bike thieves gang arrested
उदयपुर. नगर संवाददाता | जिले की फतहनगर थाना पुलिस (Fatehnagar Police Station) ने एक बाईक चोर गिरोह (Bike Thief Gang) का खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार करते हुए 22 बाईक को बरामद किया है। इस गिरोह ने 60 बाईक चोरी करना स्वीकारा है। बाईक चोर गिरोह के चार सदस्य फरार चल रहे है, जिनकी तलाश की जा रही है।
एसपी भुवनभूषण यादव ने जिले भर के थानाधिकारियों को दुपहिया वाहन चोरी गिरोह के खुलासे के निर्देश दे रखे है। इसी दौरान एएसपी ग्रामीण प्रियंका व मावली डिप्टी कैलाश कुँवर के नेतृत्व में थानाधिकारी फतहनगर सुरेश चन्द्र को सूचना मिली कि क्षेत्र के कुछ युवक पिछले कुछ दिनों से जमकर खर्चा कर रहे है । इस सूचना पर थानाधिकारी के नेतृत्व में हैड कांस्टेबल बाबूलाल, कांस्टेबल गोविन्दसिंह, सुनील कुमार, दीनदयाल, अशोक कुमार, अशोक कुमार, शैलेन्द्र सिंह, गिरीराज, योगेश, देवेन्द्र सिंह, हरिओम, सुरेश जाट, लोकेश रायकवाल, नेतराम गुर्जर, रामावतार मीणा की टीम ने आरोपी किशन जटिया निवासी सनवाड, यश गिरी उर्फ सानु, सुरेश भील निवासी सनवाड, पंकज जाट निवासी जैवाणा की गतिविधियों पर नजर रखी और आरोपी किशन पुत्र मांगीलाल जटीया निवासी सनवाड फतहनगर, सुरेश पुत्र मांगीलाल भील निवासी सनवाड फतहनगर को गिरफ्तार कर आरोपियों से पूछताछ की तो आरोपियों ने अपने साथी यश गिरी उर्फ सानु पुत्र हरिश गिरी निवासी गांधीनगर चित्तौड़गढ़, सूरज पुत्र दौलतराम प्रजापत निवासी पावटा चौक सब्जी मण्डी चित्तौड़गढ़ के साथ मिलकर बाईक चोरी करना स्वीकार किया। आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने उदयपुर
(Udaipur)
, राजसमन्द व चितौडगढ जिले (Chittaurgarh District) से करीब 60 मोटरसाइकिले चोरी करना स्वीकार किया । इसमें इन आरोपियों के साथ चितौडगढ में माया उर्फ विकास निवासी सैंती चित्तौड़गढ़, संजय जाट निवासी पाखण्ड का खेडा व जगदीश मीणा निवासी निम्बाहेडा के मार्फत बेचना स्वीकार किया । जिस पर टीम ने दबिश देकर यश गिरी उर्फ सानु व सूरज प्रजापत को भी गिरफ्तार किया। इस दौरान भनक लगने पर दूसरे आरोपी फरार हो गए। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 60 बाईक चोरी करना स्वीकार किया है। शेष बाईक की तलाश की जा रही है ।
एक जिले से चोरी कर दूसरे जिले में बेचते
पुलिस के अनुसार आरोपी इतने शातिर है कि ये एक जिले से चोरी कर बाईक को अन्य जिले में बेचते है, ताकी पकड़ में ना आ सकें। आरोपियों ने उदयपुर, राजसमन्द व चितौडगढ से चोरी की गई बाईक को दूसरे जिले में बेची ताकी किसी को पता नहीं चल सकें।
खाना-पीना और मौज करना
आरोपी चारों युवक नाबालिग अवस्था से ही चोरियां कर रहे है। नाबालिग होने पर भी ये बाईक ही चोरी करते थे और बेच देते थे । बालिग होने के बाद भी ये बाईक ही चोरी कर रहे है और औने-पौने दामों में बेच देते है। जिससे जो भी पैसा आता, उससे ये मौज- शौक पूरे करते ।
Editorial

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