CM Ashok Gehlot

जयपुर : भाजपा (BJP) राज के करप्शन के खिलाफ कार्रवाई नहीं करने के मुद्दे पर सचिन पायलट (Sachin Pilot) के अनशन के बाद बुधवार को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (CM Ashok Gehlot) ने पहली बार मीडिया (Media) से बात की। जब उनसे पायलट के अनशन को लेकर सवाल किया गया तो वे इसे टाल गए और कहा कि मेरा लक्ष्य फिलहाल महंगाई से राहत दिलाना है और सेवा करना है। लेफ्ट राइट कहीं ध्यान जाता ही नहीं है। एआईसीसी (AICC) ने ट्वीट किया है कि राज्य स्कीम्स में नेतृत्व दे रहा है, इससे बड़ा सौभाग्य क्या होगा ।
'शिक्षा-स्वास्थ्य मेरी प्रायोरिटी'
गहलोत ने कहा कि शिक्षा और स्वास्थ्य मेरी प्रायोरिटी है। यदि किसी प्रदेश में जनता को शिक्षा और स्वास्थ्य दे दो, तो बाकि काम स्वत: हो जाएंगे। हमने सामाजिक सुरक्षा सेक्टर
(Social security sector)
को भी चुना है। स्वास्थ्य के मामले में हम अभी देश के दूसरे राज्यों से बहुत पीछे हैं। कोरोना से हमने जो शुरूआत की, उसका फायदा लोगों को देना चाहते हैं।
पायलट के आरोपों पर कहा- करप्शन पर कार्रवाई के मामले में राजस्थान अव्वल
वसुंधरा सरकार (Vasundhara government) के भ्रष्टाचार पर कार्रवाई को लेकर सीएम अशोक गहलोत ने कहा कि राजस्थान (Rajasthan) भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करने में सबसे अव्वल है। यहां पर चार पांच आईएएस, आईपीएस (IPS) सहित कितने लोगों पकड़ा है, हिंदुस्तान में ऐसा हुआ क्या ? गहलोत ने कहा, अगर हम ज्यादा छापे डालते हैं तो नेगेटिव सोच वाले लोग हैं, वह कहेंगे कि करप्शन ज्यादा है। इसका मतलब छापे बंद कर दें। यह सोच बहुत गलत है। गौरतलब है कि पायलट ने वसुंधरा सरकार के भ्रष्टाचार
(Corruption)
पर कार्रवाई नहीं होने के आरोप लगाए थे।
2700 महंगाई राहत कैंप लगाए जाएंगे
गहलोत ने कहा, 25 साल पहले जब मैं पहली बार सीएम था, उस वक्त लोगों को सरकारी योजनाओं की जानकारी ही नहीं होती थी। मैं चुनावों के वक्त मीटिंग्स में हाथ खड़े करवाता था तो मुश्किल से स्कीम्स के बारे में कुछ लोगों को पता होता था । हम इसीलिए महंगाई राहत कैंप लगवाकर सरकारी योजनाओं को फायदा दे रहे हैं। पहले फेज में हम 700 कैंप लगा रहे हैं, बाद में 2700 कैंप और लगेंगे।
कर्मचारियों को शेयर मार्केट के भरोसे नहीं छोड़ सकते
गहलोत ने कहा कि ओल्ड पेंशन स्कीम को आप देखिए, विशेषज्ञ मेरे खिलाफ आर्टिकल लिख रहे हैं। ओपीएस इसीलिए लेकर आए कि 35 साल सेवा कराने के बाद उसे मार्केट के भरोसे नहीं छोड़ सकते। लोग को यह विश्वास दिलाना पड़ेगा कि हम उनके साथ खड़े हैं। प्रदेशवासी अगर ठान लें तो 2030 तक देश में हम नंबर वन हो सकते हैं। नागरिक ठान लें तो जीडीपी बढ़ते टाइम नहीं लगता। अकेले से नंबर वन नहीं बनेंगे। प्रदेश के हर नागरिक को भागीदारी निभानी होगी। आज हम बहुत पीछे हैं।
Editorial

Editorial

Next Story