✕
केदारनाथ धाम में अब श्रद्धालु नहीं बजा पाएंगे ढोल
By EditorialPublished on
केदारनाथ धाम (Kedarnath Dham) में उज्जैन (ujjain) के युवा कलाकारों को बिना अनुमति के ढोल-नगाड़े बजाना भारी पड़ गया। तीर्थ पुरोहित ने इन युवाओं को जमकर लताड़ा और दोबारा ढोल न बजाने की चेतावनी भी दी। तीर्थ पुरोहित ने यहां तक कह डाला कि डीएम की परमिशन होगी तो भी केदारसभा की अनुमति लेनी जरूरी है। केदारनाथ धाम के कपाट खुलने के दिन से ही अन्य राज्यों के कलाकार ढोल-नगाड़ों के साथ धाम में पहुंचे हुए हैं।

x
देहरादून/ रूद्रप्रयाग (एजेंसी)। केदारनाथ धाम (Kedarnath Dham) में उज्जैन (ujjain) के युवा कलाकारों को बिना अनुमति के ढोल-नगाड़े बजाना भारी पड़ गया। तीर्थ पुरोहित ने इन युवाओं को जमकर लताड़ा और दोबारा ढोल न बजाने की चेतावनी भी दी। तीर्थ पुरोहित ने यहां तक कह डाला कि डीएम की परमिशन होगी तो भी केदारसभा की अनुमति लेनी जरूरी है। केदारनाथ धाम के कपाट खुलने के दिन से ही अन्य राज्यों के कलाकार ढोल-नगाड़ों के साथ धाम में पहुंचे हुए हैं।
पहले महाराष्ट्र (Maharashtra) के कलाकारों ने ढोल, नगाड़ों और मंजिरों के साथ काफी देर कर नृत्य किया था। इसके बाद से धाम में रोजाना ही धाम में तमाम युवा कलाकार ढोल-नगाड़े बज रहे हैं जिससे काफी शोरगुल हो रहा है। धाम में ढोल नगाड़े बजने का सोशल मीडिया में जब वीडियो वायरल हुआ तो कई लोगों ने धाम में इस तरह के शोरगुल का विरोध किया। युवाओं के ढोल नगाड़े बजाने और वीडियो बनाने पर तीर्थ पुरोहित अंकित सेमवाल भड़क गए और उन्होंने इन युवाओं को जमकर लताड़ा। यहां तक कि उन्होंने एक ढोल वाले से ढोल छीन कर फेंक दिया। सेमवाल का कहना था कि धाम परिसर में बिल्कुल भी ढोल ना बजाया जाए। यहां केवल मंदिर का ढोल बजेगा। इसके अलावा कोई शोरगुल नहीं होना चाहिए। उन्होंने इन युवाओं से यह भी सवाल किया कि यहां ढोल नगाड़े बजने की अनुमति उनके पास है की नहीं यदि अनुमति है तो दिखाएं। हालांकि यह लोग इस तरह की कोई अनुमति नहीं दिखा पाए। इस पर सेमवाल ने साफ कह दिया कि यदि जिलाधिकारी भी अनुमति देंगे तो यहां ढोल-नगाड़े बजाने के लिए पहले केदारसभा की अनुमति जरूरी होगी।
फेक न्यूज फैलाने वालों पर होगी कार्रवाई
वहीं उत्तराखंड (Uttarakhand) के मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने चारधाम यात्रा (Chardham Yatra) का दुष्प्रचार करने वालों और यात्रा के संबंध में फेक न्यूज़ बनाकर वीडियो बनाने वालों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। मुख्य सचिव ने कहा है कि फेक न्यूज या वीडियो के जरिए यात्रा को बदनाम करने वाले तत्वों के विरूद्ध तत्काल एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। बिना रजिस्ट्रेशन (Registration) व ट्रिप कार्ड (Trip Card) या पोस्ट डेटेड रजिस्ट्रेशन की बसों एवं गाड़ियों का यात्रा मार्ग पर संचालन होने पर इन बसों को यात्रा मार्ग से ही वापस भेजने के निर्देश दिए हैं। इस संबंध में मुख्य सचिव ने अन्य राज्य के मुख्य सचिव एवं पुलिस महानिदेशकों को भी पत्र भेजने की बात कही है।

Editorial
Next Story
Related News
X
