Indian Wrestling Federation

नई दिल्ली : भारतीय कुश्ती महासंघ (Indian Wrestling Federation) के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ धरना दे रहीं महिला पहलवानों ने बुधवार को एक बार फिर सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) का रूख किया।
महिला पहलवानों ने अदालत में कहा कि बृजभूषण के खिलाफ दिल्ली पुलिस (Delhi Police) भले ही एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली है, लेकिन अब तक कोई ऐक्शन नहीं लिया है। चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ और जस्टिस पीएस नरसिम्हा (Justice PS Narasimha) की बेंच में पहलवानों के वकील नरेंद्र हुड्डा ने कहा, हमारी शिकायत पर वे कोई भी ऐक्शन नहीं ले रहे हैं। पुलिस ने अब तक सीआरपीसी की धारा 161 के तहत हमारा बयान तक दर्ज नहीं किया है। इस मामले में गुरूवार को भी सुनवाई होनी है। इससे पहले वकीलों ने कहा कि यदि अदालत की अनुमति हो तो हम सीलबंद लिफाफे में इस मामले से जुड़ी कुछ चीजें पेश करना चाहेंगे।
इस पर दिल्ली पुलिस का पक्ष रख रहे सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि याची जो कुछ भी यहां देना चाहते हैं, वे चीजें सीधे पुलिस को भी सौंप सकते हैं। उन्होंने कहा, आखिर ये लोग सीधे पुलिस के पास क्यों नहीं जाते और वहीं पर सब चीजें दिखाते। इस मामले में जांच तो चल ही रही है। इस पर बेंच ने याचिकाकर्ताओं के वकील से कहा कि आपके पास जो कुछ भी है, वह सॉलिसिटर जनरल को सौंप दो ।
पहलवानों के वकील ने सौंपा एक लिफाफा, कुछ नए सबूत ?
जजों की इस सलाह पर वकील नरेंद्र हुड्डा ने कहा कि मैं सामग्री सॉलिसिटर जनरल को सौंप दूंगा, लेकिन ये चीजें पब्लिक डोमेन में नहीं आना चाहिए। डॉक्युमेंट्स सौंपे जाने के बाद कोर्ट ने तुषार मेहता से कहा कि आप ये चीजें मामले की जांच कर रहे अधिकारी के साथ साझा कर सकते हैं। इससे पहले अदालत में 28 अप्रैल को सुनवाई हुई थी, जहां दिल्ली पुलिस ने कहा था कि वह बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ केस दर्ज करेगी। इसके बाद उसी दिन शाम को पुलिस ने मामला दर्ज किया था। बृजभूषण पर महिला पहलवानों ने आरोप लगाया कि उन्होंने 7 लड़कियों का यौन उत्पीड़न किया है। यही नहीं एक नाबालिग के साथ भी गंदी हरकत का आरोप लगाया गया है।
पॉक्सो ऐक्ट समेत पुलिस ने दर्ज किए हैं 2 केस
पुलिस ने इस केस में एक एफआईआर 7 लड़कियों से यौन उत्पीड़न के आरोप में दर्ज की है तो वहीं एक केस पॉक्सो एक्ट में भी अलग से फाइल हुआ है। अदालत ने सुनवाई के दौरान कहा कि पुलिस को पहलवानों की ओर से धमकी मिलने की शिकायत पर भी ध्यान देना चाहिए। पुलिस से अदालत ने 4 मई तक जवाब मांगा है कि उसने अब तक क्या कार्रवाई की है। बता दें कि अप्रैल के आखिरी सप्ताह से ही पहलवान बृजभूषण के खिलाफ जंतर-मंतर पर धरना दे रहे हैं। इन पहलवानों से केजरीवाल (Kejriwal), प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) समेत विपक्ष के कई नेताओं ने मुलाकात भी की है।
Editorial

Editorial

Next Story