डीग में अरावली पर्वतमाला संरक्षण को लेकर छात्र नेताओं ने दिया ज्ञापन, सुप्रीम कोर्ट से फैसले पर पुनर्विचार की मांग
डीग में कांग्रेस सेवा दल और एनएसयूआई के छात्र नेताओं ने अरावली पर्वतमाला की कटाई के खिलाफ अतिरिक्त जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। सुप्रीम कोर्ट के 20 नवंबर 2025 के आदेश पर पुनर्विचार की मांग करते हुए छात्रों ने पर्यावरणीय नुकसान और स्थानीय जैव विविधता पर पड़ने वाले गंभीर प्रभावों को उजागर किया।

डीग, 22 दिसंबर 2025: अरावली पर्वतमाला की कटाई को लेकर डीग में विरोध की लहर उठी। कांग्रेस सेवा दल के जिला अध्यक्ष भगवान सिंह कोली और एनएसयूआई के छात्र नेता अंकित कोली के नेतृत्व में छात्र नेताओं ने अतिरिक्त जिला कलेक्टर, डीग को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में अरावली पर्वतमाला की सुरक्षा और सुप्रीम कोर्ट द्वारा हाल ही में पारित आदेश पर पुनर्विचार की मांग की गई।
ज्ञापन में उल्लेख किया गया कि 20 नवंबर 2025 को सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया है कि अरावली पर्वतमाला में 100 मीटर से कम ऊँचाई वाली पहाड़ियों की कटाई की अनुमति दी जाएगी और इन्हें खनन mafias को सौंप दिया जाएगा। छात्रों ने इसे गंभीर खतरे के रूप में देखा, क्योंकि अरावली पर्वतमाला राजस्थान की जीवन रेखा मानी जाती है और यह रेगिस्तान के विस्तार को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
छात्र नेताओं ने कहा कि अगर इन पहाड़ियों को धरातल में मिला दिया गया तो इसके दूरगामी पर्यावरणीय परिणाम होंगे। इससे न केवल रेगिस्तान का विस्तार बढ़ेगा और लू की तीव्रता बढ़ेगी, बल्कि भूमि उपजाऊ शक्ति और स्थानीय जैव विविधता भी प्रभावित होगी। उन्होंने विशेष रूप से औषधीय पौधों और वन्य जीवों के आवास के नुकसान की चिंता व्यक्त की।
ज्ञापन में अतिरिक्त जिला कलेक्टर से अनुरोध किया गया कि इसे सुप्रीम कोर्ट तक पहुँचाया जाए और कोर्ट अपने निर्णय पर पुनर्विचार करे। छात्रों ने स्पष्ट किया कि अगर सुप्रीम कोर्ट इस आदेश को संशोधित नहीं करता है, तो वे अरावली पर्वतमाला की सुरक्षा के लिए संघर्ष करने के लिए हर संभव कदम उठाएंगे। ज्ञापन सौंपने के समय दर्जनों छात्र नेता उपस्थित रहे, जिन्होंने अरावली पर्वतमाला के संरक्षण का संकल्प दोहराया।
इस घटना ने डीग में पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय युवाओं की सक्रियता को उजागर किया है। अरावली पर्वतमाला की कटाई को लेकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश और छात्र नेताओं की प्रतिक्रिया अब पूरे राज्य में चर्चा का विषय बन गई है।
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Pooran Prakash Bansal, Deeg
नाम: पूरण प्रकाश बंसल
पद: पत्रकार (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: डीग जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): जिला समाचार, क्राइम (अपराध), प्रशासन, और स्वास्थ्य
परिचय
पूरण प्रकाश बंसल राजस्थान के डीग जिले के एक अत्यंत अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातः काल' समाचार पत्र में एक पत्रकार के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पूरण जी डीग जिले और उसके आसपास के क्षेत्रों से जिला स्तरीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, स्वास्थ्य व्यवस्था और आपराधिक मामलों (क्राइम) की खबरों पर पैनी नजर रखते हैं। क्षेत्र की जनता की समस्याओं को उठाना और खबरों को पूरी प्रामाणिकता के साथ पेश करना उनकी पत्रकारिता की पहचान है।
पत्रकारिता का लंबा अनुभव (Work Experience)
पूरण प्रकाश बंसल जी को मीडिया इंडस्ट्री में दो दशकों से भी अधिक (साल 2004 से) का एक व्यापक और समृद्ध अनुभव है। अपने इस लंबे सफर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े समाचार पत्रों के साथ काम किया है:
- दैनिक जागरण: पत्रकारिता क्षेत्र में लंबा और जमीनी अनुभव।
- राजदूत: वरिष्ठ स्तर पर समाचार कवरेज का अनुभव।
- प्रातः काल: साल 2022 से लगातार 'प्रातः काल' के साथ जुड़कर डीग जिले की कमान संभाल रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी माध्यमिक शिक्षा (10वीं पास) पूरी की है। साल 2004 से लगातार क्षेत्र में सक्रिय रहने के कारण डीग जिले की भौगोलिक, सामाजिक और प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर उनका जमीनी अनुभव किसी भी बड़ी डिग्री से कहीं अधिक मजबूत है।
