दिल्ली-NCR में मौसम का यू-टर्न; धूल भरी आंधी के बाद झमाझम बारिश शुरू
मौसम विभाग की चेतावनी के बाद दिल्ली और आसपास के उपनगरों में 100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं, जिससे बिजली कटौती और जलभराव की समस्या खड़ी हो गई है।

नई दिल्ली के कर्तव्य पथ पर आंधी और बारिश के बाद मौसम सुहावना होने पर घूमते लोग, जहां तेज हवाओं के कारण दिल्ली-एनसीआर के कई इलाकों में सड़क यातायात पर असर पड़ा है।
Delhi NCR dust storm and heavy rain : राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों (NCR) में शनिवार की शाम मौसम ने ऐसा खौफनाक यू-टर्न लिया कि पल भर में पूरी तस्वीर बदल गई। भीषण गर्मी और लू के थपेड़ों से बेहाल दिल्ली-एनसीआर के लोगों के लिए मौसम विभाग की चेतावनी उस वक्त सच साबित हुई, जब आसमान में अचानक काले बादलों का डेरा जमा और देखते ही देखते धूल भरी भयंकर आंधी ने पूरे इलाके को अपनी आगोश में ले लिया। आंधी के तुरंत बाद शुरू हुई गरज-चमक और झमाझम बारिश ने जहां तपते तापमान को गिराकर लोगों को गर्मी से बड़ी राहत दी, वहीं दूसरी ओर सड़कों पर भयंकर आफत खड़ी कर दी। तेज हवाओं के तांडव के कारण राजधानी के कई मुख्य मार्गों पर विशालकाय पेड़ धराशायी हो गए, जिससे यातायात पूरी तरह ठप हो गया और गाड़ियों के पहिए थम गए।
मौसम का यह रौद्र रूप दीनदयाल उपाध्याय मार्ग से लेकर आईटीओ के व्यस्ततम रास्तों पर साफ देखने को मिला। तेज हवाओं के कारण आईटीओ से भारतीय जनता पार्टी (BJP) मुख्यालय की ओर जाने वाले मुख्य मार्ग पर एक भारी-भरकम पेड़ उखड़कर सीधे सड़क पर आ गिरा। इस हादसे की चपेट में एक चलती गाड़ी भी आ गई, जिससे वाहन को भारी नुकसान पहुंचा है। पेड़ गिरने की इन घटनाओं के बाद इन रास्तों पर आवाजाही को पूरी तरह बंद करना पड़ा, जिसके चलते दफ्तरों से अपने घरों की ओर लौट रहे हजारों कामकाजी लोग बीच रास्ते में ही फंस गए। दक्षिण, पूर्वी, मध्य और उत्तरी दिल्ली के कई इलाकों में मूसलाधार बारिश का सिलसिला जारी है, जबकि नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद जैसे उपनगरों में भी आंधी-तूफान ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने पहले ही इस खराब मौसम को लेकर एक तात्कालिक चेतावनी जारी की थी। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, शाम के समय 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और 80 किलोमीटर प्रति घंटे तक के तेज झोंके आने का अनुमान था, लेकिन देखते ही देखते इन हवाओं ने चक्रवात का रूप ले लिया और हवा की रफ्तार 100 किलोमीटर प्रति घंटे के पार पहुंच गई। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि आसमान में हो रही यह हलचल गर्मी के मौसम के बाद होने वाली प्री-मानसून (मानसून पूर्व) गतिविधियां हैं। हालांकि, तेज हवाओं और मूसलाधार बारिश की जुगलबंदी के कारण दिल्ली के कई रिहायशी इलाकों में बिजली गुल हो गई है और आने वाले समय में पानी की आपूर्ति बाधित होने की भी गंभीर आशंका खड़ी हो गई है।
इस आपातकालीन स्थिति को देखते हुए मौसम विभाग और स्थानीय प्रशासन ने आधिकारिक तौर पर 'येलो अलर्ट' जारी रखते हुए एडवाइजरी जारी की है। ट्रैफिक पुलिस और प्रशासन ने आम लोगों, विशेषकर दोपहिया वाहन चालकों से अपील की है कि वे अगले कुछ घंटों तक बेहद सतर्क रहें और अनावश्यक रूप से घरों से बाहर निकलने से बचें। इसके साथ ही, ऊंचे भवनों पर रहने वाले लोगों को अपनी छतों पर रखे सामान को सुरक्षित बांधने और कमजोर व जर्जर दीवारों से दूर रहने की हिदायत दी गई है। कुछ संवेदनशील और निचले इलाकों में ओलावृष्टि (ओले गिरने) की भी आशंका जताई गई है, जिसके मद्देनजर स्थानीय प्रशासन ने निगरानी तंत्र को पूरी तरह एक्टिव कर दिया है ताकि किसी भी अनहोनी से समय रहते निपटा जा सके।
दिल्ली-एनसीआर में आया मौसम का यह बदलाव इस बात का स्पष्ट संकेत है कि प्रकृति का मिजाज कितनी तेजी से बदल रहा है। पिछले कई दिनों से रिकॉर्ड तोड़ रहे पारे से झुलस रही दिल्ली को इस बारिश ने तात्कालिक सुकून तो जरूर दिया है, लेकिन महज कुछ घंटों की आंधी-बारिश के सामने देश की राजधानी का इंफ्रास्ट्रक्चर एक बार फिर बेबस नजर आया। सड़कों पर लगा लंबा जाम, उखड़े पेड़ और ठप पड़ी बिजली व्यवस्था यह सोचने पर मजबूर करती है कि मानसून के मुख्य दौर के आगमन से पहले हमारी तैयारियां कितनी पुख्ता हैं। अगले दो से तीन घंटों तक मौसम का यह मिजाज ऐसा ही बने रहने का अनुमान है, जिससे स्थिति पर नजर रखना बेहद जरूरी हो गया है।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
