beef mandi in alwar rajasthan - Pratahkal
अलवर, 21 फरवरी: राजस्थान पुलिस ने अलवर जिले में एक बड़े अवैध गोवंश मंडी का भंडाफोड़ किया है, जहां हर महीने करीब 600 गायों का कटान किया जा रहा था. इस मामले में पुलिस ने कई लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें इब्बार, असलम, सद्दाम, खालिद और अन्य शामिल हैं. रिपोर्टों के अनुसार, इस अवैध गतिविधि में कुछ पुलिसकर्मी भी शामिल थे, जिनमें से चार को अब तक निलंबित कर दिया गया है.
प्रशासन ने अवैध गोवंश मंडी को ध्वस्त करने के साथ ही बुलडोजर कार्रवाई भी की है. यह मंडी किशनगढ़ बास इलाके के मिर्जापुर और बरसंगपुर गांव के पास रूंध गिदावड़ा घाटियों के पास स्थित थी. बताया जा रहा है कि यहां हर महीने करीब 600 गायों का कटान किया जाता था. इतना ही नहीं, व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए 50 से अधिक गांवों में होम डिलीवरी भी की जाती थी और करीब 300 दुकानों को गोमांस की आपूर्ति की जाती थी.
यह मामला तब सामने आया जब दैनिक भास्कर ने इस पर रिपोर्ट प्रकाशित की. इसके बाद जयपुर रेंज के आईजी उमेश चंद्र दत्त के नेतृत्व में बास इलाके के उन जंगलों में छापेमारी की गई, जहां गोवंश कटान होने का दावा किया गया था.
आईजी ने निष्पक्ष जांच के लिए किशनगढ़बास थाने के एसएचओ दिनेश मीणा सहित 38 पुलिस कर्मचारियों को लाइन में लगा दिया है. इसके साथ ही चार पुलिसकर्मियों - एएसआई ज्ञान चंद, हेड कांस्टेबल रघुवीर, बीट कांस्टेबल स्वयं प्रकाश और रविकांत को निलंबित कर दिया गया है.
राजस्थान गोवंश पशु (वध निषेध और अस्थायी प्रवासन या निर्यात विनियमन) अधिनियम-1995 की कड़ी धाराओं 3, 4, 5, 8 और 9 के तहत 22 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है. इस कानूनी कार्रवाई के तहत कई लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें रत्ती खान, साहुन, मौसम, हारून, जब्बार पुत्र कल्लू, अलीम, असलम, कामिल और सद्दाम शामिल हैं, जो सभी मिर्जापुर के रहने वाले हैं. आरोपों का दायरा अन्य लोगों तक भी फैला हुआ है, जैसे खालिद के बेटे अब्दुल करीम, फकरू, मोरमल, खालिद, सलीम, कय्यूम, कसम, हब्बी और मौसम. यह इस गंभीर मुद्दे से निपटने के लिए कानून प्रवर्तन द्वारा किए गए दृढ़ प्रयास को दर्शाता है.
मुख्य बिंदु:
  • अलवर में अवैध गोवंश मंडी का भंडाफोड़
  • हर महीने करीब 600 गायों का कटान
  • कई लोगों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें पुलिसकर्मी भी शामिल
  • अवैध मंडी को ध्वस्त किया गया और बुलडोजर कार्रवाई की गई
  • 38 पुलिस कर्मचारियों को जांच के लिए लाइन में लगाया गया
  • 4 पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया
  • 22 लोगों के खिलाफ कड़ी धाराओं में प्राथमिकी दर्ज
Editorial

Editorial

Next Story