Pratahkal - Udaipur News Update - Two Gujarat doctors arrested for sex determination of fetus, money recovered
उदयपुर : राज्य पीसीपीएनडी (PCPND) प्रकोष्ठ ने कोख में पल रहे बच्चों का भ्रूण लिंग परीक्षण करने के आरोप में गुजरात (Gujarat) के दोनों चिकित्सकों को गिरफ्तार (Arrested) कर महिला दलाल के जरिये ली गई तीस हजार रुपये की राशि बरामद की। आरोपियों को अदालत में पेश किया जहां उन्हें जेल भेज दिया।
भ्रूण लिंग परीक्षण (Gender Determination) के मामले की जांच कर रहे निरीक्षक उमेश सिंह ने बताया कि महिला दलाल शांता देवी पत्नी भूपेन्द्र जायसवाल निवासी दक्षिणी विस्तार योजना बलीचा के जरिये कोख में पल रहे बगों का भ्रूण लिंग परीक्षण करने के मामले की शिकायत मिलने पर गत 18 जुलाई को पीसीपीएनडीटी जयपुर टीम ने डिकॉय के जरिये कार्यवाही की । आरोपिया महिला दलाल डिकॉय को निजी कार से हिम्मतनगर में यशदीप हॉस्पीटल के संचालक डॉ महेन्द्र कुमार पुत्र बाबूलाल सोनी निवासी साबकांठा हिम्मतनगर गुजरात और उसके सहायक दीपक कुमार पुत्र विठ्ठलभाई पटेल के पास ले गई जहां पर टीम द्वारा डिकॉय बनाकर भेजी महिला का कोख में पल रहे भ्रूण का अवैध रूप से परीक्षण किया। इस मामले में टीम ने हॉस्पीटल पर छापा मारकर महिला दलाल को गिरफ्तार कर लिया, जबकि दोनों चिकित्सकों ने तबियत खराब होना बताया। इस पर उनका पुलिस संरक्षण में निजी चिकित्सालय में इलाज करवाया। स्वस्थ होने पर रविवार को दोनों डॉक्टरों को गिरफ्तार किया । आरोपियों ने महिला दलाल के जरिये डिकॉय से लिये तीस हजार रुपये बरामद कर लिये । थानाधिकारी के नेतृत्व में सोमवार को दोनों आरोपियों को विशिष्ठ न्यायालय पीसीपीएनडीटी एक्ट की अदालत में पेश किया। इस दौरान उदयपुर की पीसीपीएनडीटी समन्वयक मनीषा भटनागर भी मौजूद थी। दोनों आरोपी चिकित्सकों को पीठासीन अधिकारी मधु शर्मा ने जेल भेजने के आदेश दिये। आरोपी दोनों चिकित्सकों की ओर से इनके अधिवक्ता ने जमानत का प्रार्थना पत्र पेश किया। अभियोजन अधिकारी हेमन्त देथा ने मामला गंभीर प्रकृति का होना बताया। आरोपियों से टीम ने सोनोग्राफी मशीन भी मौके से जब्त की थी। दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद पीठासीन अधिकारी मधुशर्मा ने दोनों डॉक्टर की जमानत अर्जी को नामंजूर कर दिया।
Editorial

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