National Scouts and Guides Jamboree
जयपुर : पाली जिले के रोहट में 18वीं राष्ट्रीय स्काउट्स एण्ड गाइड्स जम्बूरी (National Scouts and Guides Jamboree) का उद्घाटन बुधवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु (President Droupadi Murmu) ने किया। राष्ट्रपति ने भारत सहित विभिन्न देशों से आए 37 हजार से अधिक स्काउट एवं गाइड का स्वागत करते हुए कहा कि युवाओं के इस सम्मेलन में नायाब जोश एवं ऊर्जा का समागम है। युवाओं की यह सभा मिनी यंग इंडिया है। स्काउट तन-मन से इंसानियत एवं समाज सेवा का काम करते हैं। यह गर्व की बात है कि पूरे देश में सबसे अधिक संख्या में स्काउट साहस एवं वीरता के प्रतीक राजस्थान की भूमि से हैं। राष्ट्रपति ने भारत स्काउट्स एण्ड गाइड्स का ध्वज फहराया। बैण्ड वादन के बीच जम्बूरी परेड का अवलोकन किया।
राष्ट्रपति ने कहा कि भारत स्काउट्स एण्ड गाइड्स संगठन द्वारा लगभग 115 वर्षों से युवाओं को प्रशिक्षित करने का कार्य किया जा रहा है। आजादी से पहले भी महात्मा गांधी (Mahatma Gandhi) सहित अन्य कई लोग इस संगठन के प्रशंसक रहे देश का सबसे बड़ा संगठन चरित्र निर्माण के लिए जो कार्य करता है, वह अद्भुत है। इस संगठन में 63 लाख से अधिक स्काउट एवं गाइड हैं। कठिन अनुशासन एवं आत्मसमर्पण के साथ समाज की सेवा करने के लिए संगठन बधाई का पात्र है। स्काउट एवं गाइड व्यक्तिगत लाभ के लिए नहीं बल्कि समाज के हित के लिए कार्य करते हैं। यह संगठन सार्वभौमिक मूल्यों तथा लोकाचार की भावना को युवाओं में परिपक्व करता है, जो उनकी जीवनपर्यन्त सहायता करती है। कोविड-19
(Covid-19)
महामारी के दौरान भारत स्काउट्स एण्ड गाइड्स ने समाज की सेवा करने में अनुकरणीय साहस का परिचय दिया है। जलवायु परिवर्तन (Climate change) से हो रहे दुष्प्रभावों के तत्काल सुधारात्मक उपाय करने होंगे। अक्षय ऊर्जा को अपनाकर, कार्बन फुटप्रिंट को कम करके और सतत प्रयासों से स्काउट और गाइड अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
स्काउटिंग का विशिष्ट गुण : त्याग और सेवा - राज्यपाल
राज्यपाल कलराज मिश्र (Governor Kalraj Mishra) ने कहा कि राष्ट्रीय जम्बूरी का यह एतिहासिक आयोजन राजस्थान (Rajasthan) में होना महत्वपूर्ण उपलब्धि है। अनुशासन, सेवा और समर्पण से जुड़ा यह संगठन मूलतः वसुधैव कुटुम्बकम की भारतीय संस्कृति से ही जुड़ा है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत
(CM Ashok Gehlot)
ने कहा कि स्काउट-गाइड बनना ही गर्व का विषय है। मैं स्वयं भी बचपन से स्काउटिंग से जुड़ा हूं। यहां अनुशासित रहने, समाज सेवा करने, देश की महान संस्कृति निभाने की सीख मिलती है। अलग-अलग संस्कृति, भाषा और परम्परा वाले देश में राष्ट्रीय जम्बूरी एकता का संदेश दे रही है। स्काउटिंग से आने वाली पीढ़ियों को महान संस्कार मिलेंगे। यह हमारे भविष्य की सबसे बड़ी पूंजी है, जो हमेशा बनी रहेगी। प्रदेश में 12 लाख से अधिक स्काउट्स एण्ड गाइड्स हैं। इन्होंने अनुशासित सिपाही की तरह कार्य कर कोविड (Covid) प्रबंधन में अहम भूमिका निभाई है । समाज इनकी अनुकरणीय सेवाओं को सम्मान देता है। मुख्यमंत्री ने देश के विभिन्न राज्यों तथा घाना, मलेशिया, सउदी अरब, बांग्लादेश, श्रीलंका, मालदीव, नेपाल सहित विभिन्न देशों से आए स्काउट-गाइड और अधिकारियों का स्वागत किया ।
Editorial

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