Manish Sisodia

नई दिल्ली : शराब नीति मामले में दिल्ली के उप- मुख्यमंत्री (Deputy chief minister) मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) को सीबीआई (CBI) ने गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी से पहले सीबीआई ने उनसे 8 घंटे पूछताछ की थी। बताया गया है कि आबकारी विभाग के एक आईएएस (IAS) अफसर ने पूछताछ के दौरान सिसोदिया का नाम लिया था। अफसर ने कहा- सिसोदिया ने ऐसी शराब नीति बनाई थी, जिससे सरकार को मुनाफा नहीं हो, व्यापारियों को मोटा फायदा हो। इसी बयान के आधार पर सिसोदिया से पूछताछ की गई थी।
सूत्रों की मानें तो अफसर ने सिसोदिया पर सबूत नष्ट करने का भी आरोप लगाया था। सीबीआई ने सिसोदिया (Sisodia) और अफसर को आमने- सामने बैठाकर पूछताछ की तो उन्होंने कई सवालों के जवाब नहीं दिए। यही सिसोदिया की गिरफ्तारी की वजह बनी। सीबीआई द्वारा बुलाए जाने पर सिसोदिया
(Sisodia)
ने आशंका जताई है कि जांच एजेंसी आज उन्हें गिरफ्तार कर सकती है। उन्होंने आरोप लगाया, भाजपा (BJP) और केंद्र सरकार (Central government) बदला लेने के लिए सीबीआई (CBI) का इस्तेमाल कर रहे हैं और मुझे यकीन है कि वे मुझे गिरफ्तार करवाकर ऐसा करेंगे। इसके साथ ही सिसोदिया ने यह भी आशंका जताई थी कि उन्हें 7-8 महीनों के लिए अंदर जाना होगा। बताया जा रहा है कि मनीष सिसोदिया जब करीब साढ़े ग्यारह बजे सीबीआई के दफ्तर में पहुंचे थे तब उसके बाद उन्हें दोपहर के वक्त लंच के लिए बाहर नहीं जाने दिया गया था। वहीं पर खाना मंगवाया गया था। इसके बाद अब यह साफ हो चुका है कि सिसोदिया को गिरफ्तार किया जा सका है। आगे की प्रक्रिया यह है कि 24 घंटे के अंदर सीबीआई की टीम उन्हें कोर्ट में पेश करेगी और फिर उनका मेडिकल कराया जाएगा। सीबीआई मुख्यालय जाने से पहले घर से निकलने के बाद सिसोदिया पहले राजघाट पहुंचे और फिर वहां से सीबीआई मुख्यालय आए। दिल्ली पुलिस ने आम आदमी पार्टी के विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर सीबीआई मुख्यालय के आसपास सुरक्षा बढ़ाते हुए धारा 144 लागू कर दी है। सिसोदिया से पूछताछ के विरोध में सीबीआई मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन कर रहे 'आप' के कई नेताओं को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में ले लिया।
सूत्रों के हवाले से कुछ मीडिया रिपोर्ट में कहा जा रहा है कि सिसोदिया को कथित शराब घोटाले में सबूत नष्ट करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। मीडिया रिपोर्ट में कहा जा रहा है कि सीबीआई की पूछताछ में कई तरह के सवालों के जवाब सिसोदिया नहीं दे पा रहे थे। कुछ ऐसे सबूत सीबीआई के पास थे जिसे लेकर सिसोदिया से पूछताछ किये गये थे। लेकिन कहा जा रहा है कि सिसोदिया ने इसके जवाब ठीक से नहीं दिये थे। सिसोदिया की गिरफ्तार की लेकर मीडिया रिपोर्ट में कुछ और भी अहम बातें कही जा रही हैं। कहा जा रहा है कि सिसोदिया के खिलाफ जो चार्जशीट दायर की गई है उसमें इस बात का जिक्र है कि 11 मोबाइल फोन का इस्तेमाल सिसोदिया या फिर उनके आसपास के लोगों ने किये थे। बाद में इन मोबाइल फोन्स को नष्ट किया गया था। कहा जा रहा है कि सीबीआई ने बात को गंभीरता से लिया है। सिसोदिया
(Sisodia)
की गिरफ्तारी के बाद आम आदमी पार्टी ने ट्वीट कर लिखा, 'यह लोकतंत्र के लिए काला दिन ।' आप नेता संजय सिंह ने कहा कि मनीष सिसोदिया की गिरफ्तारी तानाशाही की इंतेहा है। आपने एक नेक इंसान और सर्वश्रेष्ठ शिक्षा मंत्री को गिरफ्तार करके अच्छा नहीं किया, भगवान भी आपको माफ नहीं करेगा। एक दिन आपकी तानाशाही का अंत जरूर होगा मोदी जी ।
भाजपा बोली- असली किंगपिन केजरीवाल
दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया को सीबीआई ने शराब घोटाला मामले में गिरफ्तार कर लिया है। इसके बाद सियासी उठापटक तेज हो गई है। एक तरफ आम आदमी पार्टी ने सिसोदिया की गिरफ्तारी को लोकतंत्र के लिए काला दिन बताया है। वहीं, भाजपा ने भी पलटवार किया है। भारतीय जनता पार्टी
(Bharatiya Janata Party)
की तरफ से कहा गया है कि मनीष सिसोदिया तो केवल मोहरा हैं। भाजपा के मुताबिक शराब घोटाले का असली किंगपिन अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) हैं। भाजपा सांसद गौतम गंभीर ने शायराना अंदाज में ट्वीट कर कहा कि गुनाह करके कहाँ जाओगे गालिब, ये ज़मीं ये आसमां सब AAP ही का तो है। वहीं भारतीय जनता पार्टी ने कहा कि एक भी भ्रष्टाचारी जेल में जाने से नहीं बचेगा केजरीवाल। याद रखना । लीकर किंग मनीष सिसोदिया सरकारी पैसों से जासूसी करा रहे हैं। आप नेताओं के एक-एक भ्रष्टाचारी नेताओं की खुलेगी पोल ।
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