Pratahkal - Family Tips - Adopt tips to resolve conflicts between children
जिस घर में बच्चें हो, वहां रौनक बनी रहती है लेकिन कई बार यही रौनक उनके आपसी लड़ाई-झगड़े (Fight) के कारण शोर-शराबे में बदल जाती है। बच्चों (Children) में आपस में जितना प्यार देखने को मिलता है, पेरेंट्स (Parents) को उनके उतने ही झगड़े भी सुनने को मिलते हैं। कई बार पेरेंट्स उनके झगड़े को लेकर इतने परेशान हो जाते हैं कि उन्हें अपने बच्चों को कंट्रोल में करना मुश्किल हो जाता है। अगर आप भी अपने बच्चों के झगड़ों से परेशान है तो आज हम आपको ऐसे टिप्स बताएंगे, जिसे अपनाकर बच्चों को बड़ी आसानी से कंट्रोल में कर सकेंगे।
1. पक्षपात न करें
कई बार पेरेंट्स बच्चों को झगड़ने से रोकते हुए कहते हैं कि तुम बड़े हो, तुम्हें समझना चाहिए। ऐसे में बड़े के दिल को ठेस पहुंच सकती है। इसलिए उन्हें समझाते हुए यह देखें कि गलती किसकी है। जिसकी गलती हो उसे डांटने की बजाय प्यार से समझाएं।
2. एक- दूसरे अहमियत बताएं
जब बच्चे आपसे एक-दूसरे की शिकायत (Compliant) करें तो उनकी बात ध्यान से सुने और उन्हें बताएं कि उन्हें डांटने की बजाय इस तरह समझाएं कि जिसकी तुम शिकायत कर रहे हो वह तुमसे प्यार भी तो करता है। उन्हें कहें कि एक-दूसरे झगड़े न आपस में प्यार से रहें ।
3. चिल्लाकर न समझाएं
बच्चों का झगड़ा खत्म करने के लिए उन्हें कभी चिल्ला कर न डांटे, बल्कि उन्हें अपने पास बैठा कर बातों-बातों में समझाएं।
4. थोड़ी देर अलग-अलग कर दें
कई बार बच्चे एक-दूसरे से चिल्ला-चिल्ला झगड़ने लगते हैं। जिससे परेशान पेरेंट्स गुस्से में आकर उन्हें कभी-कभी पीटने लगते हैं। ऐसे में बच्चों का शोर खत्म करने के लिए उन्हें थोड़ी देर के लिए एक-दूसरे से अलग कर दें। उनका गुस्सा शांत होने पर उन्हें अपने पास बैठा कर समझाएं।

Editorial

Editorial

Next Story