डूंगरपुर में तस्करी का बड़ा खेल नाकाम: कार की सीटों में तहखाना बनाकर गुजरात भेजी जा रही थी 2.50 लाख की अवैध शराब
राजस्थान के डूंगरपुर में पुलिस ने अवैध शराब तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। चौरासी थाना पुलिस ने नाकाबंदी के दौरान एक गुजरात नंबर की कार की सीटों के नीचे छिपाई गई 2.50 लाख रुपए की अवैध शराब जब्त की है। इस मामले में बाड़मेर निवासी तस्कर धर्माराम को गिरफ्तार किया गया है, जो इस खेप को गुजरात सप्लाई करने जा रहा था। पुलिस की इस कार्रवाई से तस्करों में हड़कंप मच गया है।

राजस्थान के डूंगरपुर जिले में पुलिस ने अवैध शराब तस्करी के खिलाफ चल रहे विशेष अभियान के तहत रविवार को एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। तस्करों की चालाकी और पुलिस की आंखों में धूल झोंकने के मंसूबों को विफल करते हुए चौरासी थाना पुलिस ने गुजरात बॉर्डर के नजदीक एक ऐसी कार को पकड़ा, जिसमें बेहद शातिराना अंदाज में शराब छिपाई गई थी। पुलिस की मुस्तैदी ने बाड़मेर से गुजरात जा रही शराब की इस बड़ी खेप को बीच रास्ते में ही दबोच लिया, जिससे सीमा पार सक्रिय शराब माफियाओं को गहरा झटका लगा है।
घटनाक्रम के अनुसार, डूंगरपुर पुलिस को अपने मुखबिर तंत्र से पुख्ता सूचना मिली थी कि तस्करों द्वारा एक कार के जरिए अवैध शराब की बड़ी खेप गुजरात भेजने की तैयारी की जा रही है। इस सूचना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस टीम ने तत्काल प्रभाव से वैंजा चौकी के पास सीमलवाड़ा रोड पर सघन नाकाबंदी शुरू कर दी। इसी दौरान गुजरात नंबर की एक संदिग्ध स्विफ्ट कार वहां से गुजरी। पुलिस ने जब कार को रुकने का इशारा किया, तो ड्राइवर के चेहरे पर अचानक आई घबराहट और पसीने ने पुलिस का शक यकीन में बदल दिया। कार को रुकवाते ही पुलिस ने चालक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी।
पुलिस ने जब कार की बारीकी से तलाशी ली, तो तस्करों का शातिर दिमाग सामने आया। कार के अंदर सरसरी तौर पर कुछ भी संदिग्ध नहीं दिखा, लेकिन जब सीटों की जांच की गई, तो वहां विशेष रूप से बनाए गए गुप्त स्थानों में विभिन्न महंगे ब्रांड की अंग्रेजी शराब की बोतलें ठूंस-ठूंसकर भरी हुई मिलीं। सीटों के नीचे छिपाकर रखी गई इस अवैध शराब की बाजार कीमत लगभग 2 लाख 50 हजार रुपए आंकी गई है। पुलिस ने मौके से कार चालक धर्माराम, पुत्र महेंद्र कुमार, निवासी सनावड़ा (बाड़मेर) को गिरफ्तार कर लिया।
आरोपी तस्कर धर्माराम से जब शराब परिवहन से जुड़े वैध दस्तावेज और परमिट मांगे गए, तो वह कोई भी कागज प्रस्तुत करने में असमर्थ रहा। इसके पश्चात पुलिस ने आबकारी अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर अवैध शराब और तस्करी में प्रयुक्त स्विफ्ट कार को जब्त कर लिया है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि बाड़मेर निवासी यह तस्कर गुजरात में शराब बंदी का फायदा उठाकर वहां ऊंचे दामों पर शराब खपाने की फिराक में था। पुलिस अब आरोपी से रिमांड पर लेकर यह उगलवाने की कोशिश कर रही है कि शराब का यह जखीरा कहां से लोड किया गया था और गुजरात में इसे किस नेटवर्क के हवाले किया जाना था। डूंगरपुर पुलिस की इस कार्रवाई ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि तस्कर चाहे जितनी भी डाल-डाल चलें, कानून के हाथ अंततः उन तक पहुंच ही जाते हैं।

Ruturaj Ravan
यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।
