मध्य रेल की 126वीं ZRUCC बैठक संपन्न; नए प्रतिनिधि मनोनीत
मध्य रेल ने अपनी 126वीं क्षेत्रीय रेल उपयोगकर्ता परामर्शदात्री समिति (ZRUCC) की बैठक छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस, मुंबई में सफलतापूर्वक आयोजित की। यह बैठक रेलवे उपयोगकर्ताओं, समिति सदस्यों और रेलवे अधिकारियों के बीच संवाद स्थापित करने तथा सेवाओं में सुधार के लिए सुझाव देने का एक महत्वपूर्ण माध्यम रही।
बैठक में कुल 44 ZRUCC सदस्य उपस्थित थे, जिन्होंने रेलवे से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की। इस अवसर पर रेलवे संचालन, यात्रियों की सुविधाएं, संरक्षा, स्वच्छता, टिकटिंग प्रणाली, भीड़-नियंत्रण, और अन्य उपयोगकर्ता केंद्रित सेवाओं को लेकर अनेक सुझाव और चिंताओं को साझा किया गया।

प्रतिनिधियों का चयन: एक महत्वपूर्ण निर्णय
बैठक के दौरान कुछ विशेष दायित्वों हेतु दो प्रमुख प्रतिनिधियों का चयन भी किया गया:
  • श्री नितिन सोहनलाल परमार, सदस्य ZRUCC, को उपनगरीय रेलवे उपयोगकर्ता परामर्शदात्री समिति (SRUCC) में सेवा देने हेतु प्रतिनिधि के रूप में मनोनीत किया गया। श्री परमार उपनगरीय रेल यात्रियों की समस्याओं और सुझावों को आगे ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
  • श्री अजय दुबे, सदस्य ZRUCC, को दावों की रोकथाम से संबंधित मुद्दों पर स्पॉट जांच के लिए प्रतिनिधि के रूप में चुना गया। उन्हें विशेष रूप से रेलवे परिसरों, प्लेटफार्मों और ट्रेनों में ऐसे उपायों की जांच का कार्य सौंपा गया है, जिनसे दुर्घटनाओं या दावों में कमी लाई जा सके।
इन नियुक्तियों से यह उम्मीद की जा रही है कि रेलवे और यात्रियों के बीच संवाद और क्रियान्वयन की प्रक्रिया अधिक प्रभावशाली एवं व्यवहारिक होगी।
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बैठक की प्रमुख बातें :
सदस्यों ने रेलवे सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार के लिए कई रचनात्मक सुझाव प्रस्तुत किए। टिकट आरक्षण प्रणाली में सुधार, डिजिटल सेवाओं के विस्तार, महिला यात्रियों की सुरक्षा और दिव्यांगजनों के लिए सुविधाओं को और अधिक सुलभ बनाने पर जोर दिया गया। खाद्य आपूर्ति, स्वच्छता मानकों और ट्रेन समयपालन को लेकर भी चर्चाएं हुईं।
रेलवे अधिकारियों ने बैठक में प्रस्तुत सभी मुद्दों को गंभीरता से संज्ञान में लेते हुए आश्वासन दिया कि यात्रियों की भलाई के लिए सभी उचित कदम उठाए जाएंगे। अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि ऐसे परामर्शदात्री प्लेटफॉर्म के माध्यम से आम यात्रियों की आवाज़ सीधे प्रशासन तक पहुंचती है, जिससे रेल सेवाओं को जनकेन्द्रित बनाया जा सकता है।
ZRUCC का कार्यकाल :
वर्तमान ZRUCC समिति का कार्यकाल 30 सितंबर 2026 तक निर्धारित है। इस दौरान समिति रेलवे सेवाओं के हर पहलू पर अपनी सलाह और अनुशंसा देती रहेगी, जिससे मध्य रेल को यात्रियों के लिए और अधिक सुगम और सुलभ बनाया जा सके। इस बैठक ने यह दर्शाया कि भारतीय रेलवे यात्रियों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए समाधान खोजने के लिए प्रतिबद्ध है। ZRUCC जैसी समितियां आम जनता और रेलवे प्रशासन के बीच एक मजबूत पुल का कार्य करती हैं।
Editorial

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