✕
साइबर ठगी बना चैलेंज, पुलिस स्टूडेंट्स को कर रही जागरूक ACP बोथरा बोले- पुलिस कभी धमकी नहीं देती, अनजान वीडियो कॉल से बचें
By EditorialPublished on
साइबर ठगी इन दिनों बड़ा चैलेंज बन चुकी है। इससे बचाव के लिए जोधपुर पुलिस इन दिनों स्कूलों में विद्यार्थियों को जागरूक कर रही है
_202501221200294090.jpg)
x
_202501221200294090.jpg)
जोधपुर । साइबर ठगी इन दिनों बड़ा चैलेंज बन चुकी है। इससे बचाव के लिए जोधपुर पुलिस इन दिनों स्कूलों में विद्यार्थियों को जागरूक कर रही है। इसके अलावा उन्हें सड़क सुरक्षा को लेकर भी जागरूक किया जा रहा है।
एसीपी प्रतापनगर के नेतृत्व में टीम मंगलवार को पाल रोड स्थित कीरतराम स्कूल में विद्यार्थियों को साइबर फ्रॉड से बचाव और यातायात नियमों की पालना करने के लिए जागरूक किया। इस मौके पर एसीपी प्रतापनगर सर्किल रविन्द्र बोथरा ने बताया- साइबर फॉड से बचाव और साइबर फॉड किस प्रकार से हो सकते है, इसे लेकर अब तक प्रतापनगर सर्किल में 15 स्कूलों में जागरूकता अभियान चला चुके हैं। इसके अलावा विद्यार्थियों को यातायात नियमों की पालना करने के लिए भी जागरूक कर रहे हैं। साइबर फ्रॉड से बचाव के लिए उन्होंने बताया- मोबाइल पर आने वाली ओटीपी किसी को भी नहीं बताए। साइबर फ्रॉड को लेकर हमेशा जागरूक रहें।
आजकल कई बार ठग पुलिस अधिकारी बनकर माता- पिता को फोन करके बताते हैं कि उनके मां बच्चे को अरेस्ट कर लिया गया है ऐसे समय में अभिभावकों को भी धैर्य रखना चाहिए। सबसे पहले अपने बच्चों को फोन करके कंफर्म करें कि वो कहां है, किस स्थिति में है। किसी भी प्रकार से साइबर ठगों के झांसे में नहीं आए। पुलिस की ओर से कभी भी डायरेक्ट कॉल नहीं किया जाता है हमेशा बेसिक फोन से ही फोन किया जाता है। पुलिस की ओर से कभी धमकी नहीं दी जाती है इसलिए कभी भी इस तरह के कॉल आए तो पहले कंफर्म करने की नंबर कौन से हैं। ये बात यदि सभी समझेंगे तो साइबर ठगी का शिकार नहीं बनेंगे।
वीडियो कॉल का कम से कम उपयोग करें। अनजान नंबर से कोई वीडियो कॉल आए तो उसे कट कर दे और उस नंबर को ब्लॉक कर दें। यदि वीडियो कॉल को रिसीव कर दिया तो स्क्रीनशॉट लेकर साइबर ठग फेक वीडियो या फोटो बनाकर ब्लैकमेल कर पैसे मांगते हैं कई बार झांसे में आकर पीड़ित पैसे भी दे देते हैं इसलिए वीडियो कॉल से बचना चाहिए।

Editorial
Next Story
Related News
X
