Jasprit Bumrah - Pratahkal
Jasprit Bumrah : तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह ने क्रिकेट इतिहास रचते हुए तीनों फॉर्मेट में नंबर 1 का खिताब अपने नाम कर लिया। लेकिन इस शानदार उपलब्धि के पीछे छिपी उनकी निराशा सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गई है।
कुछ समय पहले चोटों के दौर से गुजरते हुए बुमराह को काफी आलोचना झेलनी पड़ी थी। उन्हें सोशल मीडिया पर ट्रोल भी किया गया था। कई लोगों ने उनकी टीम के प्रति प्रतिबद्धता पर सवाल उठाए थे, यहां तक कि उन्हें खेलते हुए देखने की उम्मीद तक छोड़ दी थी। एशिया कप 2023 के दौरान अपने पहले बच्चे के जन्म के लिए थोड़े समय के लिए स्वदेश लौटने पर भी उनकी आलोचना हुई थी।
लेकिन अब जब वह तीनों फॉर्मेट में नंबर 1 बन गए हैं, तो सोशल मीडिया पर उनकी वाहवाही हो रही है। मगर बुमराह ने इस तारीफ से ज्यादा लोगों के बदलते व्यवहार पर निराशा जाहिर की है।
उन्होंने इंस्टाग्राम पर एक तस्वीर शेयर की है जिसमें एक तरफ "समर्थन" लिखा है और दूसरी तरफ "बधाईयां"। तस्वीर में एक शख्स को अकेले बैठे दिखाया गया है, जैसे उसके समर्थन की जरूरत है। वहीं दूसरी तरफ लोगों की भीड़ उसे बधाई दे रही है।
इसके साथ कोई कैप्शन नहीं दिया, लेकिन तस्वीर का संदेश साफ है। बुमराह शायद कहना चाहते हैं कि मुश्किल दौर में जब उन्हें समर्थन की जरूरत थी तब लोग दूर रहे, लेकिन अब जब वो सफल हैं तो वही लोग बधाई देने वालों में सबसे आगे हैं।
यह बात ध्यान देने योग्य है कि चोट से पहले जुलाई 2022 में बुमराह ने शानदार प्रदर्शन किया था। इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज में उन्होंने कप्तानी करते हुए 5 टेस्ट में 23 विकेट लेकर प्लेयर ऑफ द सीरीज का खिताब जीता था। लेकिन इसके बाद चोटों ने उन्हें बड़े टूर्नामेंट जैसे टी20 विश्व कप 2022, बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी, आईपीएल और 2023 में वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप फाइनल से दूर कर दिया। मार्च 2023 में सर्जरी के बाद वह धीरे-धीरे वापसी कर रहे हैं।
अगस्त 2023 में आयरलैंड के खिलाफ 3 मैचों की टी20 सीरीज में भारत की अगुवाई की और फिर वनडे विश्व कप 2023 में चौथे सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज बने। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 2 टेस्ट मैचों की सीरीज में उन्हें प्लेयर ऑफ द सीरीज चुना गया, जो 17 महीने के अंतराल के बाद उनकी टेस्ट क्रिकेट में वापसी को यादगार बनाता है।
बुमराह की यह कहानी न केवल उनकी प्रतिभा और दृढ़ता की बल्कि क्रिकेट जगत की हकीकत की भी झलक दिखाती है। उनकी चोट के दौरान मिले व्यवहार और अब मिल रही प्रशंसा के बीच का फर्क सोचनीय है।
Editorial

Editorial

Next Story