में रफ्तार के कहर की घटनाएं दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही हैं। खासकर तेज़ रफ़्तार और स्टंट के लिए बदनाम हो चुकी महिंद्रा थार अब कई लोगों के लिए डर और दहशत की गाड़ी बन चुकी है। आए दिन थार से जुड़े रोड रेज़, टक्कर और जानलेवा घटनाएं सामने आ रही हैं। ऐसा ही एक और चौंकाने वाला मामला जम्मू शहर के गांधी नगर इलाके से सामने आया है, जिसने इंसानियत और कानून, दोनों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।




क्या है पूरा मामला?

घटना के अनुसार, गांधी नगर की सड़क पर एक थार तेज़ रफ्तार से नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए चल रही थी। ओवरटेक के चक्कर में थार चालक ने एक स्कूटी सवार बुज़ुर्ग को टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही बुज़ुर्ग सड़क पर गिर गए, लेकिन जो हुआ वो दिल दहला देने वाला था।

प्रत्यक्षदर्शियों और वायरल हुए CCTV फुटेज के मुताबिक, थार चालक न तो रुकता है, न ही मदद करता है — बल्कि वापस बैक गियर लगाकर गिर चुके बुज़ुर्ग को दोबारा कुचल देता है। इसके बाद गाड़ी से उतरकर जख्मी बुज़ुर्ग को गालियां देकर मौके से फरार हो जाता है। न तो उसे अस्पताल ले जाने की कोशिश की गई और न ही पुलिस या एंबुलेंस को बुलाया गया।




ICU में जिंदगी और मौत से लड़ रहे हैं बुज़ुर्ग

इस वीभत्स हमले में गंभीर रूप से घायल हुए बुज़ुर्ग को स्थानीय लोगों ने अस्पताल पहुंचाया, जहां वह इस समय ICU में जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि उनकी हालत नाज़ुक बनी हुई है।




बेटी का दर्द छलका: "मेरे बाप को कुचल दिया गया..."


घटना के बाद पीड़ित की बेटी का बयान सामने आया, जिसने पूरे देश को झकझोर दिया। बेटी ने मीडिया से बात करते हुए कहा –

"मेरे पापा ने कभी किसी से ऊँची आवाज़ में बात नहीं की। आज तक हम पर भी हाथ नहीं उ� ाया। लेकिन आज किसी ने मेरे बाप को दो बार गाड़ी से कुचल दिया। ये एक्सीडेंट नहीं, मर्डर है!"


इस बयान ने सोशल मीडिया पर ज़बरदस्त प्रतिक्रिया पैदा कर दी है। लोग आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।




पुलिस ने की कार्रवाई, आरोपी फरार

जम्मू पुलिस ने FIR दर्ज कर थार को जब्त कर लिया है। प्राथमिक जांच में गाड़ी एक स्थानीय रईसज़ादे के नाम पर पाई गई है। पुलिस ने उसके पिता को हिरासत में लिया है, जबकि मूल आरोपी बेटा फिलहाल फरार है। पुलिस की टीमें उसकी तलाश में छापेमारी कर रही हैं।









सोशल मीडिया पर आक्रोश

जैसे ही यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, लोगों में ग़ुस्से की लहर दौड़ गई। कई यूज़र्स ने लिखा –
"अगर ये मर्डर नहीं है, तो फिर क्या है?"

"थार अब स्टेटस सिंबल नहीं, मौत की गाड़ी बन चुकी है!"

नेटिज़न्स का कहना है कि सरकार को थार जैसी हाई पावर गाड़ियों के लिए कड़ी ड्राइविंग ट्रेनिंग और लाइसेंसिंग नियम लागू करने चाहिए।





इस घटना ने फिर से यह सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या तेज़ रफ्तार गाड़ियाँ अब रोड पर इंसानियत कुचलने का हथियार बनती जा रही हैं? क्या सिर्फ पैसे और पॉवर के दम पर कुछ लोग कानून से ऊपर हो चुके हैं?

बुज़ुर्ग की हालत गंभीर बनी हुई है और पूरा देश इस समय उनके लिए दुआ कर रहा है। वहीं लोग यह भी उम्मीद कर रहे हैं कि इस रईसज़ादे को कानून से सख्त सज़ा मिले, ताकि सड़क पर चलने वाले हर इंसान को न्याय और सुरक्षा मिल सके।

Editorial

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