Farmers and traders angry over 40% export duty on onion exports
प्रातःकाल संवाददाता नासिक। देश में प्याज की बढ़ती कीमतों पर लगाम लगाने के लिए केंद्र सरकार ने प्याज पर 40 फीसदी निर्यात शुल्क (export duty) लगा दिया है। सरकार ने इस फैसले को तत्काल प्रभाव से लागू करना का आदेश दिया है। केंद्र सरकार के फैसले से देश के कई किसानों में नाराजगी है। रविवार को महाराष्ट्र (Maharashtra) के अहमदनगर जिले (Ahmednagar District) में किसानों ने केंद्र के फैसले के विरोध में रविवार को प्याज की नीलामी रोक दी। वहीं, सोमवार को नासिक जिले में सभी कृषि उपज बाजार समितियों (एपीएमसी) में अनिश्चित काल के लिए प्याज की नीलामी बंद करने का फैसला किया है। सूत्रों ने जानकारी दी कि इस फैसले के मद्देनजर सोमवार को जिले के अधिकांश एपीएमसी में प्याज की नीलामी बंद रही, जिसमें भारत का सबसे बड़ा थोक प्याज बाजार लासलगांव भी शामिल है। व्यापारियों ने दावा किया कि प्याज के निर्यात पर 40 प्रतिशत शुल्क लगाने के केंद्र सरकार के फैसले से प्याज उत्पादकों और इसके निर्यात पर गलत प्रभाव पड़ेगा। नासिक जिला प्याज व्यापारी संघ के अध्यक्ष ने बताया कि बैठक में रविवार को प्याज की नीलामी अनिश्चितकाल के लिए बंद करने का निर्णय लिया गया। सूत्रों के अनुसार, कुछ स्थानों पर प्याज लाया गया और एपीएमसी में उनकी नीलामी शुरू हुई।
सरकार अपने फैसले पर करे पुनर्विचार: संजय पिंगले
नवी मुंबई में वाशी एपीएमसी के प्याज- आलू बाजार के अध्यक्ष संजय पिंगले ने केंद्र से प्याज के निर्यात पर 40 प्रतिशत शुल्क लगाने के अपने फैसले पर पुनर्विचार करने का आग्रह किया। समाचार एजेंसी से बात करते हुए पिंगले ने दावा किया कि सरकार के फैसले से राज्य में प्याज उत्पादकों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। संजय पिंगले ने आगे कहा, "हम किसानों के दबाव में भी हैं जो हमसे बाजार बंद करने और प्याज की बिक्री रोकने के लिए कह रहे हैं। कम से कम 10- 15 संगठनों ने हमसे प्याज नहीं बेचने के लिए कहा है। आने वाले दिनों में स्थानीय बाजार भी बंद हो जाएंगे। एपीएमसी ने भी किसानों का समर्थन करने का फैसला किया है।
Editorial

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