आरयूआईडीपी ने मनरेगा श्रमिकों को अधिकारों और सुरक्षा के प्रति किया जागरूक
अंतरराष्ट्रीय श्रम दिवस पर महिला श्रमिकों को लू से बचाव के उपाय, मजदूरी भुगतान और कार्यस्थल पर मिलने वाली सुविधाओं की विस्तृत जानकारी दी गई।

अंतरराष्ट्रीय श्रम दिवस के अवसर पर राजस्थान के बंधा मोड़ के पास मनरेगा कार्यस्थल पर महिला श्रमिकों को संबोधित करते आरयूआईडीपी कैप इकाई के अधिकारी प्रदीप कुमार शर्मा।
राजस्थान नगरीय आधारभूत विकास परियोजना (RUIDP) की सामुदायिक जागरूकता एवं जनसहभागिता इकाई (CAPP) द्वारा अंतरराष्ट्रीय श्रम दिवस के उपलक्ष्य में बंधा मोड़ के पीछे मनरेगा कार्यस्थल पर विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में कार्यरत महिला श्रमिकों ने भाग लेकर अपने अधिकारों, कर्तव्यों और कार्यस्थल पर सुरक्षा मानकों की जानकारी प्राप्त की।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए आरयूआईडीपी की कैप इकाई के सहायक सामुदायिक विकास एवं जेंडर सपोर्ट अधिकारी प्रदीप कुमार शर्मा ने कहा कि किसी भी समाज और राष्ट्र के निर्माण में श्रमिकों का योगदान अतुलनीय है। उन्होंने बताया कि 1 मई का दिन दुनिया भर के मेहनती और समर्पित लोगों को याद करने तथा उनके अधिकारों के प्रति अलख जगाने का दिन है। उन्होंने जोर देकर कहा कि जब श्रमिक जागरूक होगा, तभी वह सशक्त बनेगा।
बढ़ते तापमान और भीषण गर्मी को देखते हुए महिला श्रमिकों को स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने की विशेष सलाह दी गई। कार्यक्रम में बताया गया कि कार्य के दौरान लू (Heat Wave) से बचाव के लिए पर्याप्त पानी पीना, सूती कपड़ों का उपयोग करना और चक्कर या अत्यधिक थकान महसूस होने पर तुरंत छायादार स्थान पर विश्राम करना आवश्यक है। साथ ही कार्यस्थल पर प्राथमिक चिकित्सा किट (First Aid) की उपलब्धता और उसके उपयोग के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के दौरान श्रमिकों को मनरेगा के तहत मिलने वाले उनके संवैधानिक अधिकारों से अवगत कराया गया, जिसमें समय पर मजदूरी का भुगतान सुनिश्चित करना, कार्यस्थल पर पीने के पानी, छाया और बच्चों के लिए पालना घर की सुविधा शामिल है। जॉब कार्ड को अपडेट रखने और पारदर्शिता के लिए डिजिटल हाजिरी के महत्व को भी समझाया गया। इसके साथ ही शर्मा ने श्रमिकों को उनके अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों के प्रति भी सजग रहने का आह्वान किया, ताकि वे सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ प्राप्त कर सकें।
यह कार्यक्रम न केवल जागरूकता का माध्यम बना, बल्कि श्रमिकों को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में सामने आया, जिसने कार्यस्थल पर सुरक्षा, अधिकार और स्वास्थ्य के प्रति सजगता को मजबूत किया।

Pooran Prakash Bansal, Deeg
नाम: पूरण प्रकाश बंसल
पद: पत्रकार (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: डीग जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): जिला समाचार, क्राइम (अपराध), प्रशासन, और स्वास्थ्य
परिचय
पूरण प्रकाश बंसल राजस्थान के डीग जिले के एक अत्यंत अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातः काल' समाचार पत्र में एक पत्रकार के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पूरण जी डीग जिले और उसके आसपास के क्षेत्रों से जिला स्तरीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, स्वास्थ्य व्यवस्था और आपराधिक मामलों (क्राइम) की खबरों पर पैनी नजर रखते हैं। क्षेत्र की जनता की समस्याओं को उठाना और खबरों को पूरी प्रामाणिकता के साथ पेश करना उनकी पत्रकारिता की पहचान है।
पत्रकारिता का लंबा अनुभव (Work Experience)
पूरण प्रकाश बंसल जी को मीडिया इंडस्ट्री में दो दशकों से भी अधिक (साल 2004 से) का एक व्यापक और समृद्ध अनुभव है। अपने इस लंबे सफर में उन्होंने देश और राज्य के कई बड़े समाचार पत्रों के साथ काम किया है:
- दैनिक जागरण: पत्रकारिता क्षेत्र में लंबा और जमीनी अनुभव।
- राजदूत: वरिष्ठ स्तर पर समाचार कवरेज का अनुभव।
- प्रातः काल: साल 2022 से लगातार 'प्रातः काल' के साथ जुड़कर डीग जिले की कमान संभाल रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी माध्यमिक शिक्षा (10वीं पास) पूरी की है। साल 2004 से लगातार क्षेत्र में सक्रिय रहने के कारण डीग जिले की भौगोलिक, सामाजिक और प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर उनका जमीनी अनुभव किसी भी बड़ी डिग्री से कहीं अधिक मजबूत है।
